Responsive Scrollable Menu

UP के स्कूल में 7वीं के छात्र ने खोली ‘मैडम’ की पोल? पुलिस के सामने हुआ कुछ ऐसा, VIDEO वायरल

कानपुर देहात में कक्षा 7 का छात्र स्कूल में पढ़ाई नहीं होने की शिकायत लेकर पुलिस चौकी पहुंच गया। छात्र ने शिक्षिका पर पढ़ाने के बजाय फोन चलाने का आरोप लगाया। पुलिस के स्कूल पहुंचने के बाद शिक्षिका का वीडियो वायरल हो गया।

Continue reading on the app

चीनी समान पर भारत से भिड़ा अमेरिका, ट्रंप के सलाहकार अब कौन सी रिपोर्ट लेकर आ गए?

अमेरिका ने भारत को लेकर एक बड़ा आरोप लगाया है। व्हाइट हाउस की एक रिपोर्ट में भारत को शैडो ट्रांसिपमेंट नेटवर्क का हिस्सा बताया गया है। जिसके जरिए कथित तौर पर चीन के ऊंचे अमेरिकी टैरिफ वाले सामान को तीसरे देशों के रस्ते अमेरिकी बाजार तक पहुंचाया गया। रिपोर्ट्स के मुताबिक इन देशों में कम टेरिफ का फायदा उठाकर चीनी सामान को इस तरह दोबारा रूट किया गया कि उसकी असली उत्पत्ति छिपी रहे और अमेरिकी शुल्क से बचाया जा सके। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के सलाहकार पीटर नवारो की तैयार रिपोर्ट द ग्रेट ट्रांसशिपमेंट स्कैम में संभावित अवैध ट्रांसशिप का अनुमान करीब 60 अरब डॉलर लगाया गया है। इस रिपोर्ट का दावा है कि इस व्यवस्था के कारण अमेरिकी सरकार को टेरिफ से मिलने वाले राजस्व में अरबों डॉलर का नुकसान हुआ और रिपोर्ट में कहा गया कि जिन देशों पर चीनी सामान की री-रूटिंग के जरिए अमेरिकी कानून से बचने में मदद करने का आरोप है उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाने चाहिए। इनमें तत्काल माल रोकना, दंडनात्मक टेरिफ लगाना, प्रतिबंध और जरूरत पड़ने पर अमेरिकी बाजार तक पहुंच खत्म करने जैसे कदम शामिल है। 

इसे भी पढ़ें: सीधे रास्ते पर नहीं चला तो...सिंधु जल संधि पर शहबाज ने भारत को दी खुली धमकी

व्हाइट हाउस की रिपोर्ट के मुताबिक करीब 40 देश इस शैडो ट्रांसिपमेंट नेटवर्क में किसी ना किसी तरह अपनी भूमिका निभा रहे हैं। इन्हें चीनी मूल के सामान को कम टैरिफ वाले रास्ते से अमेरिका पहुंचाने में उनकी भूमिका के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया है। भारत को टिए वन में रखा गया है। इस श्रेणी में कनाडा, जापान, यूरोपीय संघ, इजराइल और मेक्सिको जैसे अमेरिका के कई बड़े व्यापारिक साझेदार शामिल। रिपोर्ट में अमेरिकी वाणिज्य विभाग के आंकड़ों के हवाले से एक अनुमान दिया गया कि 2025 में चीन से अमेरिका जाने वाला करीब 67 अरब डॉलर का सामान मेक्सिको, भारत और वियतनाम जैसे प्रमुख हब के जरिए ट्रांसिप किया गया। रिपोर्ट के मुताबिक इससे करीब 28 अरब डॉलर के टेरिफ राजस्व का नुकसान हुआ। इस रिपोर्ट के मुताबिक इस कथित नेटवर्क की शुरुआत 2018 से जोड़ी गई। 

इसे भी पढ़ें: Delhi Police ने Cyber Fraud गिरोह से जुड़े 4 आरोपियों को यूपी और हरियाणा से पकड़ा

उस समय ट्रंप प्रशासन ने चीन के साथ बढ़ते अमेरिकी व्यापार घाटे को कम करने के लिए चुनिंदा चीनी उत्पादों पर सेक्शन 301 के तहत टेरिफ लगाए थे। रिपोर्ट के मुताबिक इसके बाद चीनी निर्यातकों ने सामान को सीधे चीन से अमेरिका भेजने के बजाय तीसरे देशों के रास्ते भेजना शुरू किया। इन जगहों पर सीमित असेंबली, फिनिशिंग, रिककैपिंग, रीलेबलिंग या दस्तावेजों में बदलाव के जरिए सामान का मूल देश अलग दिखने की स्थिति बनाई जा सकती थी। इस रिपोर्ट में भारत के पुणे, गुजरात चेन्नई कॉरिडोर का जिक्र किया गया। इसमें दावा किया गया कि इलेक्ट्रिक पंप और कंप्रेसर जैसी चीनी सामान की ट्रांसिपमेंट से इस कॉरिडोर को आर्थिक फायदा हुआ। जबकि अमेरिका के ओहायो राज्य के डेटन और कोलंबस जैसे शहर में मौजूद निर्माताओं को नुकसान हुआ। इस रिपोर्ट का सामने आना ऐसे समय में हुआ है जब भारत और अमेरिका के रिश्तों में व्यापार को लेकर तनाव बना हुआ है। 

