Gold-Silver Price Today: दो दिन गिरावट के बाद फिर चढ़े सोने-चांदी के दाम, जानें अब क्या हैं आपके शहर में दाम
Gold Price Today: दुनियाभर के बाजार में इनदिनों उठा-पटक देखने को मिल रही है. जिसका असर भारतीय शेयर बाजार के साथ सर्राफा कारोबार में भी देखने को मिल रहा है. भारतीय सर्राफा बाजार में दो दिनों की गिरावट के बाद बुधवार को एक बार फिर से उछाल दर्ज किया गया. इस दौरान सोने की कीमतों में 1600 रुपये तो चांदी 6630 रुपये के उछाल के साथ कारोबार करती दिखी. फिलहाल 22 कैरेट सोने की कीमत 140,928 रुपये प्रति 10 ग्राम तो 24 कैरेट गोल्ड का भाव 153,740 रुपये प्रति दस ग्राम पर ट्रेड कर रहा है. जबकि चांदी की कीमत 237,860 रुपये प्रति किग्रा पर पहुंच गई है.
MCX और विदेशी बाजार में सोने-चांदी का भाव
उधर भारतीय बाजार के मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोने की कीमत 1981 रुपये यानी 1.31 प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ 153,399 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रही है. जबकि चांदी का भाव 8012 रुपये यानी 3.50 प्रतिशत बढ़कर 236,795 रुपये प्रति किग्रा पर पहुंच गया है. वहीं विदेशी बाजार यानी यूएस कॉमेक्स पर सोना 46.40 डॉलर यानी 0.95 प्रतिशत उछाल के साथ 4,952.30 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा है. जबकि चांदी 1.92 डॉलर यानी 2.60 प्रतिशत उछाल के साथ 75.46 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई है.
दिल्ली-मुंबई समेत देश के प्रमुख शहरों में सोने-चांदी की कीमत
| शहर | 22 कैरेट सोना (₹/10 ग्राम) | 24 कैरेट सोना (₹/10 ग्राम) | चांदी (₹/किग्रा) |
|---|---|---|---|
| दिल्ली | 140,388 | 153,150 | 237,380 |
| मुंबई | 140,626 | 153,410 | 237,790 |
| कोलकाता | 140,443 | 153,210 | 237,480 |
| चेन्नई | 141,038 | 153,860 | 238,490 |
| नोएडा | 140,663 | 153,450 | 237,860 |
| गुरुग्राम | 140,635 | 153,420 | 237,360 |
| चंडीगढ़ | 140,809 | 153,610 | 238,200 |
| लखनऊ | 140,663 | 153,450 | 237,860 |
| जयपुर | 140,608 | 153,390 | 237,760 |
| पटना | 140,598 | 153,380 | 237,300 |
5000 साल पुरानी बर्फ से निकला 'सुपर बैक्टीरिया', एंटीबायोटिक्स भी उसके आगे फेल, क्या आएगी नई महामारी?
Killer Superbug: रोमानिया की एक प्राचीन आइस केव में जमी करीब 5000 साल पुरानी बर्फ से वैज्ञानिकों ने ऐसे बैक्टीरिया की खोज की है, जिसने पूरी दुनिया के वैज्ञानिक समुदाय को चिंता में डाल दिया है. यह शोध Romanian Academy के साइंटिस्टों द्वारा किया गया है, जिसमें पाया गया है कि यह प्राचीन बैक्टीरिया आज इस्तेमाल होने वाली 10 आधुनिक एंटीबायोटिक्स पर भी असर नहीं होने देता है. मगर उससे भी बड़ी चिंता की बात वैज्ञानिकों द्वारा बताई गई है कि अगर ये बैक्टीरिया दुनिया में बाहर आ कर फैल जाता है तो तबाही मचा सकता है.
क्या मिला जांच में?
शोधकर्ताओं द्वारा जांच में पाया गया है कि इस बैक्टीरिया में 100 से ज्यादा ऐसे जीन मौजूद हैं, जो इसे एंटीबायोटिक्स से बचने और जीवित रहने की क्षमता देते हैं. यानी मौजूदा दवाइयां इसे खत्म करने में नाकाम साबित हो सकती हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि यह खोज बताती है कि एंटीबायोटिक रेजिस्टेंस कोई नई समस्या नहीं है, बल्कि यह एक हजारों साल पुरानी प्राकृतिक प्रक्रिया हो सकती है.
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साइंटिस्ट ने क्या खुलासे किए?
डेली मेल की रिपोर्ट के अनुसार, इस अध्ययन की लेखिका डॉ. क्रिस्टीना पुरकारिया ने कहा है कि स्कारिसोआरा बर्फ की गुफा से अलग किया गया साइक्रोबैक्टर SC65A.3 जीवाणु उपभेद, अपनी प्राचीन उत्पत्ति के बावजूद, कई आधुनिक एंटीबायोटिक दवाओं के प्रति प्रतिरोध दिखाता है और इसमें 100 से अधिक प्रतिरोध-संबंधी जीन भी मौजूद है. अगर बर्फ पिघलने से ये माइक्रो बैक्टीरिया बाहर आए तो जीनस को प्रभावित कर सकते हैं. ये एक बड़ी वैश्विक चुनौती बन जाएगी.
जलवायु परिवर्तन से जानवरों को भी खतरा
वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि तेजी से बढ़ते जलवायु परिवर्तन के कारण ग्लेशियर और बर्फीले इलाके पिघल रहे हैं. अगर ऐसी प्राचीन बर्फ में मौजूद बैक्टीरिया या अन्य सूक्ष्मजीव बाहर आ जाते हैं, तो वे इंसानों के साथ-साथ जानवरों के लिए गंभीर संक्रमण होने का खतरा पैदा हो सकता है.
अभी कहां स्टोर है बैक्टीरिया?
रिपोर्ट के मुताबिक, फिलहाल यह बैक्टीरिया इनवायरमेंट कंट्रोल लैब में है और आम जनता के लिए तुरंत इससे कोई खतरा नहीं है, लेकिन वैज्ञानिकों का मानना है कि भविष्य में नई बीमारियों या महामारी का एक कारण यह भी हो सकता है.
क्या आएगी कोई नई महामारी?
दरअसल, यह खोज इसलिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि यह एंटीबायोटिक दवाओं के भविष्य पर सवाल खड़े करती है और भविष्य में आने वाली महामारियों का कारण भी बन सकती है. अगर पुराने और प्राकृतिक बैक्टीरिया भी इतनी मजबूत प्रतिरोधक क्षमता रखते हैं, तो आधुनिक चिकित्सा को नई और प्रभावी दवाओं को और अधिक कारगर बनाना होगा.
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