यूपी को मिलने वाली है एक और एक्सप्रेसवे की सौगात, पीएम मोदी 29 अप्रैल को करेंगे लोकार्पण
UP News: उत्तर प्रदेश में राज्य और केंद्र सरकार एक्सप्रेसवे और सड़कों का जाल फैला रही है. जिससे राज्य के विकास को तेज रफ्तार मिल सके. इसी कड़ी में राज्य में एक और एक्सप्रेसवे वाहनों के फर्राटा भरने को तैयार है. जिसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार यानी 29 अप्रैल 2026 को करने वाले हैं. जो एशिया का सबसे बड़ा एक्सप्रेसवे होगा. दरअसल, हम बात कर रहे हैं पश्चिमी उत्तर प्रदेश को पूर्वी उत्तर प्रदेश से जोड़ने वाले एक्सप्रेस वे गंगा एक्सप्रेसवे के बारे में. मेरठ से प्रयागराज तक 594 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अप्रैल को हरदोई जिले के मल्लावां से शुभारंभ करेंगे.
12 जिलों को जोड़ेगा ये एक्सप्रेसवे
बता दें कि ये एक्सप्रेसवे राज्य के 12 जिलो को आपस में जोड़ेगा. जो मेरठ से प्रयागराज तक जाएगा. ये एक्सप्रेसवे रायबरेली जिले में कुल 77.3 किलोमीटर की दूरी तय करता है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रायबरेली में बुधवार को इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे. जिसके लिए जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका ने एसपी रवि कुमार, सीडीओ अंजुलता, एडीएम प्रशासन सिद्धार्थ के साथ जगतपुर थाना क्षेत्र के गोकुलपुर रोझईया इंट्री प्वाइंट का निरीक्षण किया. जहां अभी सफाई का काम चल रहा है.
रायबरेली में बनाए गए हैं दो एंट्री और एग्जिट प्वाइंट
मेरठ से प्रयागराज तक जाने वाले इस एक्सप्रेसवे पर गंगा एक्सप्रेस वे अथॉरिटी ने रायबरेली में गंगा एक्सप्रेस वे के लिए दो एंट्री और एग्जिट प्वाइंट बनाए हैं. इनमें एक एंट्री पॉइंट लालगंज तहसील के एहार गांव में बनाया गया है. जबकि दूसरा एंट्री पॉइंट ऊंचाहार तहसील के जगतपुर थाना क्षेत्र के गोकुलपुर रोझईया में बनाया गया है. ये एक्सप्रेसवे रायबरेली के 77 किमी लंबा होगा जहां दो रेस्ट एरिया और दो टोल प्लाजा बनाए गए हैं.
इसके अलावा व्यापारिक गतिविधियों के लिए रायबरेली के ऊंचाहार में 200 एकड़ का इंडस्ट्रियल कॉरिडोर भी बनाया गया है. एक्सप्रेस वे पर होने वाले सड़क हादसों को देखते हुए रोड के दोनों तरफ ढाई मीटर की दूरी पर रंबल स्ट्रिप बनाई गई है. जिससे हादसों को रोका जा सके.
हर किलोमीटर पर लगाए गए हैं सीसीटीवी
रायबरेली में गंगा एक्सप्रेस वे का निर्माण सेम इंडिया ने किया है. सेम इंडिया के प्रशासनिक अधिकारी अनिल पूनिया ने कहा कि एक्सप्रेसवे सुरक्षा की दृष्टि से दूसरे एक्सप्रेसवे से बेहतर है. उन्होंने कहा कि इ, एक्सप्रेसवे पर हर किलोमीटर पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. जबकि हर 10 किलोमीटर पर स्पीडोमीटर लगाए गए हैं. उन्होंने बताया कि सीसीटीवी कैमरा और स्पीडोमीटर की निगरानी के लिए इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम बनाया गया है. ऐसे में अगर कोई हादसा या दुर्घटना होती है तो बहुत जल्द क्रेन आदि की व्यवस्था की जा सकेगी. साथ ही घायलों को भी तुरंत इजाल के लिए अस्पताल भेजा जा सकेगा.
ये भी पढ़ें: 'यूपी में खत्म हुआ माफियाराज', सिपाही पासिंग आउट परेड में बोले CM योगी आदित्यनाथ
बदायूं में भी तैयारियां तेज
इसके साथ ही बदायूं में भी इसको ले तैयारियां तेज हैं. जनपद के बिनावर कस्बे के एग्जिट पॉइंट पर बुधवा को एक कार्यक्रम का आयोजन होगा. बदायूं जनपद में गंगा एक्सप्रेस लगभग 92 किलोमीटर लंबा है जोकि इस एक्सप्रेसवे के सबसे बड़े एरिये से गुजर रहा है. इसमें मुख्य रूप से बनकोटा, बिनाबर,और पापड़ के पास 3 इंटरचेंज बनाए गए हैं. बिनाबर और दातागंज के पास 269 एकड़ में औद्योगिक गलियारा विकसित किया जा रहा है. घटपुरी के पास मेन्युफेक्चरिंग कलस्टर बनाया जा रहा है कि जो बरेली-मथुरा NH-21 के साथ कनेक्टिविटी प्रदान करेगा.
