क्या करें ये तड़प ही ऐसी है, 1500 फॉर्म छपवाए, लेकिन पहुंच गए 7000 लोग... शादी के लिए नेशनल हाईवे तक लग गई लाइन
Kerala Temple Marriage Camp: केरल के कोझिकोड में जीवनसाथी की तलाश कर रहे करीब 7,000 लोग एक निशुल्क मैट्रिमोनियल कैंप में पहुंचे. आयोजकों ने 1,500 फॉर्म छपवाए थे, लेकिन कुछ ही घंटों में वे खत्म हो गए. इसके बाद 4,000 अतिरिक्त फॉर्म मंगवाने पड़े. भीड़ मंदिर परिसर से निकलकर नेशनल हाईवे तक पहुंच गई. खास बात यह रही कि रजिस्ट्रेशन कराने वालों में करीब 80 फीसदी पुरुष थे.
'हाउस अरेस्ट' के आरोप का किया खंडन, M3M इंडिया ने सोशल मीडिया पर फैलाई खबरों को भ्रामक बताया
M3M इंडिया इस आरोप का पूरी तरह से खंडन किया है कि गुरुग्राम के सेक्टर 65 स्थित 'ट्रम्प टावर्स दिल्ली NCR' के किसी निवासी या उनके परिवार के किसी सदस्य को "हाउस अरेस्ट" (नजरबंद) किया गया था. उनका कहना है कि सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही खबरें भ्रामक है. इसके साथ तथ्यों को गलत तरह से पेश किया गया है. किसी भी निवासी या उनके परिवार के सदस्यों को कभी भी अपने अपार्टमेंट से बाहर निकलने या इमारत के कॉमन एरिया का उपयोग करने से रोका नहीं गया. टॉवर की लिफ्ट हमेशा चालू रहीं. उन्हें बाकी सभी मंजिलों से बुलाया जा सकता था.
सुरक्षा के उपायों को नजरबंदी बताया
M3M इंडिया का दावा है कि सेक्टर 65 ट्रंप टॉवर में कोई भी आवासी को बंधक नहीं बनाया गया. किसी को बाहर जाने और कॉमन ऐरिया में आने-जाने से नहीं रोका गया. टॉवर की लिफ्ट हमेशा से चालू रही. सीढ़ियों पर आने जाने पर कोई रोक नहीं थी. सुरक्षा के लिहाज से आवाजाही पर निगरानी रखी गई थी. टॉवर में निर्माण कार्य जारी रहने से लिफ्ट कॉलिंग की व्यवस्था फ्लैट मालिकों को इस बारे में बता दिया गया था. 50 परिवार बिना परेशान के रह रहे हैं. बावजूद इसके सोशल मीडिया पर सुरक्षा के उपायों को नजरबंदी के रूप में पेश किया गया.
अपार्टमेंट के लिए दो मुख्य लिफ्ट हैं
बताया गया कि इस अपार्टमेंट के लिए दो मुख्य लिफ्ट हैं. फायर और इमरजेंसी एग्जिट के दौर बनी दोनों सीढ़ियां हमेशा से खुली थीं और किसी भी इमरजेंसी या सुरक्षा सुविधा पर कोई रोक नहीं थी. लिफ्ट की यह व्यवस्था सुरक्षा और एक्सेस-कंट्रोल (प्रवेश नियंत्रण) का उपाय थी. इन उन सभी अपार्टमेंट्स पर समान रूप से लागू किया गया. जहां से अभी तक निवास करने नहीं आए. घर के मालिकों की ओर से कराए गए इंटीरियर के काम को लेकर हर दिन 200 से अधिक कर्मचारी टावर में पहुंचते हैं. ऐसे में लिफ्ट को केवल उन मंजिलों पर रुकने को लेकर सक्रिय किया गया था, जहां पर लोग पहले से निवास कर रहे हैं.
कर्मियों की आवाजाही नियंत्रित रही
इस व्यवस्था से आवासीय मंजिलों पर काम करने वाले कर्मियों की आवाजाही नियंत्रित रही. टावर में पहले से रह रहे परिवारों की सुरक्षा और निजता (प्राइवेसी) सुरक्षित रही. घर के मालिक को 3 अक्टूबर 2026 को ईमेल के माध्यम से इस व्यवस्था के बारे में बता दिया गया था. ईमेल में स्पष्ट रूप से लिफ्ट की यह सुविधा केवल उन अपार्टमेंट्स को लेकर चालू है जहां लोग निवास कर रहे हैं. उनके अपार्टमेंट की लिफ्ट ऑपरेटिंग पैनल को तब सक्रिय किया जाएगा, जब वे वहां रहने के लिए तैयार हो जाएंगे. बाकी मंजिल से सीधे लिफ्ट की सुविधा चालू कर दी गई है.
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