बांग्लादेश: निष्पक्ष चुनाव को लेकर यूनुस सरकार पर दबाव, राजनीतिक दलों ने चेताया
ढाका, 20 जनवरी (आईएएनएस)। बांग्लादेश में आम चुनाव की तारीख नजदीक आते ही अंतरिम सरकार और चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर राजनीतिक दलों का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। हिंसा और अशांति से जूझ रहे देश में विभिन्न दलों ने मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार को चुनाव की पारदर्शिता को लेकर खुली चेतावनियां देना शुरू कर दिया है।
चुनाव में अब केवल कुछ ही दिन शेष हैं, लेकिन राजनीतिक दलों का आरोप है कि मतदान प्रक्रिया को निष्पक्ष ढंग से संचालित नहीं किया जा रहा। गौरतलब है कि यही वे दल हैं, जिन्होंने पहले मिलकर पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के नेतृत्व वाली लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई अवामी लीग सरकार को हटाने में भूमिका निभाई थी। इसके बाद मोहम्मद यूनुस ने सुधारों के वादे के साथ अंतरिम सरकार की कमान संभाली थी। हालांकि, जिन दलों ने कभी अंतरिम सरकार पर भरोसा जताया था, वही अब उसकी निष्पक्षता पर सवाल उठा रहे हैं।
लगातार यह आशंका जताई जा रही है कि चुनाव आयोग (ईसी) तटस्थ नहीं है। राजनीतिक दलों ने चेतावनी दी है कि यदि चुनाव प्रक्रिया से समझौता किया गया तो इसकी पूरी जिम्मेदारी यूनुस सरकार पर होगी।
चाहे बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) हो, जमात-ए-इस्लामी, नेशनल सिटिजन पार्टी (एनसीपी) या अन्य दल- सभी ने आरोप लगाया है कि अंतरिम सरकार चुनाव प्रक्रिया में प्रतिद्वंद्वी दलों को लाभ पहुंचा रही है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एनसीपी के संयोजक नाहिद इस्लाम के नेतृत्व में पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल सोमवार दोपहर मोहम्मद यूनुस से मिला। इस दौरान उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर चुनाव आयोग और प्रशासन की निष्पक्षता नजर नहीं आ रही है।
एनसीपी नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि चुनाव स्वतंत्र और निष्पक्ष नहीं हुए तो इसकी जिम्मेदारी यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार की होगी।
बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए नाहिद इस्लाम ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल ने बीते दो-तीन दिनों की उन घटनाओं को रेखांकित किया, जो आगामी चुनाव और मौजूदा राजनीति पर सवाल खड़े करती हैं। बांग्लादेशी अखबार बोनिक बार्ता के मुताबिक, उन्होंने कहा कि यदि चुनाव आयोग पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाता है तो इससे चुनाव की विश्वसनीयता खत्म हो जाएगी।
नाहिद ने चुनाव आयोग पर बीएनपी के दबाव में दोहरी नागरिकता रखने वालों और कर्जदार उम्मीदवारों को चुनाव लड़ने की अनुमति देने का भी आरोप लगाया।
उन्होंने कहा, “बीएनपी और उसका छात्र संगठन (छात्र दल) चुनाव आयोग के सामने दबाव की राजनीति कर रहा है। बीएनपी के वरिष्ठ नेता आयोग के पास जाकर फैसलों को प्रभावित कर रहे हैं, वह भी आयोग द्वारा अंतिम निर्णय देने से पहले।”
इससे पहले रविवार को कट्टरपंथी इस्लामी दल जमात-ए-इस्लामी के प्रमुख सैयद अब्दुल्ला मोहम्मद ताहेर ने भी मोहम्मद यूनुस से मुलाकात की थी। उन्होंने जमीनी स्तर पर कुछ पुलिस अधीक्षकों (एसपी) और जिलाधिकारियों (डीसी) के कथित पक्षपातपूर्ण रवैये पर चिंता जताई।
--आईएएनएस
डीएससी
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Donald Trump says ‘no going back’ on Greenland takeover plan | BBC News
US President Donald Trump has said he will tell European leaders "we have to have" Greenland at this week's forum in Davos, Switzerland. On social media, Trump shared a message apparently from Emmanuel Macron, in which the French president says: "I do not understand what you are doing on Greenland.” He also shared a message he said was from Nato's secretary general and posted generated images of himself placing an American flag on Greenland. Greenland's prime minister said "we will not let ourselves be pressured", as European allies have rallied to defend the semi-autonomous Danish territory. Meanwhile Trump has also said the UK's plan to hand over sovereignty of the Chagos Islands to Mauritius is an "an act of GREAT STUPIDITY". His administration has previously backed the deal. The UK said it has to hand over the islands because the military base is under threat "after court decisions undermined our position". Subscribe here: http://bit.ly/1rbfUog For more news, analysis and features visit: www.bbc.com/news #Greenland #ChagosIslands #BBCNews
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