Responsive Scrollable Menu

पाकिस्तान में धार्मिक आजादी के हालात चिंताजनक, यूएससीआईआरएफ की वार्षिक रिपोर्ट ने खोली पोल

इस्लामाबाद, 16 मार्च (आईएएनएस)। अमेरिकी सरकार की सलाहकार संस्था यूएससीआईआरएफ (यूनाइटेड स्टेट्स कमीशन ऑन इंटरनेशनल रिलिजियस फ्रीडम) ने अपनी नवीनतम वार्षिक रिपोर्ट में कहा है कि 2025 के दौरान पाकिस्तान में धार्मिक स्वतंत्रता की स्थिति चिंताजनक बनी रही। यह संस्था विदेशों में धार्मिक स्वतंत्रता की निगरानी करती है और अमेरिकी राष्ट्रपति, विदेश मंत्री तथा कांग्रेस को नीतिगत सुझाव देती है।

रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान सरकार ने अपने सख्त ईशनिंदा कानूनों को लागू करना जारी रखा, जिनका असर सभी धर्मों के लोगों पर पड़ा, विशेष रूप से धार्मिक अल्पसंख्यकों पर। अहमदी मुसलमानों और ईसाइयों को निशाना बनाकर किए गए भीड़ के हमले और हिंसा की घटनाओं ने समाज में डर और असहिष्णुता का माहौल और गहरा कर दिया।

जनवरी 2025 में सोशल मीडिया पर कथित तौर पर ईशनिंदा से जुड़ी सामग्री पोस्ट करने के आरोप में चार लोगों को मौत की सजा सुनाने का भी इसमें जिक्र है। रिपोर्ट में कहा गया जनवरी में ही मानसिक रूप से बीमार एक ईसाई व्यक्ति फरहान मसीह को ईशनिंदा और आतंकवाद के आरोपों में जेल भेज दिया गया। हालांकि बाद में उसे बरी कर दिया गया, लेकिन सुरक्षा कारणों से वह अपने गांव वापस नहीं लौट सका।

फरवरी में एक सत्र अदालत ने एक व्यक्ति को मौत की सजा सुनाई, जब तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (टीएलपी) के एक सदस्य ने उस पर धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप लगाया। अगले महीने लाहौर उच्च न्यायालय ने ईशनिंदा के आरोपों से जुड़े जुनैद हफीज की अपील को अपनी केस सूची से हटा दिया। रिपोर्ट के अनुसार, हफीज को 2014 से एकांत कारावास में रखा गया है और 2019 में एक सत्र अदालत ने उसे मौत की सजा सुनाई थी। उसका मामला 2020 से लंबित है।

रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया कि पिछले वर्ष इस्लामी विचारधारा परिषद ने ‘इस्लामाबाद कैपिटल टेरिटरी बाल विवाह निषेध विधेयक’ का विरोध किया था, जिसे पाकिस्तान की नेशनल असेंबली ने सर्वसम्मति से पारित किया था। इस कानून का उद्देश्य बाल विवाह और कम उम्र की लड़कियों के जबरन धर्मांतरण को रोकना था। प्रस्तावित कानून के तहत किसी बच्चे की शादी कराने या उसे मजबूर करने वालों को सात साल तक की जेल हो सकती थी।

यूएससीआईआरएफ के अनुसार, इस विधेयक को “इस्लामी आदेशों के अनुरूप न होने के कारण गैर-इस्लामी” घोषित कर दिया गया। मौलाना फजलुर रहमान के नेतृत्व वाली जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम-फजल ने इसके विरोध में रैलियों का आह्वान किया। वहीं मिली यकजेथी काउंसिल के नेताओं ने भी इसे गैर-इस्लामी और असंवैधानिक बताते हुए इसकी निंदा की।

रिपोर्ट में कहा गया कि धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसक हमले अक्सर बिना सजा के होते रहे और कई मामलों में इन हमलों को जबरन धर्म परिवर्तन के आरोपों से जोड़ा गया। मार्च 2025 में एक मुस्लिम व्यक्ति ने अपने सहकर्मी 22 वर्षीय ईसाई वकास मसीह पर हमला कर उसका गला काट दिया। आरोप था कि उसने ‘अपवित्र हाथों’ से एक इस्लामी धार्मिक पुस्तक को छू लिया था। कुछ दिनों बाद नदीम नाथ नामक एक हिंदू व्यक्ति की गोली मारकर हत्या कर दी गई, क्योंकि उसने इस्लाम स्वीकार करने से इनकार कर दिया था।

