ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट बनेगा भारत का 'नया हांगकांग' या पर्यावरण का कब्रिस्तान? NGT की हरी झंडी के बाद उठ रहे सवाल
Great Nicobar Project: भारत सरकार की महत्वाकांक्षी ग्रेट निकोबार परियोजना को राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) से हाल ही में मंजूरी मिल गई है. जिससे अंडमान-निकोबार द्वीपसमूह के इस द्वीप को ग्लोबल व्यापारिक केंद्र में बदलने का मार्ग साफ हो गया है.
इस परियोजना को 'भारत का हांगकांग' करार दिया जा रहा है, क्योंकि यह मलक्का जलडमरूमध्य के निकट स्थित होने से अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और व्यापार के लिए रणनीतिक हब बन सकता है. हालांकि, पर्यावरणविदों और स्थानीय जनजातियों के विरोध के बीच यह फैसला विवादों को भी हवा दे रहा है. आइए ये मामला क्या है आसान भाषा में आपको समझाते हैं.
The National Green Tribunal has cleared the Great Nicobar Project, advancing India’s plan for a transshipment port, airport, township and energy hub near the Malacca Strait to boost maritime connectivity and strengthen India’s strategic presence in the Indo-Pacific. pic.twitter.com/kJmtiKMuAv
— infoindata (@infoindata) February 16, 2026
क्या है ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट
यह परियोजना जिसका आधिकारिक नाम 'ग्रेट निकोबार द्वीप का समग्र विकास' है, करीब 92 हजार करोड़ रुपये की लागत से बनाई जा रही है. इसका मुख्य उद्देश्य ग्रेट निकोबार द्वीप के दक्षिणी छोर पर एक अंतरराष्ट्रीय कंटेनर ट्रांसशिपमेंट टर्मिनल, सैन्य और नागरिक उपयोग वाला हवाई अड्डा, बिजली संयंत्र, नया शहर और पर्यटन सुविधाएं विकसित करना है.
ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट से क्या होगा फायदा
सरकार का दावा है कि इससे भारत विदेशी बंदरगाहों पर निर्भरता कम करेगा और सालाना अरबों रुपये की बचत होगी, क्योंकि वर्तमान में भारत का ज्यादातर ट्रांसशिपमेंट कार्गो सिंगापुर या कोलंबो जैसे विदेशी हब से गुजरता है. यहां व्यापार, पर्यटन और रक्षा सुविधाओं का मिश्रण होगा. यह परियोजना 30 वर्षों में चरणबद्ध तरीके से पूरी होगी. एक रिपोर्ट के अनुसार अनुमान है कि इससे द्वीप की आबादी 6.5 लाख तक पहुंच सकती है, जो वर्तमान में मात्र 8 हजार के आसपास है।
ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट की हांगकांग से तुलना क्यों
विशेषज्ञों के मुताबिक ग्रेट निकोबार की भौगोलिक स्थिति इसे हांगकांग या सिंगापुर जैसा मुक्त व्यापार क्षेत्र बनाने के लिए आदर्श बनाती है. यह द्वीप इंडियन ओशन रीजन में प्रमुख शिपिंग मार्गों के करीब है, जो चीन की 'स्ट्रिंग ऑफ पर्ल्स' रणनीति का सामना करने में भारत की मदद कर सकता है. यही वजह है कि लोग इसे 'नई दिल्ली का हांगकांग जैसा प्रोजेक्ट' बता रहे हैं.
ग्रेट निकोबार प्रोजेक्ट का क्यों हो रहा है विरोध
आलोचक इसे पर्यावरणीय आपदा करार दे रहे हैं. परियोजना से लगभग 9.64 लाख पेड़ कटेंगे, जो यूनेस्को द्वारा घोषित बायोस्फियर रिजर्व को प्रभावित करेगा. बताया जा रहा है कि इससे शॉम्पेन और निकोबारी जैसे आदिवासी समुदायों को बाहरी संपर्क से बीमारियों का खतरा है, जो उनके अस्तित्व को संकट में डाल सकता है. वहीं, द्वीप के भूकंप संवेदनशील क्षेत्र होने से इसके डूबने का भी जोखिम है.
ये भी पढ़ें: 'अंगोला को भी उपलब्ध कराई जा सकती हैं हाई-स्पीड वंदे भारत ट्रेन', आखिर ऐसा क्यों बोलीं राष्ट्रपति मुर्मू?
Gold-Silver Price Today: दो दिन गिरावट के बाद फिर चढ़े सोने-चांदी के दाम, जानें अब क्या हैं आपके शहर में दाम
Gold Price Today: दुनियाभर के बाजार में इनदिनों उठा-पटक देखने को मिल रही है. जिसका असर भारतीय शेयर बाजार के साथ सर्राफा कारोबार में भी देखने को मिल रहा है. भारतीय सर्राफा बाजार में दो दिनों की गिरावट के बाद बुधवार को एक बार फिर से उछाल दर्ज किया गया. इस दौरान सोने की कीमतों में 1600 रुपये तो चांदी 6630 रुपये के उछाल के साथ कारोबार करती दिखी. फिलहाल 22 कैरेट सोने की कीमत 140,928 रुपये प्रति 10 ग्राम तो 24 कैरेट गोल्ड का भाव 153,740 रुपये प्रति दस ग्राम पर ट्रेड कर रहा है. जबकि चांदी की कीमत 237,860 रुपये प्रति किग्रा पर पहुंच गई है.
MCX और विदेशी बाजार में सोने-चांदी का भाव
उधर भारतीय बाजार के मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोने की कीमत 1981 रुपये यानी 1.31 प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ 153,399 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रही है. जबकि चांदी का भाव 8012 रुपये यानी 3.50 प्रतिशत बढ़कर 236,795 रुपये प्रति किग्रा पर पहुंच गया है. वहीं विदेशी बाजार यानी यूएस कॉमेक्स पर सोना 46.40 डॉलर यानी 0.95 प्रतिशत उछाल के साथ 4,952.30 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा है. जबकि चांदी 1.92 डॉलर यानी 2.60 प्रतिशत उछाल के साथ 75.46 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई है.
दिल्ली-मुंबई समेत देश के प्रमुख शहरों में सोने-चांदी की कीमत
| शहर | 22 कैरेट सोना (₹/10 ग्राम) | 24 कैरेट सोना (₹/10 ग्राम) | चांदी (₹/किग्रा) |
|---|---|---|---|
| दिल्ली | 140,388 | 153,150 | 237,380 |
| मुंबई | 140,626 | 153,410 | 237,790 |
| कोलकाता | 140,443 | 153,210 | 237,480 |
| चेन्नई | 141,038 | 153,860 | 238,490 |
| नोएडा | 140,663 | 153,450 | 237,860 |
| गुरुग्राम | 140,635 | 153,420 | 237,360 |
| चंडीगढ़ | 140,809 | 153,610 | 238,200 |
| लखनऊ | 140,663 | 153,450 | 237,860 |
| जयपुर | 140,608 | 153,390 | 237,760 |
| पटना | 140,598 | 153,380 | 237,300 |
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News Nation



