इसे भी पढ़ें: Vishwakhabram: Putin के Kuril Islands पहुँचते ही भड़क उठीं Sanae Takaichi, Japan-Russia के बीच जोरदार भिड़ंत से दुनिया हैरान

रिपोर्ट जारी होने से छ दिन पहले अमेरिकी सेनेट ने एक ऐसा बिल को 8611 वोटों से मंजूरी दी थी जिसमें रूस से तेल, गैस और अन्य निर्यात खरीदने वाले देशों पर 100% टेरिफ लगाने का अधिकार देने का प्रावधान है। इस बिल में भी चीन, भारत, स्लोवाकिया, हंगरी और अज़र-बैजान को संभावित निशाने के तौर पर शामिल किया गया। इसके प्रायोजकों ने कहा कि इसकी दर इतनी ऊंची होनी चाहिए कि चीन और भारत रूसी तेल खरीद ना पाएं। हालांकि भारत अमेरिका का तनाव और भी वजहों से बढ़ा हुआ है। 

Continue reading on the app

  Sports

IND vs SL 1st Test: Yashasvi Jaiswal के Run Out के बाद KL Rahul और Padikkal ने संभाली भारतीय पारी

 केएल राहुल और देवदत्त पडिक्कल की शानदार बल्लेबाजी से भारत ने यशस्वी जायसवाल के दुर्भाग्यपूर्ण रूप से आउट होने के बावजूद श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट क्रिकेट मैच के शुरुआती दिन शनिवार को यहां लंच तक अपनी पहली पारी में एक विकेट पर 101 रन बनाए। लंच के समय सलामी बल्लेबाज के एल राहुल 32 रन और देवदत्त पडिक्कल 35 रन पर खेल रहे थे। इन दोनों ने दूसरे विकेट के लिए अब तक 16 ओवरों में 54 रन जोड़े हैं।

अगर जायसवाल दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से रन आउट नहीं होते तो भारत के लिए पहला सत्र और अच्छा हो सकता था। जायसवाल गेंदबाज से टकराने के बाद अपना संतुलन खो बैठे और इस बीच राहुल के साथ गफलत में उन्हें अपना विकेट गंवाना पड़ा। दोनों बल्लेबाज आपस में तालमेल नहीं बिठा पाए औरनॉन-स्ट्राइकर छोर पर पहुंच गए। इस कारण 37 गेंदों पर 32 रन बनाने वाले जायसवाल को पवेलियन लौटना पड़ा।

इस झटके के बावजूद टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने वाले भारत की रन बनाने की दर में कोई असर नहीं पड़ा। तेज गेंदबाज लाहिरू कुमारा की एक गेंद राहुल के बल्ले का किनारा लेकर क्षेत्ररक्षक के करीब गिरी लेकिन भारतीय बल्लेबाज का इसी गेंदबाज पर पुल शॉट से चौका लगाना उनके बढ़ते आत्मविश्वास का संकेत था।

भारतीय बल्लेबाजों ने श्रीलंका के तुरुप के इक्के बाएं हाथ के स्पिनर प्रभात जयसूर्या को शुरुआती लय हासिल नहीं करने दी। शानदार फॉर्म में दिख रहे देवदत्त ने उनकी गेंद पर लांग आन पर छक्का जड़ा। राहुल ने भी उनकी गेंद छह रन के लिए भेजी। जयसूर्या, पदार्पण कर रहे ऑफ स्पिनर केशरा नुवांथा और स्पिनर धनंजय डी सिल्वा ने कभी-कभी कुछ उछाल और टर्न हासिल किया, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों को इससे कोई परेशानी नहीं हुई।

Sat, 15 Aug 2026 12:40:21 +0530

  Videos
See all

#shortvideo: '2014 के बाद हमारा 40 देशों के साथ एफटीए अग्रीमेंट हो रहा है' n#PMModiSpeech #IndiaFTAs #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-15T07:37:32+00:00

Iran America War Update : सऊदी में भयंकर हमला! | Mayank Mishar | N18G | Iran Attack | Shorts | #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-15T07:37:55+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers