'नौकरी छोड़ी तो घरवाले बोले- सब सड़क पर आ जाएंगे':कॉमेडियन हर्ष गुजराल ने बताया क्या था जिंदगी का सबसे बड़ा डर
स्टैंड-अप कॉमेडियन हर्ष गुजराल जल्द टीवी शो ‘खतरों के खिलाड़ी 15’ में नजर आएंगे। दैनिक भास्कर से खास बातचीत में हर्ष ने बताया कि असली डर उन्हें ऊंचाई या पानी से नहीं, बल्कि नौकरी छोड़कर फुल-टाइम कॉमेडी में आने से लगा था। उन्होंने कहा कि एक मिडिल क्लास लड़के के लिए पैशन फॉलो करना आसान नहीं होता। सवाल: ‘खतरों के खिलाड़ी’ को लेकर कितना एक्साइटमेंट है? जवाब: एक्साइटमेंट तो बहुत है, लेकिन अभी हमें खुद नहीं पता कि वहां किस तरह के खतरे आने वाले हैं। पानी, आग और हाइट वाले स्टंट तो होंगे ही, लेकिन इस बार थीम ही ‘डर का नया दौर’ है। इसका मतलब है कि कुछ नया जरूर होने वाला है। अब उन नए खतरों से कैसे निपटना है, यह तो वहां जाकर ही पता चलेगा। सवाल: रुबीना दिलाइक जैसी स्ट्रॉन्ग पर्सनैलिटी वाले कंटेस्टेंट्स के बीच खुद को कैसे संभालेंगे? जवाब: ऐसे कंटेस्टेंट्स, जब कुछ बोल रहे हों, तो साइड से निकल जाओ (हंसते हुए)। स्कूल में जब टीचर हमें डांटती थीं, तो हम सुनते रहते थे। मुझे लगता है कि उनका भी अपना सेंस ऑफ ह्यूमर है। सोचने का अपना तरीका है। उनका नेचर ऐसा ही है। हम ऐसे ही हंसते-हंसते शो में जाएंगे और खुशी-खुशी सब निकाल लेंगे, तो मुझे लगता है मजा आने वाला है। सवाल: असल जिंदगी में आपका सबसे बड़ा डर क्या था? जवाब: सच बताऊं तो मुझे सबसे ज्यादा डर करियर को लेकर लगा था। जब 2018 के आसपास मैंने नौकरी छोड़कर फुल-टाइम कॉमेडी शुरू की, तब बहुत डर था। एक मिडिल क्लास लड़के के लिए पैशन फॉलो करना आसान नहीं होता। हर सुबह उठकर यही लगता था कि ‘भाई, सब ठीक चल रहा है ना?’ घर वाले भी कहते थे कि नौकरी चली जाएगी, सैलरी नहीं आएगी, कॉमेडी में कुछ नहीं होगा, सब सड़क पर आ जाएंगे, ये हो जाएगा, वो हो जाएगा, लेकिन जब से मैं फेमस हुआ हूं, कोई सड़क पर निकला नहीं है (हंसते हुए)। सवाल: परिवार का क्या रिएक्शन था जब उन्हें पता चला कि आप ‘खतरों के खिलाड़ी’ करने जा रहे हैं? जवाब: मां ने मेरा हाथ पकड़कर कहा, रहने दो। मैंने कहा, क्यों रहने दूं? देखते हैं वहां क्या होता है। जब मैं अपने शो के लिए जाता हूं, तो मेरी मां कहती हैं, टाइम पर आ जाना। इसमें मम्मी कह रही हैं, बेटा आ जाना (हंसते हुए)। मां पहले से ‘खतरों के खिलाड़ी’ देखती रही हैं। इसलिए उन्हें पता है कि कौन सा स्टंट कितना खतरनाक होता है। कहां पानी है, कहां आग है और क्या-क्या हो सकता है। सवाल: क्या कॉमेडी ने आपको मेंटली स्ट्रॉन्ग बनाया है? जवाब: बिल्कुल। कॉमेडी ने हमें बहुत स्ट्रॉन्ग बनाया है। मेंटली भी और फिजिकली भी। आखिर में जिंदगी भी एक तरह का स्टंट ही है। अगर आप मेंटली स्ट्रॉन्ग हैं, तो मुश्किल चीजें भी आसान लगने लगती हैं। सवाल: शो को लेकर आपकी कॉमेडी फ्रेटरनिटी का क्या रिएक्शन था? जवाब: मेरी फ्रेटरनिटी में सिर्फ अनुभव सिंह बस्सी ही मुझसे बात करते हैं। बाकी सबको अच्छा भी नहीं लग रहा होगा (हंसते हुए)। बस्सी भाई ने पूछा था कि ‘कर पाएगा?’ मैंने कहा- ‘हां भाई, कर लेंगे।’ उसी के कहने पर मैंने थोड़ी ज्यादा बॉडी भी बनाई है।
'ये है मोहब्बतें' की रूही खतरों के खिलाड़ी में दिखेंगी:बोलीं- अब मैं वो छोटी बच्ची नहीं रही; दिव्यांका को मानती हैं आयरन लेडी
टीवी की सबसे प्यारी और मासूम 'रूही' यानी रूहानिका अब बड़ी हो गई हैं। 'ये है मोहब्बतें' में अपनी अदाकारी से करोड़ों दिलों को जीतने वाली रूहानिका अब एक नए अवतार में नजर आने वाली हैं। वह रोहित शेट्टी के शो 'खतरों के खिलाड़ी' के जरिए रियलिटी टीवी की दुनिया में कदम रख रही हैं। दैनिक भास्कर से खास बातचीत में रूहानिका ने अपनी इस नई पारी, अपनी पुरानी 'इमेज' को तोड़ने की कोशिश और इंडस्ट्री के अपने 'मेंटर्स' से मिली सलाह पर खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि कैसे दिव्यांका त्रिपाठी उनके लिए प्रेरणा हैं और क्यों वह खुद को इस शो के लिए एक 'परफेक्ट फिट' मानती हैं। सवाल: रूहानिका, हमने आपको बहुत छोटी उम्र से एक मासूम बच्ची के रूप में देखा है। अब आप 'खतरों के खिलाड़ी' में जा रही हैं। जब आपको इस शो का ऑफर मिला, तो पहला रिएक्शन क्या था? जवाब: सच कहूं तो मैं बहुत ज्यादा एक्साइटेड थी। लोग मुझे आज भी वही छोटी 'रूही' समझते हैं, लेकिन असल जिंदगी में मैं बचपन से ही काफी एथलेटिक रही हूं। मुझे स्पोर्ट्स और फिजिकल एक्टिविटीज बहुत पसंद हैं। मुझे खुद को चैलेंज करना और कंफर्ट जोन से बाहर निकलना हमेशा से भाता है। इसलिए जैसे ही मुझे कॉल आया, मुझे लगा कि मैं 'खतरों' के लिए ही बनी हूं। मम्मी-पापा भी मेरे इस फैसले से बहुत खुश थे। सवाल: बचपन में किन चीजों से डर लगता था और आज सबसे बड़ा डर क्या है? जवाब: डर तो सबको लगता है, आखिर हम इंसान हैं। बचपन में छोटी-मोटी चीजों से डर लगता था, लेकिन जैसे-जैसे हम रिस्क लेना सीखते हैं और चुनौतियों का सामना करते हैं, डर कम होता जाता है। आज मेरे लिए डर का मतलब खुद को बेहतर न बना पाना है। मैं खुद को ग्रो करते हुए देखना चाहती हूं। सवाल: आपने पिछले सीजन्स देखे होंगे, वहां खतरनाक जानवरों से लेकर ऊंचाई तक के स्टंट्स होते हैं। क्या कोई ऐसी चीज है जिसे आप 'अवॉइड' करना चाहेंगी? जवाब: वहां कुछ भी अवॉइड करने का विकल्प नहीं होता (हंसते हुए)। जो भी सामने आएगा, उसे शांत दिमाग से पूरा करने की कोशिश