पेट्रोकेमिकल प्रोडक्ट्स पर इंपोर्ट ड्यूटी खत्म:अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग के बीच सरकार का फैसला; प्लास्टिक, टेक्सटाइल और ऑटो सेक्टर को फायदा
केंद्र सरकार ने बुधवार यानी 1 अप्रैल को चुनिंदा क्रिटिकल पेट्रोकेमिकल प्रोडक्ट्स पर लगने वाली बेसिक कस्टम्स ड्यूटी को पूरी तरह से माफ कर दिया है। यह छूट 30 जून 2026 तक लागू रहेगी। अमेरिका-इजराइल और ईरान युद्ध के बीच में जारी तनाव और ग्लोबल सप्लाई चेन में रुकावटों को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। इसका उद्देश्य घरेलू मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को कच्चे माल की सप्लाई लगातर मिलना और बढ़ती लागत को कम करना है। इंडस्ट्री को सप्लाई चेन की दिक्कतों से बचाना लक्ष्य सरकार की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया है कि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष की वजह से ग्लोबल मार्केट में अनिश्चितता बनी हुई है। इससे पेट्रोकेमिकल फीडस्टॉक और इंटरमीडिएट्स की कीमतों में भारी उछाल आया है और सप्लाई चेन में दिक्कत आई है। इस फैसले से घरेलू उद्योगों पर पड़ने वाले अतिरिक्त आर्थिक बोझ को कम करने में मदद मिलेगी। प्लास्टिक से लेकर दवाओं तक, इन सेक्टर्स को होगा फायदा इन प्रमुख प्रोडक्ट्स पर अब नहीं लगेगी ड्यूटी सरकार ने छूट वाली लिस्ट में कई महत्वपूर्ण रसायनों और कच्चे माल को शामिल किया है। इनमें शामिल हैं: पॉलीमर और इंजीनियरिंग प्लास्टिक भी हुए सस्ते आम तौर पर पैकेजिंग और ऑटो सेक्टर में इस्तेमाल होने वाले पॉलिमर कैटेगरी को भी इस छूट के दायरे में रखा गया है। इसमें पॉलीथीन, पॉलीप्रोपाइलीन, पॉलीस्टाइनिन, पीवीसी (PVC) और पीईटी (PET) चिप्स शामिल हैं। साथ ही एबीएस (ABS) और पॉलीकार्बोनेट जैसे इंजीनियरिंग प्लास्टिक पर भी इंपोर्ट ड्यूटी माफ कर दी है। जून 2026 तक मिलेगी राहत सरकार ने साफ किया है कि यह एक अस्थायी उपाय है जिसे मौजूदा ग्लोबल टेंशन्स को देखते हुए लिया गया है। इस छूट की डेडलाइन 30 जून 2026 तय की गई है। सरकार के सूत्रों का कहना है कि वे जियो पॉलिटिकल हालातों पर नजर बनाए हुए हैं। अगर जरूरत पड़ी तो भविष्य में सप्लाई चेन की स्थिति को देखते हुए और भी कदम उठाए जा सकते हैं। नॉलेज बॉक्स: क्या होता है पेट्रोकेमिकल इंटरमीडिएट? आसान भाषा में समझें तो क्रूड ऑयल या नेचुरल गैस से जो बुनियादी रसायन निकलते हैं, उन्हें रिफाइन करके इंटरमीडिएट्स बनाए जाते हैं। ये सीधे इस्तेमाल नहीं होते, बल्कि इनसे आगे चलकर प्लास्टिक, फाइबर, पेंट और दवाएं बनाई जाती हैं। भारत अपनी जरूरत का एक बड़ा हिस्सा पश्चिम एशिया से इंपोर्ट करता है।
PPF अकाउंट से हर महीने ₹61 हजार की कमाई:₹1.03 करोड़ का फंड भी तैयार हो जाएगा, जानें क्या है इसका 15+5+5 फॉर्मूला
सरकार ने अप्रैल-जून (Q1FY27) के लिए स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में बदलाव नहीं किया है। यानी आपको पहले जितना ही ब्याज मिलता रहेगा। अगर आप रिटायरमेंट के लिए एक स्मार्ट फंड बनाना चाहते हैं तो यह पब्लिक प्रोविडेंट फंड यानी PPF आपके लिए अच्छा ऑप्शन हो सकता है। PPF में निवेश की 15+5+5 रणनीति से आप 25 साल में 1.03 करोड़ का फंड बना सकते हैं। इस रकम पर मिलने वाले ब्याज से हर माह 61 हजार रुपए की पेंशन बना सकते हैं। PPF सबसे भरोसेमंद और सुरक्षित निवेश योजनाओं में से एक है। PPF में 7.1% के गारंटेड ब्याज के साथ निवेश पूरी तरह जोखिम फ्री है। यह ब्याज हर साल कंपाउंड होता है, यानी आपके पैसे पर ब्याज मिलता है और फिर उस ब्याज पर भी ब्याज जुड़ता जाता है। यही कंपाउंडिंग की ताकत PPF को इतना खास बनाती है। इसमें मिलने वाला ब्याज और मेच्योरिटी पर मिलने वाली रकम टैक्स-फ्री होती है। इस स्कीम में आप हर साल न्यूनतम 500 रुपए और अधिकतम 1.5 लाख रुपए तक निवेश कर सकते हैं। सालाना 1.5 लाख निवेश से 15+5+5 फॉर्मूले से 1.03 करोड़ बनेंगे, ब्याज से 65 लाख बनेंगे… पीपीएफ का 15+5+5 फॉर्मूला एक तरह का निवेश प्लान है, जिसमें आप 25 साल तक अपने पैसे को बढ़ने देते हैं। PPF स्कीम का मूल पीरियड 15 साल होता है। लेकिन 15 साल पूरे होने पर आपके पास 3 विकल्प होते हैं। पहला: आप अपना पूरा पैसा निकाल सकते हैं। दूसरा: आप अपना सारा पैसा निकाल लें या फिर 5-5 साल के दो एक्सटेंशन ले लें। आप इन 10 सालों में बिना निवेश किए भी अपना पैसा छोड़ सकते हैं। तीसरा: आप 5-5 साल के लिए निवेश जारी रख सकते हैं। 15 साल बाद 5-5 साल का एक्सटेंशन लीजिए 61,000 रुपए की मंथली इनकम कैसे मिलेगी? 25 साल पूरे होने पर आप अपने PPF खाते में 1.03 करोड़ रुपए के फंड को जारी रख सकते हैं। इस राशि पर आपको हर साल 7.1% का ब्याज मिलता रहेगा। हर साल 7.1% सालाना ब्याज पर लगभग 7.31 लाख रुपए बनेंगे। यानी हर महीने करीब 60,941 रुपए (7.31 लाख ÷ 12) मिलेंगे। खास बात यह है कि आपका मूल फंड 1.03 करोड़ जस का तस बना रहेगा। आपकी नियमित कमाई शुरू हो जाएगी। साल में 1.5 लाख निवेश कर सकते हैं निवेश, ब्याज से लेकर मैच्योरिटी टैक्स फ्री कौन खोल सकता है PPF अकाउंट? कोई भी व्यक्ति किसी पोस्ट ऑफिस या बैंक में अपने नाम पर यह अकाउंट खोल सकता है। इसके अलावा नाबालिग की तरफ से किसी और व्यक्ति द्वारा भी से खाता खोला जा सकता है।
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