Bihar Weather News: बिहार में जून-जुलाई में रूठेगा मानसून, झुलसाएगी भीषण गर्मी; अधिकारियों को कड़ी चेतावनी जारी
Bihar Weather News: बिहार में इस साल मौसम का मिजाज आम लोगों के साथ-साथ किसानों की भी चिंता बढ़ाने वाला है. वर्ष 2026 के मानसून को लेकर मौसम विभाग ने जो शुरुआती अनुमान जारी किए हैं, वे काफी डराने वाले हैं. रिपोर्ट के मुताबिक इस बार मानसून की शुरुआत काफी कमजोर रहने वाली है, जिससे खेती और जल संचयन पर बुरा असर पड़ सकता है. इसी को देखते हुए बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में आगामी मानसून और मौजूदा हीट वेव की स्थिति को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में योजना एवं विकास विभाग के अंतर्गत बिहार मौसम सेवा केंद्र (BMSK) ने वर्ष 2026 के मानसून पूर्वानुमान और तापमान की स्थिति पर विस्तृत चर्चा की.
तापमान में उतार-चढ़ाव
मौसम सेवा केंद्र ने बताया कि 1 मार्च से 27 अप्रैल 2026 के बीच राज्य के विभिन्न जोन में तापमान में भारी उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया. दक्षिण- पश्चिमी और दक्षिण-मध्य जोन में तापमान लगातार सामान्य से ऊपर बना हुआ है. 27 अप्रैल को शाम 4 बजे तक राज्य के कई हिस्सों में पारा उच्च स्तर पर रिकॉर्ड किया गया. वहीं 27 अप्रैल से 5 मई तक अधिकतम तापमान में और बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है.
मानसून में कम बारिश के संकेत
बैठक में दक्षिण-पश्चिम मानसून 2026 को लेकर चिंताजनक आंकड़े भी साझा किए गए. बिहार मौसम सेवा केंद्र के अनुसार जून और जुलाई में सामान्य से कम वर्षा होने की संभावना है. हालांकि अगस्त और सितंबर में स्थिति में सुधार की उम्मीद जताई गई है. लेकिन मानसून के शुरुआती महीनों में बारिश की कमी कृषि और जल संचयन के लिए बड़ी चुनौती बन सकती है. उत्तर-पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी बिहार के कुछ हिस्सों को छोड़कर राज्य के मध्य और पश्चिमी इलाकों में वर्षा की कमी अधिक देखी जा सकती है.
पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रखने का निर्देश
मुख्य सचिव ने लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग को सभी चापाकलों और नल-जल योजनाओं को चालू स्थिति में रखने का निर्देश दिया है. कम बारिश और हीट वेव की स्थिति में भूजल स्तर गिरने की आशंका को देखते हुए यह निर्देश दिया गया.
अस्पतालों में विशेष वार्ड और दवाओं की तैयारी
स्वास्थ्य विभाग को लू और सनस्ट्रोक के मामलों से निपटने के लिए सभी अस्पतालों में विशेष वार्ड और पर्याप्त दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया है. जिलाधिकारियों को सिविल सर्जन के साथ लगातार समीक्षा बैठक करने का निर्देश दिया गया है.
मौसम की सटीक जानकारी मिले
सरकार ने BMSK ऐप और अन्य माध्यमों से किसानों तथा आम लोगों तक मौसम की सटीक जानकारी पहुंचाने के लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया है.
क्विक रिस्पांस टीम तैनात होगी
गर्मी के कारण बढ़ते लोड के बावजूद निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा गया है. विशेष रूप से नल-जल योजनाओं के पंप चलाने के लिए प्राथमिकता के आधार पर बिजली देने का निर्देश दिया गया है.
ट्रांसफार्मर जलने या तार टूटने जैसी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई के लिए हर प्रमंडल में क्विक रिस्पांस टीम तैनात करने को कहा गया है.
पशु सुरक्षा पर भी सरकार गंभीर
लू के दौरान पशुओं को हीट स्ट्रोक से बचाने के लिए सभी पशु चिकित्सालयों में जीवन रक्षक दवाओं और ORS का पर्याप्त स्टॉक रखने का निर्देश दिया गया है. पशुओं के पीने के पानी के लिए सार्वजनिक हौद और तालाबों में पानी उपलब्ध कराने तथा जरूरत पड़ने पर टैंकर से पानी पहुंचाने को कहा गया है.
अगले सप्ताह चौबीसों घंटे निगरानी
मुख्य सचिव ने 27 अप्रैल से 5 मई तक तापमान और बारिश के पैटर्न पर चौबीसों घंटे निगरानी रखने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आपदा प्रबंधन विभाग को पूरी तरह तैयार रहने का निर्देश दिया है.
यह भी पढ़ें: Bihar News: सम्राट सरकार का मास्टरप्लान, बिहार के 11 शहरों में बनेगी सैटेलाइट टाउनशिप, 20 गुना बढ़ेंगे दाम
ईरान के हितों का रूस रखेगा ख्याल, मध्य पूर्व में शांति बहाली भी हमारा प्रयास : पुतिन
सेंट पीटर्सबर्ग, 27 अप्रैल (आईएएनएस)। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने सोमवार को सेंट पीटर्सबर्ग में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। यहां क्रेमलिन ने मध्य पूर्व में शांति लाने के हर मुमकिन कोशिश में ईरान के साथ खड़े रहने का भरोसा दिया। स्थानीय मीडिया ने इसकी जानकारी दी।
रूस की टीएएसएस न्यूज एजेंसी पुतिन के हवाले से कहा, हम अपनी तरफ से वह सब कुछ करेंगे जो आपके और इलाके के सभी लोगों के फायदे के लिए हो, ताकि यह शांति जल्द से जल्द कायम हो सके।
पुतिन ने कहा कि ईरान के लोग अपनी आजादी के लिए हिम्मत और बहादुरी से लड़ रहे हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि ईरान के लोग इस मुश्किल दौर से निकल जाएंगे और शांति आएगी। उन्होंने तेहरान संग अपने रिश्ते मजबूत करने के लिए मास्को की तैयारी पर भी रोशनी डाली।
बैठक के दौरान, अराघची ने पुतिन को ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई और राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बताया कि ईरान के लोग अपनी हिम्मत से यूएस के हमले का सामना कर पाए। टीएएसएस की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने ईरान को अपना पूरा समर्थन देने के लिए पुतिन और रूस का शुक्रिया अदा किया और कहा कि ईरान और रूस के बीच रिश्ते उच्चतम दर्जे पर स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप शेयर करते हैं और चाहे कुछ भी हो जाए ये रिश्ते यूं ही बरकरार रहेंगे।
इससे पहले दिन में, अराघची पुतिन से बातचीत करने के लिए रूस के सेंट पीटर्सबर्ग पहुंचे। ईरान की इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (आईआरएनए) ने बताया कि सेंट पीटर्सबर्ग पहुंचने पर, अराघची का स्वागत रूसी अधिकारियों और रूस में ईरान के राजदूत काजम जलाली ने किया।
आईआरएनए से बात करते हुए, जलाली ने कहा कि अराघची का दौरा ईरान और रूस के बीच करीबी बातचीत का हिस्सा है क्योंकि दोनों देशों के रीजनल और इंटरनेशनल मामलों पर एक जैसे नजरिए हैं। उन्होंने आगे कहा कि 28 फरवरी को लड़ाई शुरू होने के बाद से ईरान और रूस के राष्ट्रपति के बीच तीन बार फोन पर बात हुई है।
पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के बीच ओमान का अपना दौरा खत्म करने के बाद अराघची रूस पहुंचे।
ईरान और यूएस के बीच 8 अप्रैल से दो हफ्ते का अस्थायी सीजफायर शुरू हुआ। बाद में, दोनों देशों ने लड़ाई खत्म करने के मकसद से 11-12 अप्रैल को पहले राउंड की बातचीत की। हालांकि, 21 घंटे की बातचीत के बाद बातचीत खत्म हो गई।
--आईएएनएस
केआर/
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News Nation




















