Responsive Scrollable Menu

केंद्र ने बिहार में लीची की फसल को हुए नुकसान के आकलन के लिए स्पेशल टास्क फोर्स बनाई

नई दिल्ली, 8 मई (आईएएनएस)। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिहार में लीची की फसल को हुए नुकसान की जांच करने और किसानों को राहत देने के उपायों के लिए एक स्पेशल टास्क फोर्स का गठन किया है। यह टास्क फोर्स एक सप्ताह में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। यह जानकारी शुक्रवार को जारी एक बयान में दी गई।

गुरुवार को लखनऊ स्थित केंद्रीय उपोष्णकटिबंधीय बागवानी संस्थान में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में किसानों ने केंद्रीय मंत्री को कीट के कारण लीची की फसलों को हो रहे व्यापक नुकसान के बारे में जानकारी दी।

बयान में कहा गया है कि टास्क फोर्स के सदस्य प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेगा और सुधारात्मक उपायों के लिए सिफारिशों सहित एक रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।

मुजफ्फरपुर स्थित राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र द्वारा 7 मई को जारी एक आदेश के अनुसार, टास्क फोर्स लीची के कीट से संबंधित वर्तमान स्थिति का आकलन करेगी और प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेगी। साथ ही फसल के नुकसान का वैज्ञानिक अध्ययन करेगी और किसानों को राहत प्रदान करने के लिए तत्काल और दीर्घकालिक उपायों का सुझाव देगी।

टास्क फोर्स किसानों के लिए आवश्यक सलाह और विस्तार गतिविधियों की सिफारिश करने के साथ-साथ राज्य और केंद्र स्तर पर आवश्यक हस्तक्षेपों का भी सुझाव देगी।

आदेश के अनुसार, विभिन्न संस्थानों के वैज्ञानिकों, अधिकारियों और विशेषज्ञों को मिलाकर स्पेशल टास्क फोर्स का गठन किया गया है। मुजफ्फरपुर स्थित राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र के निदेशक को पैनल का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है।

आदेशानुसार, टास्क फोर्स जल्द ही बिहार के लीची उत्पादक जिलों के सबसे अधिक प्रभावित ब्लॉकों का दौरा करेगा और एक सप्ताह के भीतर कृषि मंत्री को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी ताकि समय पर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

टास्क फोर्स के सदस्यों में बागवानी निदेशक-सह-बिहार राज्य बागवानी मिशन द्वारा नामित प्रतिनिधि, बिहार कृषि विभाग के पौध संरक्षण निदेशक द्वारा नामित प्रतिनिधि, डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा, समस्तीपुर के कीटविज्ञानी द्वारा नामित प्रतिनिधि, बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर, भागलपुर के प्रधान वैज्ञानिक (कीटविज्ञान) द्वारा नामित प्रतिनिधि और एकीकृत बागवानी विकास मिशन द्वारा नामित प्रतिनिधि शामिल हैं।

पैनल में पूर्वी क्षेत्र के लिए आईसीएआर अनुसंधान परिसर और पहाड़ी और पठारी क्षेत्र के लिए कृषि प्रणाली अनुसंधान केंद्र, रांची के वैज्ञानिक डॉ. जयपाल सिंह चौधरी, राष्ट्रीय कृषि कीट संसाधन ब्यूरो, बेंगलुरु के डॉ. एम. संपत कुमार और आईसीएआर-राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र, मुजफ्फरपुर की वैज्ञानिक (कीटविज्ञान) डॉ. इप्सिता सामल भी शामिल हैं। और प्रधान वैज्ञानिक (कीटविज्ञान) डॉ. विनोद कुमार, जो कार्य बल के सदस्य सचिव के रूप में कार्य करेंगे।

--आईएएनएस

एबीएस/

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

पंजाब में आतंकवाद के खिलाफ मिलकर काम कर रही हैं NIA और ED, टेरर फंडिंग नेटवर्क पर बड़ा शिकंजा

Punjab News: पंजाब में हालिया जालंधर और अमृतसर बम धमाकों के बाद केंद्रीय जांच एजेंसियों ने आतंकवाद और उससे जुड़े आर्थिक नेटवर्क पर शिकंजा कसना तेज कर दिया है. सूत्रों के मुताबिक, परसों राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) के निदेशक पंजाब में मौजूद थे, जबकि अगले ही दिन प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पंजाब और चंडीगढ़ के कई ठिकानों पर छापेमारी की.

