आयुर्वेद की जादुई जड़ी-बूटी 'मकोय', जो है त्रिदोषनाशक
नई दिल्ली, 10 मार्च (आईएएनएस)। प्रकृति ने मानव स्वास्थ्य के लिए अनेक औषधीय पौधे दिए हैं। इनमें मकोय एक अत्यंत महत्वपूर्ण जड़ी-बूटी मानी जाती है। यह पौधा भले ही देखने में छोटा-सा लगता है लेकिन इसके औषधीय गुण अत्यंत प्रभावशाली होते हैं।
आयुर्वेद ने इसे अत्यंत गुणकारी और त्रिदोषनाशक बताया है। यह वात, पित्त और कफ को संतुलित करने वाली जड़ी-बूटी है, जो लिवर की रक्षा, सूजन कम करने, पेट के रोगों, पीलिया, चर्म रोगों और बुखार में अत्यंत लाभकारी होती है।
हालांकि, पुराने समय में इसके पके फल, पत्ते और जड़ें औषधीय रूप से उपयोग किए जाते थे। मकोय की तासीर ठंडी होती है। इसके छोटे काले फल और हरे पत्ते शरीर को शीतलता प्रदान करते हैं और विषैले तत्वों को बाहर निकालने में सहायक होते हैं।
इसके छोटे-छोटे काले फल और हरे पत्ते शरीर को ठंडक देते हैं और जहरीले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करते हैं। ग्रामीण इलाकों में लोग सदियों से इसे घरेलू इलाज के रूप में इस्तेमाल करते आ रहे हैं। वहीं, इसके पत्ते, फल, जड़ और तना दवा के काम आते हैं।
सुश्रुत संहिता में इसे काकमाची के नाम से जाना जाता है। उनके अनुसार, इसमें एंटीऑक्सीडेंट और एंटीमाइक्रोबियल गुण पाए जाते हैं, जो शरीर में
दाद-खाज, खुजली और सनबर्न जैसी त्वचा संबंधित समस्याओं से निजात दिलाने में कारगर साबित हो सकते हैं।
इसके पके हुए फल टीबी जैसी बीमारियों में भी फायदेमंद हो सकते हैं। इसके अंदर कैंसर रोधी गुणों वाला फल है, जो ट्यूमर और कैंसर सेल्स के विकास को रोकने में मदद करता है। हाई ब्लड प्रेशर और डायबिटीज में भी यह असरदार है, क्योंकि यह ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करता है।
मकोय के गुणों का वर्णन प्राचीन आयुर्वेदिक ग्रंथों सुश्रुत और चरक संहिता में किया गया है। उनके अनुसार, यह एक ऐसा रसायन है जो शरीर के टॉक्सिन्स को खत्म करता है। हालांकि, इसका सेवन करने से पहले योग्य आयुर्वेदाचार्य या फिर किसी डॉक्टर से एक बार जरूर सलाह लें।
--आईएएनएस
एनएस/पीयूष
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संजू सैमसन ने T20 वर्ल्डकप 2026 में ध्वस्त किए विराट कोहली के 10 रिकॉर्ड्स, इतिहास में पहली बार हुआ ऐसा
Sanju Samson Breaks Virat Kohli Record: टी20 वर्ल्डकप 2026 में टीम इंडिया के विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन का कमबैक किसी सपने से कम नहीं है. 2 हफ्ते के भीतर उनकी किस्मत ने ऐसी पलटी की हर कोई देखना रह गया है. टूर्नामेंट की शुरुआत में उनकी प्लेइंग एलेवन में जगह नहीं बन रही थी, आधा सफर तय होने के बाद जब उनकी वापसी हुई तो भारतीय टीम मुश्किल दौर से गुजर रही थी. दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 स्टेज में हारने के बाद हर मुकाबला नॉट-आउट की शक्ल ले चुका था. ऐसे में संजू सैमसन आए और फिफ्टी की हैट्रिक लगा डाली. उनका यह प्रदर्शन इतना लाजवाब है कि इसके चलते टीम इंडिया के सुपरस्टार बल्लेबाज विराट कोहली के 1 या 2 नहीं बल्कि 10 महारिकॉर्ड टूट गए हैं.
पहला रिकॉर्ड
संजू सैमसन ने टी20 वर्ल्डकप 2026 में सबसे ज्यादा रन बनाने के मामले में तीसरे स्थान पर हैं. वह एक टी20 विश्वकप में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं, इससे पहल यह रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम था, उन्होंने साल 2014 में 319 रन बनाए थे, जबकि संजू ने 321 रनों का आंकड़ा छुया
दूसरा रिकॉर्ड
टी20 विश्वकप के नॉक-आउट मुकाबलों में संजू सैमसन ने दूसरी सबसे बड़ी पारी खेली. सेमीफाइनल और फाइनल में उन्होंने 89 रन की पारी खेली. विराट ने साल 2016 में वेस्टइंडीज के खिलाफ इतने ही रन बनाए थे.
तीसरा रिकॉर्ड
विराट कोहली ने टी20 वर्ल्डकप 2024 के फाइनल में 59 गेंदों में 76 रन बनाए थे, संजू सैमसन फाइनल में 89 रन बनाकर उनसे आगे निकल चुके हैं. इस लिस्ट में तीसरा नाम हेडकोच गौतम गंभीर का है, टी20 वर्ल्डकप 2007 के फाइनल में उन्होंने पाकिस्तान के सामने 75 रन बनाए थे.
चौथा रिकॉर्ड
वेस्टइंडीज के खिलाफ संजू सैमसन की ओर से खेली गई 97 रन की नाबाद पारी टी20 विश्वकप में लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत की तरफ से उच्चतम स्कोर है. इससे पहले विराट कोहली ने टी20 वर्ल्डकप 2016 में वेस्टइंडीज के सामने 89 रन बनाए थे.
पांचवा रिकॉर्ड
टी20 वर्ल्डकप 2016 में वेस्टइंडीज के खिलाफ 89 रन की पारी के दौरान विराट कोहली ने 11 चौके लगाए थे, यह टी20 विश्वकप की एक पारी में किसी भी भारतीय की तरफ से लगाए जाने वाले सबसे ज्यादा चौके थे. अब संजू सैमसन ने 12 चौके लगाकर इस रिकॉर्ड पर भी अपना कब्जा कर लिया है.
- Broke Virat Kohli’s record in the quarterfinal.
— Mahi Patel (@Mahi_Patel_07) March 8, 2026
- Broke Virat Kohli’s record in the semifinal.
- Broke Virat Kohli’s record in the final.
Nah man, Sanju Samson, how did you do this? This is unreal. Even Virat Kohli himself would be proud watching this performance. pic.twitter.com/z6c8Vfyl30
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छठा रिकॉर्ड
साल 2014 में विराट कोहली ने टी20 वर्ल्डकप में लगातार पारियों में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड बनाया था. लेकिन अब संजू सैमसन ने यह कीर्तिमान अपने नाम कर लिया है. उन्होंने वेस्टइंडीज, इंग्लैंड और न्यूज़ीलैंड के खिलाफ क्रमश: 97, 89 और 89 रन की पारियां खेली.
सांतवा रिकॉर्ड
भारत की ओर से टी20 वर्ल्डकप के नॉक-आउट मुकाबलों में संजू सैमसन सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं. उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में 7 और न्यूज़ीलैंड के सामने फाइनल में 8 छक्के लगाए. इससे पहले ये रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम था.
आंठवा रिकॉर्ड
टी20 वर्ल्डकप के इतिहास में वेस्टइंडीज के खिलाफ संजू सैमसन अब सबसे बड़ी पारी खेलने वाले बल्लेबाज बन गए हैं. उन्होंने 97 रन नाबाद बनाए, इससे पहले यह रिकॉर्ड विराट कोहली के हिस्से में था. उन्होंने टी20 वर्ल्डकप 2016 के सेमीफाइनल में 89 रन की पारी खेली थी.
नौवा रिकॉर्ड
टी20 वर्ल्डकप 2012 में विराट कोहली ने कुल 146 मिनट बल्लेबाजी की थी, इस रिकॉर्ड को बेहतर करते हुए संजू सैमसन उनसे आगे निकल गए हैं. वेस्टइंडीज के खिलाफ मुकाबले में वह नाबाद लौटे तो वहीं सेमीफाइनल और फाइनल में 12वें ओवर के बाद आउट हुए.
दसवां रिकॉर्ड
भारत और वेस्टइंडीज का मुकाबला कोलकाता के ईडन गार्डन्स में खेला गया था. संजू सैमसन ने इस मैच में 97 रन की पारी खेलकर टी20 विश्वकप में कोलकाता के मैदान पर सबसे बड़ी पारी खेलने वाले भारतीय बन गए. इससे पहले यह रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम था, उन्होंने साल 2016 में नाबाद 89 रन बनाए थे.
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