रिपोर्ट के मुताबिक, सितंबर में दो बंदूकधारियों ने ईसाई पादरी कामरान नाज पर हमला किया, जब वे इस्लामाबाद में चर्च की प्रार्थना सभा का नेतृत्व करने जा रहे थे। पादरी को पहले भी जान से मारने की धमकियां मिल चुकी थीं और उन पर अफगान शरणार्थियों के बीच धर्म प्रचार करने का आरोप लगाया गया था। पंजाब और सिंध प्रांतों में हिंदू और ईसाई लड़कियों के जबरन धर्म परिवर्तन की घटनाएं पूरे 2025 में सामने आती रहीं।

यूएससीआईआरएफ ने यह भी कहा कि पूरे 2025 के दौरान पाकिस्तानी सरकार ने हजारों अफगान शरणार्थियों को जबरन वापस अफगानिस्तान भेजने के प्रयास जारी रखे। इनमें हजारा शिया समुदाय के लोग भी शामिल थे, जिन्हें तालिबान द्वारा उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है और जिन्हें धर्म-त्यागी माना जाता है।

इससे पहले अमेरिकी विदेश विभाग ने 29 दिसंबर 2023 को धार्मिक स्वतंत्रता के गंभीर उल्लंघनों के आधार पर पाकिस्तान को फिर से ‘विशेष चिंता का देश’ (सीपीसी) घोषित किया था। यूएससीआईआरएफ ने अपनी नई रिपोर्ट में पाकिस्तान सहित 13 देशों—बर्मा, चीन, क्यूबा, इरिट्रिया, ईरान, निकारागुआ, नाइजीरिया, उत्तर कोरिया, रूस, सऊदी अरब, ताजिकिस्तान और तुर्कमेनिस्तान—को दोबारा ‘विशेष चिंता का देश’ घोषित करने की सिफारिश की है।

--आईएएनएस

केआर/

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

ट्रंप ने ईरान को छोड़ अब मदद करने वाले देशों को ही दे डाली चेतावनी, जानें क्यों भड़के?

मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर भड़क गए हैं. अपनी ये भड़ास उन्होंने ईरान पर नहीं बल्कि मदद करने वाले देशों पर निकाली है. जी हां दरअसल ट्रंप  ने NATO के भविष्य को लेकर बड़ा बयान दिया है.  अमेरिकी राष्ट्रपति ने संकेत दिया है कि अगर गठबंधन के सदस्य देश रणनीतिक समुद्री मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा में अमेरिका का साथ नहीं देते हैं, तो इसका असर NATO के भविष्य पर पड़ सकता है.

ब्रिटेन के प्रतिष्ठित अखबार फाइनेंशियल टाइम्स को दिए एक टेलीफोन इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि इस महत्वपूर्ण जलमार्ग से लाभ उठाने वाले देशों को इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भी साझा करनी चाहिए.

‘फायदा लेने वालों को जिम्मेदारी भी निभानी होगी’

डोनाल्ड ट्रंप ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जिन देशों की ऊर्जा आपूर्ति और व्यापार इस समुद्री मार्ग पर निर्भर है, उन्हें इसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने में आगे आना चाहिए. उनकी ये बात चेतावनी के रूप में देखी जा रही है. 

ट्रंप ने कहा, 'यह पूरी तरह उचित है कि जो देश इस जलमार्ग से लाभ उठाते हैं, वे यह सुनिश्चित करने में मदद करें कि वहां कोई खतरा पैदा न हो.'

ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर सहयोगी देशों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिलती है, तो यह NATO के भविष्य के लिए अच्छा संकेत नहीं होगा.

यूक्रेन की मदद का दिया उदाहरण

ट्रंप ने अपने बयान में यूक्रेन का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि रूस के साथ संघर्ष के दौरान अमेरिका ने यूक्रेन की काफी मदद की थी, जबकि उस समय अमेरिका पर ऐसा करने का कोई सीधा दबाव नहीं था. उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि अमेरिका के सहयोगी देश भी जरूरत के समय उसका साथ दें. ट्रंप के अनुसार, अमेरिका लंबे समय से अपने सहयोगियों के लिए खड़ा रहा है, लेकिन कई बार उसे उतना समर्थन नहीं मिलता.

