अगर ईरान ने प्रस्ताव किया मंजूर तो संघर्ष होगा खत्म : ट्रंप
वाशिंगटन, 6 मई (आईएएनएस)। अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान उनके प्रस्ताव को मान लेता है तो संघर्ष विराम मुमकिन है। इसके साथ ही चेतावनी भरे अंदाज में ये भी कहा कि अगर नहीं माना तो बड़े आक्रमण के लिए तैयार रहे।
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पोस्ट में लिखा कि अगर ईरान पहले से तय शर्तों को मान लेता है, तो एपिक फ्यूरी खत्म हो जाएगा। इसके बाद लागू “ब्लॉकेड (नौसैनिक नाकेबंदी) के जरिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को सभी देशों के लिए खुला रखा जाएगा, जिसमें ईरान भी शामिल होगा।
इसके साथ ही चेतावनी दी कि अगर ईरान सहमत नहीं होता, तो बमबारी शुरू हो सकती है, और वह पहले से कहीं ज्यादा तीव्र होगी।
ट्रंप की ये नई पोस्ट प्रोजेक्ट फ्रीडम पर लगी रोक के बाद सामने आई है। अमेरिका ने इस अभियान का मकसद होर्मुज में फंसे वाणिज्यिक जहाजों को सुरक्षित अपनी निगरानी में बाहर निकालना बताया था। होर्मुज ईरान-अमेरिका के तनाव का अहम कारण है। रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने पेंटागन कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में दावा किया था कि मानवता की रक्षा के लिए अमेरिका ये अहम कदम उठा रहा है।
ये बयान विदेश मंत्री मार्को रुबियो के उस बयान के बाद सामने आया है जिसमें उन्होंने प्रेस के सामने दावा किया कि ऑपरेशन एपिक फ्यूरी खत्म हो गया है क्योंकि अमेरिका ने इस ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के उद्देश्यों को हासिल कर लिया है। साथ में कहा कि अमेरिका ऐसे हालात दोबारा नहीं चाहता और शांति का रास्ता अपनाना चाहता है।
एपिक फ्यूरी ईरान के खिलाफ अमेरिका के सैन्य हमले को नाम दिया गया था। इजरायल के साथ मिलकर अमेरिका ने तेहरान पर बमबारी की थी। 28 फरवरी 2026 से ईरान के खिलाफ चलाया जा रहा एक प्रमुख सैन्य अभियान था। दोनों ने ईरान के परमाणु कार्यक्रमों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया था, जिसके बाद अब इसे सफल बताते हुए रोक दिया गया।
--आईएएनएस
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Mamata Banerjee Press Conference: दीदी का घर अब नहीं रहा नो एंट्री जोन, देखिए अब कैसा है माहौल?
Mamata Banerjee Press Conference: पश्चिम बंगाल की राजनीति में कालीघाट का इलाका हमेशा से सत्ता का केंद्र रहा है. इसी इलाके की एक संकरी गली में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का पुश्तैनी घर है. मुख्यमंत्री होने के बावजूद ममता बनर्जी ने कभी सरकारी आवास का रुख नहीं किया और हमेशा अपने इसी छोटे से घर में रहना पसंद किया. लेकिन उनकी सुरक्षा के कारण इस पूरे इलाके को एक अभेद्य किले में बदल दिया गया था. अब चुनाव परिणाम आने के बाद यहां की तस्वीर पूरी तरह बदल गई है. ममता बनर्जी के घर के बाहर जो भारी भरकम सुरक्षा घेरा था, उसे अब हटा लिया गया है.
अभेद्य किले से आम गली तक का सफर
कालीघाट मंदिर के ठीक आगे वाली गली जो ममता बनर्जी के घर की तरफ जाती है, वहां सालों से कड़ा पहरा था. सुरक्षा के नाम पर यहां एडवांस ऑटोमेटेड स्टील गेट लगाए गए थे और तीन स्तरों पर बैरिकेडिंग की गई थी. आम आदमी का इस गली में प्रवेश लगभग वर्जित था. केवल गली में रहने वाले लोग ही पैदल आ-जा सकते थे, लेकिन उनके लिए भी कड़े नियम थे. अब चुनाव के बाद इन सभी बंदिशों को हटा दिया गया है. वो स्टील गेट जो हमेशा बंद रहते थे, उन्हें अब खोल दिया गया है और सारे बैरिकेड्स सड़क के किनारे समेट कर रख दिए गए हैं.
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