करूंगी। मैं खुद को पुश करने और टास्क खत्म करने के इरादे से जा रही हूं। सवाल: 'ये है मोहब्बतें' के आपके को-स्टार्स अली गोनी और दिव्यांका त्रिपाठी खुद इस शो का हिस्सा रह चुके हैं। उनसे कोई बात हुई? जवाब: हां, बिल्कुल। मैंने अली चाचू, दिव्यांका मैम और ईशी मां (अनीता हसनंदानी) से बात की। उन सबने मुझे बहुत हौसला दिया है। अली चाचू और दिव्यांका मैम ने मुझे इतनी अच्छी सलाह दी कि अब मैं पूरी तरह तैयार महसूस कर रही हूं। उनकी बातों ने मेरा कॉन्फिडेंस बढ़ा दिया है। सवाल: क्या कोई ऐसा कंटेस्टेंट है जिससे आप सबसे ज्यादा इंस्पायर होती हैं? जवाब: दिव्यांका मैम! मैंने पहले भी कहा है और फिर कहूंगी वह महिला 'स्टील' की बनी हैं। उन्होंने अपने सीजन में जो जज्बा दिखाया, वह कमाल था। मैं न सिर्फ खतरों के खिलाड़ी में, बल्कि लाइफ की हर मोड़ पर उनके फुटस्टेप्स फॉलो करना चाहती हूं। सवाल: इस बार शो में आपके साथ कई पुराने और अनुभवी कंटेस्टेंट्स भी हैं। क्या आपको लगता है कि उनके पास 'एक्सपीरियंस' का फायदा होगा और आप पीछे रह जाएंगी? जवाब: मैं इसे नुकसान के तौर पर नहीं देखती। माना कि उनके पास अनुभव है और वो शो का फ्लो जानते हैं, लेकिन मेरे पास 'यूथफुल एनर्जी' है। मैं काफी यंग हूं, मुझमें जोश है और टास्क को लेकर जबरदस्त डिटरमिनेशन है। तो मुकाबला बराबरी का होगा, यह एक 'विन-विन' सिचुएशन है। सवाल: ऋत्विक धनजानी ने हाल ही में कहा था कि "इसे छोटा जानकर हल्के में मत लेना, यह बड़ा धमाका करेगी।" ऐसे कॉम्प्लीमेंट्स को कैसे देखती हैं? जवाब: जब इंडस्ट्री के सीनियर आपकी तारीफ करते हैं, तो बहुत अच्छा लगता है। इससे जिम्मेदारी भी बढ़ जाती है। जिन लोगों ने मेरे बारे में एक खास नजरिया रखा है, मैं उस मार्क को पार करना चाहती हूं। मेरा सबसे बड़ा लक्ष्य अपने पेरेंट्स को प्राउड फील कराना है। सवाल: आपको हमेशा एक खास 'सांचे' या इमेज में देखा गया है। क्या यह शो उस इमेज को तोड़ने का जरिया है? जवाब: बिल्कुल मैं उस टैग को ब्रेक करना चाहती हूं। लोग स्क्रीन पर रूहानिका का एक अलग ही साइड देखेंगे। अब मैं वो छोटी बच्ची नहीं रही, और यही बात मैं अपनी परफॉर्मेंस से साबित करना चाहती हूं। आप रूहानिका को रूहानिका के लिए देखेंगे। सवाल: आपने खुद को मेंटली और फिजिकली कैसे तैयार किया है? जवाब: अगर कोई मुझे सोशल मीडिया पर फॉलो करता है, तो उसे पता होगा कि फिटनेस मेरा पैशन रहा है। वर्किंग आउट और स्पोर्ट्स मेरी लाइफ का हिस्सा हैं, इसलिए फिजिकली तो मैं तैयार हूं। रही बात मेंटल स्ट्रेंथ की, तो यह पूरा खेल दिमाग का है। आपको बस शांत और फोकस्ड रहना होता है।
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