UP Board 10th 12th Result 2026: नहीं है इंटरनेट फिर भी देख सकते हैं नतीजे, बस एक SMS करते ही दिखेगा रिजल्ट
UP Board 10th 12th Result 2026: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद यानी यूपी बोर्ड की परीक्षाओं में शामिल हुए लाखों छात्र-छात्राओं की धड़कनें अब तेज होने लगी हैं. परीक्षा खत्म होने के बाद अब हर किसी को सिर्फ अपने रिजल्ट का इंतजार है. अक्सर देखा गया है कि जिस दिन परिणाम घोषित होते हैं, उस दिन करोड़ों छात्र और उनके माता-पिता एक साथ बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर लॉगइन करते हैं. इतने भारी ट्रैफिक के कारण वेबसाइट अक्सर क्रैश हो जाती है या बहुत धीमी चलने लगती है. ऐसे में छात्रों को अपना रिजल्ट देखने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है और वे मानसिक तनाव का शिकार हो जाते हैं. लेकिन इस बार आपको घबराने की बिलकुल जरूरत नहीं है, क्योंकि आप बिना इंटरनेट के भी अपना रिजल्ट देख सकते हैं.
SMS से चेक कर सकते हैं रिजल्ट
बोर्ड ने इस समस्या का समाधान निकालते हुए SMS के जरिए रिजल्ट चेक करने की सुविधा दी है. इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि आपको किसी साइबर कैफे पर जाने की या इंटरनेट के सिग्नल का इंतजार करने की जरूरत नहीं पड़ेगी. आप अपने साधारण मोबाइल फोन से भी एक छोटा सा मैसेज भेजकर यह जान सकते हैं कि आपने किस विषय में कितने अंक प्राप्त किए हैं. यह प्रक्रिया बहुत ही आसान है और इसे कोई भी छात्र खुद से कर सकता है.
ये है पूरी प्रक्रिया
अगर आप हाईस्कूल यानी 10वीं कक्षा के छात्र हैं और अपना रिजल्ट देखना चाहते हैं, तो आपको अपने फोन के मैसेज बॉक्स में जाकर एक निर्धारित फॉर्मेट में मैसेज टाइप करना होगा. सबसे पहले 'UP10' लिखें, इसके बाद एक स्पेस दें और फिर अपना सात या नौ अंकों वाला रोल नंबर दर्ज करें. उदाहरण के तौर पर अगर आपका रोल नंबर 1234567 है, तो आप 'UP10 1234567' टाइप करेंगे. इस मैसेज को तैयार करने के बाद आपको इसे 56263 नंबर पर भेज देना है.
12वीं कक्षा के छात्रों को ऐसे दिखेंगे नतीजे
इसी तरह, अगर आप इंटरमीडिएट यानी 12वीं कक्षा के छात्र हैं, तो आपको मैसेज में 'UP12' लिखना होगा. इसके बाद स्पेस देकर अपना रोल नंबर टाइप करें. जैसे ही आप यह मैसेज 56263 पर भेजेंगे, कुछ ही सेकंड या मिनटों में बोर्ड की ओर से आपके पास एक रिप्लाई मैसेज आएगा. इस मैसेज में आपका नाम, रोल नंबर, विषयवार अंक और आपका फाइनल स्टेटस लिखा होगा कि आप पास हुए हैं या फेल. यह तरीका उन ग्रामीण इलाकों के छात्रों के लिए वरदान साबित होता है जहां इंटरनेट की कनेक्टिविटी काफी कमजोर रहती है.
सावधानी है जरूरी
SMS के जरिए रिजल्ट चेक करते समय कुछ बातों का खास ध्यान रखना बहुत जरूरी है. सबसे पहले तो अपने एडमिट कार्ड पर लिखे रोल नंबर को दो बार चेक कर लें. अगर रोल नंबर टाइप करने में एक भी अंक की गलती हुई, तो आपका रिजल्ट शो नहीं होगा या किसी और का रिजल्ट दिखाई दे सकता है. दूसरी बड़ी बात यह है कि रिजल्ट वाले दिन देशभर से छात्र मैसेज भेजते हैं, इसलिए कभी-कभी बोर्ड के सर्वर पर लोड होने के कारण मैसेज का जवाब आने में दो से पांच मिनट की देरी हो सकती है. ऐसी स्थिति में बार-बार मैसेज भेजने के बजाय थोड़ा धैर्य रखें.
इन बातों का रखना होगा ध्यान
एक और महत्वपूर्ण बात यह है कि SMS पर मिलने वाला रिजल्ट केवल आपकी तुरंत जानकारी के लिए होता है. इसे आप अपनी मूल मार्कशीट नहीं मान सकते. कॉलेज में एडमिशन या अन्य सरकारी कामों के लिए आपको आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड की गई प्रोविजनल मार्कशीट या फिर अपने स्कूल से मिलने वाली ओरिजिनल मार्कशीट की ही जरूरत पड़ेगी. SMS वाला रिजल्ट केवल इसलिए है ताकि छात्र अपनी जिज्ञासा शांत कर सकें और उन्हें इंटरनेट के लिए भटकना न पड़े.
वेबसाइट और अन्य विकल्प
अगर आपके पास इंटरनेट की अच्छी सुविधा मौजूद है और आप अपनी पूरी मार्कशीट विस्तार से देखना चाहते हैं, तो आप यूपी बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट्स का इस्तेमाल कर सकते हैं. इसके लिए आप upmsp.edu.in या upresults.nic.in पर जाकर अपना रोल नंबर और सुरक्षा कोड डालकर परिणाम देख सकते हैं. इन वेबसाइट्स पर आपको यह भी पता चल जाएगा कि आपको थ्योरी और प्रैक्टिकल में अलग-अलग कितने नंबर मिले हैं.
बेहद सरल है SMS की सुविधा
यूपी बोर्ड दुनिया के सबसे बड़े शिक्षा बोर्डों में से एक है और यहां हर साल करीब 50 लाख से ज्यादा छात्र परीक्षा देते हैं. इतनी बड़ी संख्या में छात्रों का डाटा मैनेज करना एक बड़ी चुनौती होती है. इसलिए बोर्ड हमेशा बैकअप प्लान तैयार रखता है. SMS की यह सुविधा छात्रों को डिजिटल इंडिया के दौर में भी एक सरल और प्रभावी विकल्प प्रदान करती है. सभी छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे रिजल्ट के दिन शांत रहें और अगर वेबसाइट न खुले तो तुरंत SMS वाले इस आसान तरीके को अपनाएं.
मारुति सुजुकी इंडिया का प्रोडक्शन वित्त वर्ष 26 में ऑल-टाइम हाई पर रहा
नई दिल्ली, 23 अप्रैल (आईएएनएस)। मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने गुरुवार को कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में उसने 23.4 लाख यूनिट्स का उत्पादन किया है, जो कि अब तक का सबसे अधिक वार्षिक उत्पादन है।
देश में वार्षिक आधार पर 23 लाख से अधिक यूनिट्स का उत्पादन करने वाली मारुति सुजुकी एकमात्र कार मैन्युफैक्चरिंग कंपनी है।
कंपनी ने बयान में कहा कि वैश्विक स्तर पर सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन की सभी कंपनियों में मारुति सुजुकी इंडिया एक मात्र कंपनी है, जिसने यह उपलब्धि हासिल की है।
कंपनी का उद्देश्य उत्पादन को बढ़ाकर 40 लाख यूनिट्स प्रति वर्ष तक करना है।
मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड के प्रबंध निदेशक और सीईओ, हिसाशी ताकेउची ने कहा, “यह हमारे लिए गर्व का क्षण है, क्योंकि विश्व भर में बहुत कम कंपनियां एक ही देश में इतनी बड़ी मात्रा में उत्पादन करने में सक्षम हैं। मारुति सुजुकी में, हम हमेशा से ऐसे उत्पाद और तकनीकें पेश करने में विश्वास रखते आए हैं जो हमारे ग्राहकों की बदलती जरूरतों और आकांक्षाओं को पूरा करती हैं, जिससे पीढ़ी दर पीढ़ी उनका विश्वास अर्जित होता रहा है।”
कंपनी ने बताया कि डिजायर, फ्रोंक्स, स्विफ्ट, एर्टिगा और बलेनो वर्ष के दौरान सबसे अधिक उत्पादित मॉडल रहे, जिनमें से प्रत्येक ने दो लाख यूनिट का आंकड़ा पार किया।
ताकेउची ने कहा, “इसकी नींव हमारे कर्मचारियों, विक्रेताओं और डीलर भागीदारों के साथ हमारे आपसी विश्वास और दीर्घकालिक सहयोग पर टिकी है। वर्तमान सरकार की नीतिगत व्यवस्था, जैसे जीएसटी 2.0 की शुरुआत, ने बाजार के भरोसे को मजबूत किया और एक महत्वपूर्ण समय में मांग को बढ़ाया, जिससे हमें रिकॉर्ड-उच्च यूनिट उत्पादन करने में मदद मिली।”
वर्तमान में, ऑटोमोबाइल कंपनी हरियाणा के गुरुग्राम, मानेसर और खरखोदा में एक-एक और गुजरात के हंसलपुर में चार विनिर्माण संयंत्र संचालित करती है।
इन संयंत्रों की कुल वार्षिक उत्पादन क्षमता 24 लाख यूनिट है।
क्षमता विस्तार रणनीति के तहत, कंपनी ने मार्च 2026 में गुजरात के सानंद स्थित खोराज औद्योगिक एस्टेट में अपने पांचवें विनिर्माण संयंत्र के लिए भूमि का चयन किया।
पूरी तरह से चालू होने पर, इस संयंत्र की वार्षिक उत्पादन क्षमता 10 लाख यूनिट होगी।
--आईएएनएस
एबीएस/
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