भारत की कूटनीति बहुत अच्छी, युद्ध के बीच ईरान ने फिर की तारीफ; विदेश नीति से गदगद
भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने अपने ईरानी समकक्ष अब्बास अराघची से बात की थी। उन्होंने जानकारी दी, 'ईरान के विदेश मंत्री अराघची का फोन आया। मौजूदा स्थिति पर चर्चा हुई।' जयशंकर ने कतर के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान बिन जसीम अल थानी से भी रविवार को बात की थी।
क्या अमेरिका और ईरान 45 दिन के युद्धविराम के लिए बातचीत कर रहे? ट्रंप की धमकी के बीच बड़ा खुलासा
अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच तनाव चरम पर है. इस बीच दोनों पक्षों के बीच मध्यस्था की बात सामने आई है. बताया जा रहा है कि अमेरिका, ईरान और क्षेत्रीय मध्यस्थों का एक समूह संभावित 45 दिवसीय युद्धविराम की शर्तों पर बातचीत कर रहा है. ऐसा बताया जा रहा है कि पश्चिम एशिया में युद्ध को समाप्त करने का मार्ग प्रशस्त होने में कामयाबी मिल सकती है. एक्सियोस ने राजनयिक प्रयासों की जानकारी रखने वाले चार सूत्रों का हवाला दिया कि पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की के मध्यस्थों के जरिए बातचीत की जा रही है, साथ ही अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के बीच एक गुप्त बातचीत का दौर जारी है.
48 घंटों में समझौता होने की संभावना कम
रिपोर्ट के अनुसार, अगले 48 घंटों में समझौता होने की संभावना कम है. हालांकि, इसे युद्ध को और बढ़ने से रोकने का "अंतिम प्रयास" माना जा रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को ईरान के होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा से खोलने के लिए समझौता करने या विनाशकारी अवसंरचना हमलों का सामना करने के लिए के लिए दी गई अपनी स्वयं तय सीमा को 24 घंटे के लिए बढ़ाया है.
यह पोस्ट ट्रंप के उस संदेश के कुछ घंटों बाद आया है जिसमें उन्होंने लिखा था, “मंगलवार को ईरान में बिजली संयंत्र दिवस और पुल दिवस, दोनों एक साथ मनाए जाने वाले है. ऐसा पहले कभी नहीं होगा! जलडमरूमध्य खोल दे, वरना नरक में जाओगे.”
बिजली संयंत्रों और पुलों को नष्ट कर देंगे
नई समय सीमा में ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान समझौते की बात को नहीं मानता है तो वह देश के बिजली संयंत्रों और पुलों को नष्ट कर देंगे. इसे इस्लामी गणराज्य ने “युद्ध अपराध” बताया है. 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल की बमबारी शुरू होने के बाद ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य के जहाजरानी मार्ग को पूरी तरह से बंद कर दिया है. यह दुनिया के तेल और गैस के लिए काफी अहम मार्ग है.
ईंधन और गैस संकट का सामना कर रहे हैं
इस नाकाबंदी के कारण कई देश में ईंधन और गैस संकट का सामना कर रहे हैं. जिससे दुनिया भर में तेल की कीमतें बढ़ रही हैं. इसके कारण अमेरिका में अहम मध्यावधि चुनाव वर्ष में ट्रंप पर दबाव बढ़ रहा है. डोनाल्ड ट्रंप, जिन्होंने बुधवार को राष्ट्र को संबोधित करने के बाद से कोई सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं किया है, ने एक अमेरिकी वायुसैनिक के नाटकीय बचाव की घोषणा करने और इस्लामी गणराज्य को अपशब्दों से भरी चेतावनी जारी करने के बाद मीडिया संस्थानों को कई संक्षिप्त साक्षात्कार दिए. उन्होंने द वॉल स्ट्रीट जर्नल के साथ एक साक्षात्कार में नए समय की पुष्टि की.
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