ये भी पढ़ें: UP Assembly Elections 2027: योगी के नेतृत्व में यूपी विधानसभा चुनाव लड़ेगी बीजेपी, नितिन नवीन का बड़ा ऐलान
फायरिंग वाले वीडियो में जोरदार आवाज के बाद सुरक्षित स्थान पर ले जाए गए राष्ट्रपति ट्रंप
वाशिंगटन, 26 अप्रैल (आईएएनएस)। अमेरिका के व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान हुई गोलीबारी की घटना के दो वीडियो सामने आए हैं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक वीडियो साझा किया है, जिसमें सुरक्षा अधिकारी हमलावर को काबू में करते नजर आ रहे हैं। वहीं, अमेरिकी मीडिया द्वारा जारी एक अन्य वीडियो में दिखाया गया है कि घटना के तत्काल बाद ट्रंप को सुरक्षित स्थान पर कैसे ले जाया गया और उस समय बॉलरूम के भीतर अफरा-तफरी का माहौल कैसा था।
आरोपी की पहचान लॉस एंजिल्स के रहने वाले 31 साल के कोल टॉमस एलन के तौर पर हुई है। कोल तेजी से भागता हुआ बॉलरूम की तरफ जाता है, तभी सुरक्षाकर्मी अलर्ट हो गए और आनन-फानन में उसे कब्जे में लिया।
वहीं वाशिंगटन पोस्ट की तरफ से साझा वीडियो में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप और व्हाइट हाउस की प्रवक्ता कैरोलिन लेविट बात कर रहे होते हैं, तभी जोर की आवाज आती है, जिसके बाद मंच पर बैठे सभी लोग टेबल के नीचे सेफ्टी के लिए चले जाते हैं।
कुछ ही सेकेंड में सुरक्षाकर्मी वहां आकर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप और फर्स्ट लेडी मेलानिया को सुरक्षा घेरे में कवर करके सुरक्षित जगह पर ले जाते हैं। दूसरी तरफ, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस को भी एक सुरक्षा अधिकारी लेकर जाता है।
वहीं आरोपी की अगर बात करें तो कोल टॉमस एलन ने इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। उसने कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, जिसे कैलटेक के नाम से भी जाना जाता है, से ग्रेजुएशन की है।
मेट्रोपॉलिटन पुलिस डिपार्टमेंट के अंतरिम चीफ जेफरी कैरोल के मुताबिक, माना जा रहा है कि आरोपी वॉशिंगटन हिल्टन होटल में गेस्ट था, जहां यह इवेंट हुआ था। आरोपी जिस कमरे में रुका था, पुलिस ने उसे अपनी सुरक्षा में ले लिया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि अंदर क्या है।
कैरोल ने यह भी कहा कि टॉमस एलन के पास एक शॉटगन, एक हैंडगन और कई चाकू थे और जब उसे रोका गया और कस्टडी में लिया गया तो उसने पुलिस अधिकारियों के साथ गोलीबारी की।
अमेरिकी मीडिया सीएनएन ने बताया कि लॉस एंजिल्स के सबअर्ब टॉरेंस में रहने वाले 31 साल के कोल टॉमस एलन के नाम और फोटो से मिलती-जुलती एक लिंक्डइन प्रोफाइल में उसे सी2 एजुकेशन में पार्ट-टाइम टीचर बताया गया है। सी2 एजुकेशन एक टेस्ट की तैयारी और ट्यूशन देने वाली कंपनी है। कंपनी के सोशल मीडिया पोस्ट के मुताबिक, सी2 ने एलन को दिसंबर 2024 में कंपनी का टीचर ऑफ द मंथ चुना था। शनिवार देर शाम सी2 के फोन नंबर पर किसी ने जवाब नहीं दिया।
उनके लिंक्डइन प्रोफाइल के अनुसार, एलन ने 2017 में कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बैचलर डिग्री ली और पिछले साल कैलिफोर्निया स्टेट यूनिवर्सिटी-डोमिंग्वेज हिल्स से कंप्यूटर साइंस में मास्टर डिग्री ली।
फेडरल इलेक्शन कमीशन के रिकॉर्ड के अनुसार, एलन ने अक्टूबर 2024 में कमला हैरिस के प्रेसिडेंशियल कैंपेन के लिए 25 डॉलर का डोनेशन दिया था। कैलटेक में एक स्टूडेंट के तौर पर, व्हीलचेयर के लिए एक प्रोटोटाइप इमरजेंसी ब्रेक बनाने के लिए 2017 में टॉमस एलन को एक लोकल न्यूज रिपोर्ट में कवरेज भी दी गई थी।
एलन ने अपनी लिंक्डइन प्रोफाइल पर खुद को एक वीडियो गेम डेवलपर भी बताया है। सीएनएन ने बताया कि उन्होंने स्टीम गेमिंग प्लेटफॉर्म पर 1.99 डॉलर में बिक्री के लिए बोहरडोम नाम का एक इंडी गेम पब्लिश किया है। फेडरल ट्रेडमार्क रिकॉर्ड के अनुसार, उन्होंने 2018 में गेम के नाम के लिए एक ट्रेडमार्क रजिस्टर किया था।
अपने लिंक्डइन पर टॉमस एलन ने लिखा कि वह अभी एक दूसरा गेम डेवलप कर रहे हैं, जिसका वर्किंग नाम फर्स्ट लॉ है।
--आईएएनएस
केके/एएस
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
