किस तरह की मदद चाहते हैं ट्रंप

जब ट्रंप से पूछा गया कि उन्हें सहयोगी देशों से किस प्रकार की मदद चाहिए, तो उन्होंने संकेत दिया कि इस क्षेत्र में सैन्य सहयोग की आवश्यकता हो सकती है.
उन्होंने विशेष रूप से समुद्री सुरक्षा के लिए माइनस्वीपर जहाजों की तैनाती का जिक्र किया. ये जहाज समुद्र में बिछाई गई बारूदी सुरंगों को खोजकर निष्क्रिय करने का काम करते हैं, जिससे समुद्री मार्ग सुरक्षित रहता है. 

एयरफोर्स वन में भी दोहराया संदेश

राष्ट्रपति ट्रंप ने एयरफोर्स वन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान भी यही बात दोहराई. उन्होंने कहा कि अमेरिका हमेशा NATO सहयोगियों के लिए तैयार रहता है और अब यह देखना दिलचस्प होगा कि कौन-सा देश इस छोटे से प्रयास में अमेरिका का साथ नहीं देता.

उन्होंने यह भी कहा कि सहयोगी देश ईरान से उत्पन्न संभावित खतरों को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं. उनका इशारा खाड़ी क्षेत्र में ड्रोन और समुद्री बारूदी सुरंगों जैसी गतिविधियों की ओर था.

ब्रिटेन को लेकर भी जताई नाराजगी

ट्रंप ने इस मुद्दे पर ब्रिटेन के रुख को लेकर भी असंतोष जताया. उन्होंने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री केर स्टार्मर के साथ हुई बातचीत का जिक्र करते हुए कहा कि अमेरिका ने समर्थन की उम्मीद की थी, लेकिन ब्रिटेन की ओर से तुरंत प्रतिक्रिया नहीं मिली.

ट्रंप ने कहा कि ब्रिटेन को अमेरिका का सबसे पुराना और मजबूत सहयोगी माना जाता है, इसलिए उनसे ज्यादा सक्रिय समर्थन की उम्मीद थी.

बढ़ सकता है वैश्विक तनाव

विशेषज्ञों का मानना है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा को लेकर अमेरिका और उसके सहयोगियों के बीच बढ़ती चर्चा आने वाले समय में वैश्विक राजनीति को प्रभावित कर सकती है. यह समुद्री मार्ग दुनिया की ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है और यहां किसी भी प्रकार का तनाव वैश्विक तेल बाजार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर बड़ा असर डाल सकता है.

यह भी पढ़ें - ट्रंप को ईरान का बड़ा झटका, ये वाले दांव चल कर पलट दी हारी हुई बाजी!

Continue reading on the app

  Sports

मुझे कॉल करो ...काव्या मारन को आ रहे ऑफर, पाकिस्तानी क्रिकेटर को नीलामी में खरीद फंसी सनराइजर्स की मालकिन

काव्या मारन के मालिकाना हक वाली सनराइजर्स टीम ने 1,90,000 पाउंड (करीब 2.34 करोड़ रुपये) में रविवार को लंदन में हुई पहली हंड्रेड नीलामी में चुना. इस फैसले पर भारी विरोध हुआ. यहां तक कि सनराइजर्स लीड्स का एक्स अकाउंट भी कुछ समय के लिए सस्पेंड कर दिया गया. Wed, 18 Mar 2026 13:06:11 +0530

  Videos
See all

'Dhurandhar 2' की कमाई 120 करोड़ का दावा-राम गोपाल वर्मा | #ramgopal #boxoffice #shorts #viralnews #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-18T08:10:32+00:00

Delhi Palam Fire Tragedy Rescue Operation Live: दिल्ली में आग का तांडव | Delhi Palam | Latest News #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-18T08:10:19+00:00

Burj Khalifa | Dubai Live News | बुर्ज खलीफा से ऑन एयर EXCLUSIVE अपडेट | #iranisraelwar #viralvideo #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-18T08:13:12+00:00

Petrol-Diesel Price Hike: भारत में कितना बढ़ेगा पेट्रोल-डीजल का दाम? |Trump | Iran America War |N18G #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-18T08:15:06+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers