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खरगोन में बड़ा हादसा टला! ओंकारेश्वर जा रही कार में लगी आग, 6 श्रद्धालुओं ने कूदकर बचाई जान
एक परिवार भगवान के दर्शन के लिए जा रहा था, मन में श्रद्धा और चेहरे पर सुकून था। लेकिन अचानक कुछ ऐसा हुआ, जिसने कुछ ही पलों में सब कुछ बदल दिया। कार के अंदर से धुआं उठने लगा और देखते ही देखते हालात खतरनाक हो गए।
खरगोन के महेश्वर रोड पर हुई इस घटना में अगर जरा सी भी देर होती, तो बड़ा हादसा हो सकता था। ओंकारेश्वर जा रहे छह श्रद्धालुओं ने सही समय पर फैसला लिया और कार से कूदकर अपनी जान बचाई। यह घटना अब हर उस व्यक्ति के लिए एक चेतावनी बन गई है, जो लंबी यात्रा पर निकलता है।
कैसे अचानक लगी आग
खरगोन कार आग हादसा शनिवार दोपहर करीब 2 बजे हुआ, जब मुंबई से आए जतिन बट्टू अपने परिवार के साथ ओंकारेश्वर के दर्शन के लिए जा रहे थे। उनकी CNG कार जैसे ही ग्राम किठुद के पास पहुंची, अचानक केबिन के अंदर से धुआं निकलने लगा।
स्थिति को भांपते हुए चालक ने तुरंत कार को सड़क किनारे रोका। यह एक ऐसा फैसला था, जिसने सभी की जान बचा ली। जैसे ही परिवार के सदस्य कार से बाहर निकले, कुछ ही सेकंड में आग ने विकराल रूप ले लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार देखते ही देखते आग का गोला बन गई। अगर यात्री थोड़ी देर और अंदर रहते, तो यह हादसा जानलेवा साबित हो सकता था। खरगोन कार आग हादसा यह दिखाता है कि सड़क पर छोटी सी तकनीकी खराबी भी कितनी बड़ी दुर्घटना में बदल सकती है।
CNG कार में आग
इस घटना में एक और महत्वपूर्ण बात सामने आई, वह है CNG कार में आग लगने का खतरा। आमतौर पर लोग CNG को सुरक्षित और किफायती मानते हैं, लेकिन अगर सिस्टम में कोई खराबी हो जाए, तो यह खतरनाक भी साबित हो सकता है।
खरगोन कार आग हादसा में भी यही आशंका जताई जा रही है कि किसी तकनीकी कारण से गैस सिस्टम में समस्या आई होगी, जिससे आग तेजी से फैल गई। CNG कार में सिलेंडर और गैस पाइपलाइन होती है, जो अगर लीक हो जाए या ज्यादा गर्म हो जाए, तो आग और भी तेजी से फैल सकती है।
ग्रामीणों और फायर ब्रिगेड की भूमिका
खरगोन कार आग हादसा में राहत की बात यह रही कि आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत मदद के लिए दौड़ लगा दी। उन्होंने यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया और उन्हें संभाला।
सूचना मिलते ही बड़वाह से फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी।
क्यों बार-बार होते हैं हादसे
खरगोन कार आग हादसा के बाद स्थानीय लोगों ने सड़क सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि इस मार्ग पर अक्सर दुर्घटनाएं होती रहती हैं, लेकिन फिर भी पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं।
महेश्वर रोड पर न तो पर्याप्त फायर सेफ्टी सिस्टम है और न ही इमरजेंसी मेडिकल सुविधाएं आसानी से उपलब्ध हैं। इसके अलावा, सड़क किनारे अतिक्रमण भी एक बड़ी समस्या है, जो हादसों को और बढ़ा देता है।
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