संभावित संबंधों की हो रही जांच

जांच एजेंसियों के अनुसार, NIA पंजाब में सक्रिय सिख चरमपंथी मॉड्यूल, पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI, स्थानीय माफिया नेटवर्क, ड्रग सिंडिकेट और टेरर फंडिंग चैनलों के बीच संभावित संबंधों की जांच कर रही है. जांच में जुटाए जा रहे सबूत ED के साथ भी साझा किए जा रहे हैं, ताकि आतंकी गतिविधियों से जुड़े पैसों की आवाजाही और वित्तीय नेटवर्क की समानांतर जांच हो सके.

NIA और ED के बीच अंतर

दरअसल, NIA और ED की भूमिका अलग-अलग होते हुए भी एक-दूसरे की पूरक मानी जाती है. NIA यह पता लगाती है कि हमला किसने रचा, उसकी साजिश कहां बनी और उसे अंजाम किसने दिया. वहीं ED यह ट्रैक करती है कि आतंकी गतिविधियों को चलाने के लिए पैसा कहां से आया, किन माध्यमों से घुमाया गया और किस तरह इस्तेमाल हुआ. जांच एजेंसियों का मानना है कि जब ब्लास्ट केस, हवाला लेनदेन, भूमि सौदे, जबरन वसूली और विदेशी फंडिंग एक-दूसरे से जुड़ते हैं, तभी टेरर फंडिंग मॉड्यूल की पूरी तस्वीर सामने आती है.

पंजाब केस में क्या है संभावित कनेक्शन?

पंजाब में एक तरफ IED और ब्लास्ट मामलों की जांच चल रही है, वहीं दूसरी ओर Builder-CLU (चेंज ऑफ लैंड यूज) और कथित मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क पर भी कार्रवाई हो रही है. यदि जांच में यह साबित होता है कि अवैध जमीन सौदों, भ्रष्टाचार, जबरन वसूली, ड्रग्स या विदेशी फंडिंग से आया पैसा आतंकी गतिविधियों या लॉजिस्टिक्स में लगाया गया, तो मामला आर्थिक अपराध से बढ़कर राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ जाता है.

जांच एजेंसियों के अनुसार, संभावित नेटवर्क कुछ इस प्रकार काम कर सकता है—

विदेशी हैंडलर/ISI संपर्क → हवाला ऑपरेटर → स्थानीय फाइनेंसर या कारोबारी चैनल → नकद निकासी या संपत्ति रूटिंग → हथियार खरीद और मॉड्यूल सपोर्ट

हाइब्रिड गैंगस्टर-टेरर मॉडल 

हाल के वर्षों में पंजाब में एजेंसियां जिस मॉडल पर सबसे अधिक फोकस कर रही हैं, वह पारंपरिक आतंकवाद नहीं बल्कि गैंगस्टर, उगाही, ड्रग्स और टेरर फंडिंग के गठजोड़ का मॉडल है. एजेंसियों के मुताबिक, गैंगस्टर उगाही, ड्रग्स और अन्य अवैध कारोबार से पैसा जुटाते हैं. यही पैसा हथियार खरीद, सेफ हाउस, भर्ती और विस्फोटक पहुंचाने जैसे कामों में इस्तेमाल हो सकता है. विदेशों में बैठे हैंडलर इन नेटवर्क्स को फंडिंग और प्रचार दोनों स्तर पर संचालित कर सकते हैं. इसी वजह से कई बार जमीन घोटाला, मनी लॉन्ड्रिंग या टैक्स फ्रॉड जैसी दिखने वाली छापेमारी आगे चलकर राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में बदल जाती है.

