'मेरा 3 बार मिसकैरेज हुआ...', मां ना बनने पर Neha Marda को सुनने पड़े थे खूब ताने, छलका दर्द
Neha Marda Had Three Miscarriages: टीवी शो बालिका वधू से घर-घर में पहचान बनाने वाली नेहा मर्दा इन दिनों अपने जीवन के सबसे खास दौर मदरहुड को खुलकर एंजॉय कर रही हैं. भले ही उन्होंने पिछले काफी समय से छोटे पर्दे से दूरी बना रखी है, लेकिन सोशल मीडिया के जरिए वो अपने फैंस से लगातार जुड़ी रहती हैं और अपनी पर्सनल लाइफ से जुड़े अपडेट्स साझा करती रहती हैं. वहीं नेहा मर्दा ने कुछ समय पहले बताया कि कैसे उन्हें मां बनने में 12 साल लग गए थे. तो चलिए आपको भी इसके बारे में बताते हैं.
प्री-मैच्योर थी बेटी की डिलीवरी
नेहा मर्दा ने 7 अप्रैल 2023 को एक प्यारी सी बेटी को जन्म दिया था. शादी के पूरे 12 साल बाद मां बनने का ये अनुभव उनके लिए बेहद खास और भावुक रहा. हालांकि, उनकी डिलीवरी प्री-मैच्योर थी, जिसके चलते उनकी नवजात बेटी को कुछ दिनों तक NICU में रखा गया था. इस मुश्किल दौर के बावजूद आज उनकी बेटी पूरी तरह स्वस्थ है. नेहा और उनके पति ने अपनी बेटी का नाम अनन्या अग्रवाल रखा है.
तीन बार मिसकैरेज का सामना
लेकिन मां बनने की इस खुशी के पीछे एक लंबा और दर्दभरा संघर्ष छिपा है. बेटी के जन्म से पहले नेहा को तीन बार मिसकैरेज का सामना करना पड़ा था. इस निजी दर्द के बारे में उन्होंने पहले कभी खुलकर बात नहीं की थी, लेकिन कुछ टाइम पहले ही एक इंटरव्यू में उन्होंने अपनी 12 साल लंबी जर्नी का जिक्र किया.
महिला पर ही उठाए जाते हैं सवाल
नेहा ने बताया कि समाज में अक्सर महिलाओं को लेकर कई तरह की धारणाएं बना ली जाती हैं. उन्होंने कहा कि जब कोई महिला अपने करियर पर ध्यान देती है, तो लोग तुरंत यह मान लेते हैं कि वह मां नहीं बनना चाहती. उन्होंने इस बात पर भी दुख जताया कि चाहे वो पटना में हों या मुंबई में, लोगों की सोच में ज्यादा फर्क नहीं आता. हमेशा महिला पर ही सवाल उठाए जाते हैं.
उन्होंने आगे बताया कि शादी के बाद लगातार उन्हें ये सुनना पड़ता था कि अब काम काफी हो गया है और उन्हें फैमिली पर ध्यान देना चाहिए. कई बार लोग सीधे उनके सामने और कई बार उनके पीछे ऐसी बातें करते थे. पार्टी या सामाजिक आयोजनों में भी उन्हें अजीब सवालों का सामना करना पड़ता था- जैसे “अकेली कब तक आती रहोगी?” जबकि उनके पति आयुष हमेशा उनके साथ होते थे.
12 साल तक नहीं बताया मिसकैरेज का दर्द
नेहा ने कहा कि शुरुआत में उन्हें समझ नहीं आता था कि लोग ऐसा क्यों कहते हैं, लेकिन बाद में उन्हें एहसास हुआ कि समाज महिलाओं को लेकर कितनी जल्दी जजमेंट बना लेता है. उन्होंने यह भी खुलासा किया कि उन्होंने 12 साल तक अपने मिसकैरेज के दर्द के बारे में किसी से बात नहीं की. एक्ट्रेस ने बताया कि शादी के तीन, छह और नौ साल बाद उन्हें मिसकैरेज हुआ था. ये अनुभव उनके लिए बेहद कठिन था, लेकिन उन्होंने इसे चुपचाप सहा. आखिरकार, शादी के 12 साल बाद जब वह फिर से प्रेग्नेंट हुईं, तो उनके आसपास के लोगों का व्यवहार भी बदल गया. उस समय वह 34 साल की थीं और उन्हें खास देखभाल मिलने लगी.
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Patanjali Turmeric Charcoal Soap: धूल-गंदगी से पाना चाहते हैं छुटकारा? जानें पंतजलि टर्मरिक चारकोल साबुन के फायदे और इस्तेमाल का तरीका
Patanjali Turmeric Charcoal Soap: आज के दौर में भागदौड़ और खराब लाइफस्टाइल, खान-पान की वजह से त्वचा की सही देखभाल नहीं कर पाते हैं जिसकी वजह प्रदूषण, धूल और पसीना हमारी स्किन को नुकसान पहुंचाते हैं. ऐसे में एक अच्छा और प्राकृतिक साबुन चुनना जरूरी होता है. पंतजलि टर्मरिक चारकोल बाथिंग बार इसी जरूरत को ध्यान में रखकर बनाया गया है. यह त्वचा को साफ करने के साथ-साथ उसे निखार भी देता है. चलिए हम आपको इसके फायदे और इस्तेमाल करने के तरीके के बारे में बताते हैं.
क्या है पंतजलि टर्मरिक चारकोल बाथिंग बार?
यह एक हर्बल साबुन है जिसमें हल्दी और चारकोल के गुण शामिल हैं. हल्दी को आयुर्वेद में त्वचा के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है. वहीं चारकोल गहराई से गंदगी को हटाने में मदद करता है. यह साबुन चेहरे और शरीर दोनों के लिए उपयोगी है.
इस बाथिंग बार का काम त्वचा को अच्छी तरह साफ करना है. यह त्वचा पर जमा तेल, पसीना और धूल को हटाता है. रोजाना इस्तेमाल करने से स्किन फ्रेश और साफ महसूस होती है. यह रोमछिद्रों को भी साफ करता है जिससे पिंपल्स की समस्या कम हो सकती है.
त्वचा को देता है प्राकृतिक निखार
इसमें मौजूद हल्दी त्वचा को चमकदार बनाती है. नियमित उपयोग से त्वचा में निखार आता है. यह स्किन को हेल्दी और ग्लोइंग बनाने में मदद करता है. जो लोग डल स्किन से परेशान हैं, उनके लिए यह अच्छा विकल्प हो सकता है.
ऑयल कंट्रोल में मददगार
जिन लोगों की त्वचा ऑयली होती है, उनके लिए यह साबुन काफी उपयोगी है. चारकोल अतिरिक्त तेल को नियंत्रित करता है. इससे चेहरे पर चिपचिपाहट कम होती है। स्किन लंबे समय तक फ्रेश रहती है.
कैसे करें इस्तेमाल?
इसका उपयोग करना बहुत आसान है.
पहले चेहरे या शरीर को हल्का गीला करें.
साबुन को हाथ में लेकर झाग बनाएं.
धीरे-धीरे स्किन पर लगाएं.
कुछ सेकंड बाद साफ पानी से धो लें.
रोजाना नहाने या फेस वॉश की तरह इसका इस्तेमाल किया जा सकता है.
किन लोगों के लिए है उपयुक्त?
यह बाथिंग बार लगभग हर तरह की त्वचा के लिए उपयोगी है. खासकर उन लोगों के लिए ज्यादा फायदेमंद है जिनकी स्किन ऑयली या एक्ने-प्रोन होती है. यह पुरुष और महिलाएं दोनों इस्तेमाल कर सकते हैं.
स्किन के लिए क्यों सुरक्षित है यह साबुन?
प्राकृतिक तत्वों से बना है
केमिकल कम मात्रा में होते हैं
त्वचा को नुकसान नहीं पहुंचाता
रोजाना इस्तेमाल के लिए सुरक्षित है
अगर आप अपनी त्वचा की सही देखभाल करना चाहते हैं तो पंतजलि टर्मरिक चारकोल बाथिंग बार एक अच्छा विकल्प हो सकता हे. यह स्किन को साफ करने के साथ-साथ उसे हेल्दी और ग्लोइंग बनाता है. नियमित उपयोग से आप बेहतर परिणाम देख सकते हैं.
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