उधमपुर: भारतीय सेना और स्थानीय प्रशासन के सहयोग से मैराथन का आयोजन
उधमपुर, 13 सितंबर (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में रविवार की सुबह मैराथन का आयोजन किया गया। उधमपुर में यह अपनी तरह का पहला मैराथन था। इसका आयोजन देविका स्पोर्ट्स इंडिया के तहत, देविका हाफ मैराथन के नाम से किया गया।
इवेंट में भारतीय सेना और स्थानीय प्रशासन ने भी सहयोग दिया। उद्घाटन वरिष्ठ अधिकारियों और विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया ने किया। मैराथन में हर आयु वर्ग के करीब 1,000 धावकों ने हिस्सा लिया। मैराथन को 21-किमी, 10-किमी और 5-किमी की कैटेगरी में बांटा गया था।
विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया ने आईएएनएस से कहा, उधमपुर में पहली बार हमें एक मेगा मैराथन देखने को मिली है। यहां के युवाओं ने इस मैराथन को आयोजित किया है जिसमें इंडियन आर्मी और स्थानीय प्रशासन का भी सहयोग रहा है। इसके अलावा, कई संस्थाओं ने भी इस इवेंट को सफल बनाने के लिए अपने-अपने तरह से सहयोग किया है।
उन्होंने कहा, मैं इस इवेंट की सफलता के लिए आयोजक युवाओं और इसमें सहयोग करने वाली सभी संस्थाओं को धन्यवाद देना चाहता हूं। मैराथन के माध्यम से फिट इंडिया और नशा मुक्त भारत का संदेश दिया गया है।
आईएएनएस से बात करते हुए एक प्रतिभागी ने कहा, यह एक बहुत ही अच्छा प्रयास है। मैराथन में हर आयु वर्ग के लोगों ने बड़े ही उत्साह और रोमांच से भाग लिया, जिसमें प्रशासन का भी अहम सहयोग रहा। इस तरह के मैराथन को सहयोग मिलते रहने से नशा मुक्ति अभियान को बढ़ावा मिलेगा और यह मजबूत होगा।
उन्होंने कहा, मैराथन से समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ती है और लोगों के भी सौहार्द भी बढ़ता है। मैं लोगों से ज्यादा से ज्यादा संख्या में मैराथन में शामिल होने का आग्रह करता हूं। इससे हमारी जीवनशैली बेहतर होती है।
देविका स्पोर्ट्स इंडिया से जुड़े लोगों ने बताया कि इवेंट का मुख्य लक्ष्य समाज के सामान्य लोगों और सेना के बीच बेहतर संवाद स्थापित करना और स्वास्थ्य और नशे के प्रति जागरूकता फैलाना है।
--आईएएनएस
पीएके
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9/11 से पहले भारत भी था ओसामा के निशाने पर! CIA की सीक्रेट फाइलों से बड़ा खुलासा
9/11 के हमले को 25 साल पूरे हो चुके हैं और इसी मौके पर अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA ने एक बड़ा खुलासा करते हुए दर्जनों गोपनीय दस्तावेज सार्वजनिक कर दिए हैं. बताया जा रहा है कि इन दस्तावेजों में एक ऐसी जानकारी सामने आई है जिसने भारत की खुफिया एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 1998 की एक गुप्त रिपोर्ट में भारत का नाम उन देशों में शामिल था जिन्हें अलकायदा प्रमुख ओसामा बिन लादेन अपने हमलों का निशाना बनाना चाहता था.
आखिर यह खुलासा कैसे हुआ?
जानकारी के अनुसार CIA के निदेशक जॉन रैटक्लिफ ने 9/11 हमले की 25वीं बरसी के मौके पर 71 राष्ट्रपति दैनिक ब्रीफिंग दस्तावेज सार्वजनिक किए हैं. एजेंसी ने खुद इसे 9/11 से जुड़े अब तक के सबसे बड़े दस्तावेज खुलासे के तौर पर बताया है. यानी यह कोई मामूली जानकारी नहीं बल्कि अमेरिकी राष्ट्रपति तक पहुंचने वाली सबसे संवेदनशील रिपोर्टों का हिस्सा है.
भारत का नाम किस रिपोर्ट में और कब सामने आया?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 28 अगस्त 1998 को तैयार की गई एक खुफिया रिपोर्ट में भारत और पाकिस्तान समेत मिस्र, अरब प्रायद्वीप के देशों, युगांडा और नाइजीरिया को उन जगहों में गिना गया था जहां बिन लादेन हमले की योजना बना सकता था. हालांकि रिपोर्ट में यह साफ नहीं किया गया कि भारत में किस जगह को निशाना बनाने की सोच थी न ही कोई तारीख या ठोस ऑपरेशनल प्लान इसमें दिया गया है.
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