ED की ताजा कार्रवाई

मई 2026 में ED ने मोहाली, चंडीगढ़ और पटियाला में कई ठिकानों पर छापेमारी की. जांच का फोकस कथित Builder-CLU घोटाले और उससे जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क पर बताया जा रहा है.
सूत्रों के मुताबिक, खरड़ (मोहाली) स्थित एक IT प्रोफेशनल के फ्लैट से करीब 21 लाख रुपये नकद बरामद किए गए. यह भी दावा किया गया कि छापेमारी के दौरान कुछ बैग इमारत की नौवीं मंजिल से नीचे फेंके गए, जिसके बाद नकदी बरामद हुई. इन छापों को लेकर विपक्ष ने पंजाब सरकार पर भ्रष्टाचार और राजनीतिक संरक्षण के आरोप लगाए हैं.

आतंकी-गैंगस्टर गठजोड़ की जांच तेज

सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि पंजाब में एक “हाइब्रिड आतंकी-गैंगस्टर नेटवर्क” सक्रिय है, जिसमें ISI समर्थित नेटवर्क और विदेशों में बैठे खालिस्तानी हैंडलर्स की भूमिका की जांच की जा रही है. जनवरी 2026 में पंजाब पुलिस ने होशियारपुर से 4 संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया था. आरोपियों के पास से 2.5 किलो RDX, हथियार और कारतूस बरामद किए गए थे. जांच एजेंसियों के मुताबिक, इनका संबंध बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) मॉड्यूल से हो सकता है.

हालिया धमाकों के बाद हाई अलर्ट

मई 2026 की शुरुआत में जालंधर में BSF मुख्यालय के पास और अमृतसर में IED धमाकों के बाद पूरे पंजाब में हाई अलर्ट जारी है.
इन धमाकों के पीछे पाकिस्तान की ISI और सिख चरमपंथी नेटवर्क के संभावित संबंधों की जांच जारी है. इसी क्रम में NIA ने मोगा समेत कई जिलों में छापेमारी कर विदेशी फंडिंग, हवाला चैनल, हथियार तस्करी और खालिस्तानी-गैंगस्टर गठजोड़ की जांच तेज कर दी है. कुल मिलाकर, पंजाब में NIA और ED की यह संयुक्त कार्रवाई केवल आतंकी घटनाओं की जांच तक सीमित नहीं है, बल्कि आतंकवाद की फंडिंग, हवाला नेटवर्क, ड्रग्स और संगठित अपराध के पूरे ढांचे को तोड़ने की व्यापक रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है.

यह भी पढ़ें: Punjab Blasts: पंजाब धमाकों पर AAP नेता संजय सिंह का आरोप, शांति भंग करने की हो रही कोशिश, कहा- मामले की हो निष्पक्ष जांच

Continue reading on the app

  Sports

17 साल बाद हुआ ऐसा... 21 साल के बल्लेबाज ने डेब्यू मैच में जड़ा शतक, चोटिल हुआ, फिर भी नहीं डिगा हौसला

Azan Awais Test century on debut: पाकिस्तान के 21 वर्षीय युवा बल्लेबाज अजान अवैस ने बांग्लादेश के खिलाफ ढाका टेस्ट में शतक जड़कर इतिहास रच दिया है. वह 17 साल बाद विदेशी सरजमीं पर डेब्यू टेस्ट में शतक लगाने वाले पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी बने हैं. चोटिल होने के बावजूद अजान ने शानदार साहस दिखाया और 103 रनों की जुझारू पारी खेली. घरेलू क्रिकेट में 10 शतक लगाने वाले अजान दिग्गज जावेद मियांदाद और यूनिस खान जैसे दिग्गजों की फेहरिस्त में शामिल हो गए हैं. Sun, 10 May 2026 15:58:25 +0530

  Videos
See all

PM Modi On Congress: 'वादा करना फिर पीठ में छूरा' कांग्रेस पर फायर PM मोदी #congress #keralanews #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-10T10:40:55+00:00

Bengal News: Suvendu Adhikari के CM बनते ही उनपर क्यों हमलावर हुई Congress? | Latest News | Top News #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-10T10:44:22+00:00

West Bengal News : 'जय श्री राम बोलने से भी लोग डरते थे' #westbengalpolitics #westbengalnews #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-10T10:47:33+00:00

Agnimitra Paul Hindi News : 'पश्चिम बांग्लादेश बनते-बनते बच गए' #agnimitrapaul #westbengalnews #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-10T10:42:56+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers