Aaj Ka Mausam:देश के 17 राज्यों में बारिश की चेतावनी, दिल्ली से लेकर बिहार तक IMD ने जारी किया अलर्ट
Aaj Ka Mausam: दिल्ली-NCR समेत पूरे देशभर के कई राज्यों में मौसम का मिजाज बदला हुआ है. उत्तर भारत में इस समय मानसून एक्टिव है, जिस कारण लगातार बारिश हो रही है. मौसम विभाग ने आज यानी कि 11 अगस्त के दिन कई राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है. IMD के मुताबिक 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश का अलर्ट जारी किया है. इसके साथ ही दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, यूपी और राजस्थान समेत पूरे उत्तर भारत में बारिश की संभावना है.
यूपी के कई राज्यों में भीषण बारिश का अलर्ट
IMD के मुताबिक आज उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बारिश की संभावना है. मानसून के एक्टिव होने के कारण पूर्वी और पश्चिमी यूपी के कई जिलों में बारिश का दौर जारी रहेगा. मौसम विभाग के मुताबिक आज पूर्वी और पश्चिमी यूपी के कुछ इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना है.
दिल्ली-एनसीआर में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी
दिल्ली-एनसीआर में भी लगातार बारिश का दौर जारी है. बीते शुक्रवार के दिन दिल्ली में बारिश ने 15 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया. वहीं, वीकेंड पर भी दिल्ली-एनसीआर में भीषण बारिश का दौर जारी रहा. दिल्ली-एनसीआर में आज मौसम विभाग ने बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है. वहीं, इतना ही नहीं 12 से 15 अगस्त तक दिल्ली में बादल छाए रहने और हल्की बारिश के आसार है.
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11 अगस्त को न्यूतम तापमान 24 डिग्री और अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है. मौसम विभाग ने सामान्य तौर पर हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है. पूर्वानुमान के मुताबिक 11 अगस्त को सुबह हल्की से मध्यम बारिश, पूर्वाह्न में भी हल्की से माध्यम और शाम के समय में भी हल्की से माध्यम बारिश के आशंका है. वहीं, रात के समय की बात करें तो रात के समय भी हल्की से हल्की बारिश के आसार है. ऐसे में आज दिनभर रुक-रुककर बारिश का दौर चालू रहने वाला है.
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मध्यप्रदेश में बारिश का ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने आज मध्यप्रदेश के कई इलाकों में बारिश का अलर्ट जारी किया है. IMD ने ऑरें अलर्ट जारी करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश के भोपाल, देवास, आगर-मालवा, इंदौर, रायसेन, मंदसौर, रतलाम, राजगढ़, सीहोर, शाजापुह और उज्जेन में आंधी-तूफान के साथ बारिश की संभावना है. वहीं, गुजरात के छोटा उदेुपुर, नर्मदा, दाहोद, पंचमहल में आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने की आशंका है.
बिहार के कई जिलों में भी बारिश के आसार
मौसम विभाग ने बिहार के कई जिलों में बारिश की आशंका जताई है. IMD के मुताबिक बिहार में 13 से 15 अगस्त के बीच मानसून जोर पकड़ेगा और कई जगहों पर बारिश होगी. वहीं, बिहार में आज कुछ-कुछ इलाकों में भारी बारिश की संभावना है.
इन राज्यों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के मुताबिक उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, छत्तीसगढ़, बिहार, अरुणाचल प्रदेश, असम और त्रिपुरा भारी की संभावना है, वहीं, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश केरल, लक्षद्वीप और कर्नाटक में बहुत भारी बारिश की संभावना है.
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Sawan Shivratri 2026: आज यानी 11 अगस्त 2026 को सावन शिवरात्रि मनाई जा रही है. सावन का महीना भगवान शिव को अत्यंत प्रिय होता है. हिंदू धर्म में शिवरात्रि व्रत का भी विशेष महत्व बताया गया है. हर महीने मासिक शिवरात्रि का व्रत रखा जाता है. मगर सावन मास में पड़ने वाली मासिक शिवरात्रि का खास महत्व होता है. सावन शिवरात्रि पर देवों के देव महादेव का महाजलाभिषेक किया जाता है. इस दिन दूर-दूर से कांवड़िए कांवड़ यात्रा करके गंगाजल लाते हैं और महादेव का शिवरात्रि के मौके पर जलाभिषेक करते हैं. इसके साथ ही रात्रि के चारो प्रहर भी में शिव जी की पूजा करते हैं. शिवरात्रि को महारात्रि कहा जाता है. यह रात भगवान शिव के विवाह की रात्रि मानी जाती है. इसलिए, सावन शिवरात्रि को रात्रि के चारों प्रहर में पूजा करने से भोलेनाथ की विशेष कृपा मिलती है. साधक की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं. आइए जानते हैं आज उनकी पूजा का शुभ मुहूर्त, जलाभिषेक का समय और रात्रि पूजा का मुहूर्त.
सावन शिवरात्रि पर जल चढ़ाने का मुहूर्त क्या है?
द्रिक पंचांग के अनुसार, सावन शिवरात्रि के दिन शुभ मुहूर्त में जलाभिषेक करने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है. आज जल चढ़ाने का शुभ मुहूर्त सुबह 04 बजकर 54 मिनट से शुरू होगा और देर रात 01 बजकर 52 मिनट तक जलाभिषेक किया जा सकता है.
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सावन शिवरात्रि पर चारों प्रहर की पूजा मुहूर्त
सावन शिवरात्रि पर्व पर रात के चार प्रहर में पूजा करने का विधान है.
प्रथम प्रहर- रात्रि प्रथम प्रहर की पूजा का समय 11 अगस्त की शाम 07 बजकर 04 मिनट से रात 09 बजकर 45 मिनट तक की जा सकती है.
द्वितीय प्रहर- रात्रि द्वितीय प्रहर की पूजा का समय 11 अगस्त की रात 09 बजकर 45 मिनट से 12 अगस्त को सुबह 12 बजकर 45 मिनट तक रहेगा.
तीसरा प्रहर- रात्रि तीसरे प्रहर की पूजा का मुहूर्त 12 अगस्त को सुबह 12 बजकर 26 मिनट से सुबह 03 बजकर 07 मिनट तक रहेगा.
चौथा प्रहर- रात्रि चौथे प्रहर की पूजा का समय 12 अगस्त को तड़के सुबह 03 बजकर 07 मिनट से सुबह 05 बजकर 49 मिनट तक रहेगा.
सावन शिवरात्रि 2026 पर निशिता मुहूर्त
सावन शिवरात्रि पर निशिता काल का मुहूर्त 12 अगस्त को तड़के सुबह 12 बजकर 05 मिनट से सुबह 12:48 मिनट तक रहेगा. सावन शिवरात्रि के पर्व पर इस मुहूर्त में भगवान शिव की पूजा अवश्य करनी चाहिए.
सावन शिवरात्रि की पूजन विधि
सावन शिवरात्रि पर सूर्योदय के समय स्नान करें और व्रत का संकल्प लें. इसके बाद स्वच्छ और शुद्ध वस्त्र पहनकर पूजा करें. शिवरात्रि पर महादेव का पंचामृत से अभिषेक करें. शिवालय जाकर उनका जलाभिषेक करें और पंचामृत चढ़ाएं. उनका श्रंगार चंदन और सुगंधित फूलों से करें. महादेव पर बेलपत्र और शमी के पत्र चढ़ाएं. उन्हें फलों का भोग लगाएं. श्रद्धा भक्ति के साथ उनकी आरती करें. इसके बाद शिव जी के सामने बैठकर ऊं नमः शिवाय मंत्र का जाप करें. इस दिन महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें. शिव चालीसा, रुद्राष्टकम आदि का पाठ करें. आज पूरे दिन शांत मन से सात्विक विचारों के साथ बिताएं. इसके बाद निशिता मुहूर्त में फिर से महादेव का अभिषेक करें. रात्रि के चारों प्रहर में पूजा करें और रात्रि में मंत्र जाप अवश्य करें.
आज के दिन भूलकर न करें ये गलतियां
- सावन शिवरात्रि व्रत में कलेश करने से बचें.
- क्रोध और वाणी पर नियंत्रण रखें.
- मांस-मदिरा का सेवन न करें.
- लहसुन, प्याज और तामसिक भोजन न करें.
- बाल और नाखून न काटें.
- बड़ों का अपमान करने से बचें.
- ब्रह्मचर्य का पालन अवश्य करें.
सावन शिवरात्रि का महत्व
शिव पुराण के अनुसार, महादेव स्वयं कहते हैं मुझे सावन मास अत्यंत प्रिय है. इस महीने में मैं जलाभिषेक करने मात्र से प्रसन्न होकर हर भक्त की मनोकामनाएं पूरी कर देता हूं. शास्त्र कहते हैं कि सावन शिवरात्रि के दिन रात्रि के सभी प्रहर में पूजा करने से पूरे सावन महीने की पूजा का फल प्राप्त हो जाता है. सावन शिवरात्रि पर महादेव का शास्त्र विधि से रुद्राभिषेक करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं. जीवन में धन-धान्य की कभी कमी नहीं रहती. साधक के सभी कष्ट और संकट समाप्त हो जाते हैं. घर में सुख-शांति बनी रहती है. असाध्य रोग और अकाल मृत्यु का संकट समाप्त हो जाता है.इसलिए, सावन शिवरात्रि पर महादेव की पूजा अवश्य करनी चाहिए.
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(Disclaimer: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है और केवल सूचना के लिए प्रदान की गई है. News Nation इसकी पुष्टि नहीं करता है.)
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