PBKS vs LSG: ऋषभ पंत ने किसे ठहराया हार का जिम्मेदार, जानिए किस खिलाड़ी को लेकर खोला बड़ा राज
PBKS vs LSG : आईपीएल 2026 के 29वें मैच में पंजाब किंग्स के हाथों लखनऊ सुपर जायंट्स को हार का सामना करना पड़ा था. इस मैच में हार के बाद लखनऊ सुपर जायंट्स के कप्तान ऋषभ पंत ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने अपनी चोट के बारे में भी जानकीरी दी है. तो वहीं उन्होंने आयुष बडोनी को पारी की शुरुआत करने के राज से भी पर्दा उठाया है. उन्होंने मैच हारने के बाद क्या कहा है. आइए इसके बारे में जानते हैं.
ऋषभ पंत ने अपनी चोट पर दिया अपडेट
ऋषभ पंत से जब पूछा गया कि, आपकी बाईं कोहनी कैसी है? तो उन्होंने कहा कि, 'मुझे लगता है कि बायां हाथ बेहतर हो रहा है, लेकिन आज मुझे एक नया टैटू (दाएं हाथ में चोट) मिला है, इसलिए मुझे लगता है कि मेरे लिए फिर से कुछ उम्मीद है'.
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हार के बाद क्या बोले कप्तान ऋषभ पंत
पंत ने मैच में हुई गलती पर बात करते हुए कहा कि, 'किसी एक एरिया को बताना मुश्किल है क्योंकि, बॉलर्स अच्छा खेल रहे हैं, लेकिन साथ ही चिंता की कुछ बातें भी हैं. लेकिन हमारे लिए कुछ पॉजिटिव बातें भी थीं जिन पर काम करना था. बैटिंग की कुछ झलक दिखी, जिसके बारे में हमने बात की. निश्चित रूप से कुछ पॉजिटिव बातें लेने की कोशिश करेंगे, लेकिन साथ ही, एक टीम के तौर पर, हम हर मैच में अच्छा करेंगे'.
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A brilliant 5️⃣4️⃣-run victory as #PBKS keep their perfect record intact ❤️
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आयुष बदोनी को लेकर खोला बड़ा राज
ऋषभ ने आयुष बदोनी को ओपनर के तौर पर भेजने पर कहा कि, 'आइडिया बस वहां जाकर खुलकर खेलने का था. यह सिर्फ आज नहीं लिया गया था. यह पहले से तय था कि वह ओपनिंग करेंगे. यह बस कुछ ऐसा था जिसे हमने अंदर ही रखा. हम टॉप ऑर्डर में थोड़ी आजादी चाहते थे और बस मिडिल ऑर्डर ही इसमें मदद करना चाहता था'.
पंजाब किंग्स की तारीफ में पढ़े कसीदे
पंत ने इस हार के बाद कहा कि, 'हमें इस टीम पर पूरा भरोसा है लेकिन साथ ही जब विरोधी टीम अच्छा खेल रही हो, जैसे पंजाब अभी खेल रही है, तो आपको उन्हें अच्छा हार्ड क्रिकेट खेलने का क्रेडिट भी देना होगा. हम इसे पॉजिटिव रखेंगे'.
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कैसा रहा मैच का हाल
आईपीएल 2026 के 28वें मैच में पंजाब किंग्स ने लखनऊ सुपर जायंट्स को 54 रनों के बड़े अंतर से हराकर इस सीजन लगातार पांचवी जीत दर्ज किया है. पंजाब किंग्स के दिए 255 रनों के जवाब में लखनऊ सुपर जायंट्स की टीम 5 विकेट पर 200 रन ही बना सकी और मैच हार गई.
लखनऊ के लिए एडम मार्कराम 44 रन, कप्तान ऋषभ पंत 43 रन, मिचेल मार्श 40 रन बनाए. पंजाब किंग्स के लिए मार्को यानसेन 2 विकेट लिए. इसके अलावा अर्शदीप सिंह, युजवेंद्र चहल और विजयकुमार वैशाक को 1-1 सफलता मिली.
पंजाब किंग्स के ओपनर प्रियांश आर्य ने सबसे ज्यादा 37 गेदों पर 93 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 4 चौका और 9 छक्के शामिल रहा. वहीं कूपर कोनोली 46 गेंद पर 87 रन बनाए. उन्होंने 8 चौके और 7 छक्के लगाए. लखनऊ सुपर जायंट्स के लिए प्रिंस यादव और मणिमारन सिद्धार्थ ने 2-2 विकेट चटकाए. जबकि मोहम्मद शमी और मोहसिन खान को 1-1 सफलता मिली.
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Vaishakh Sankarshan Vinayak Chaturthi 2026: आज संकर्षण विनायक चतुर्थी व्रत, जानें पूजन का शुभ मुहूर्त, विधि, मंत्र और महत्व
Vaishakh Sankarshan Vinayak Chaturthi 2026: आज यानी 20 अप्रैल 2026 को वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि है. चतुर्थी तिथि भगवान गणेश को समर्पित मानी जाती है. इस चतुर्थी तिथि को संकर्षण विनायक चतुर्थी कहा जाता है. इस चतुर्थी को भगवान गणेश की पूजा करने का विधान है. इस चतुर्थी का व्रत रखने और विधि-विधान से पूजा करने से साधक की सभी मनोकामनाएं पूरी होती है. घर में धन-धान की वृद्धि होती है. सुख-समृद्धि आथी है. जीवन की सभी बाधाएं खत्म हो जाती है. इस चतुर्थी को चंद्र दर्शन करने से दोष लगता है, जीवन में अनेक तरह के कष्ट और परेशानियां आती हैं. इसलिए संकर्षण विनायक चतुर्थी को चंद्रमा का दर्शन नहीं करना चाहिए. आइए जानते हैं आज किस मुहूर्त में गणपति पूजन करें. साथ ही जानेंगे पूजा का विधि के बारे में.
वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी पूजा मुहूर्त (Vaishakh Sankarshan Vinayak Chaturthi Pujan Muhurat)
आज 20 अप्रैल को चतुर्थी तिथि सुबह 07 बजकर 27 मिनट पर शुरु हुई है. चतुर्थी तिथि का समापन 21 अप्रैल को सुबह 04 बजकर 14 मिनट पर होगा. 20 अप्रैल को चतुर्थी तिथि का व्रत रखना शुभ होगा. आज पूजा का मुहूर्त सुबह 11 बजकर 02 मिनट से दोपहर 01 बजकर 38 मिनट तक रहेगा. इस मुहूर्त में पूजा करने से पूजा का कई गुना अधिक फल प्राप्त होगा. सभी मनोकामनाएं पूरी होंगी. इसलिए शुभ मुहूर्त में ही पूजा करनी चाहिए.
कितने बजे तक न करें चंद्र दर्शन
आज 20 अप्रैल को वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी है. चतुर्थी तिथि सुबह 07 बजकर 27 मिनट से शुरु हो रही है. इसलिए आज सुबह 07 बजकर 44 मिनट से रात 10 बजकर 20 मिनट तक चंद्र दर्शन नहीं करना चाहिए. इस चतुर्थी को चंद्र दर्शन करने से दोष लगता है. जिसकी वजह से जीवन में अनेक तरह के कष्ट और बाधाएं आती हैं.
वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी पूजा विधि (Vaishakh Sankarshan Vinayak Chaturthi Puja Vidhi)
आज वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी के दिन सुबह उठकर सबसे पहले स्नान करेंं फिर व्रत संकल्प लें. उत्तर-पूर्व दिशा में चौकी बिछाकर उस पर गणपति स्थापना करें. घी का दीपक जलाकर पूजा शुरु करें. गणेश जी का गंगाजल से अभिषेक करें. गणेश जी को सिंदूर या रोली का टीका लगाएं. लाल और पीले फूलों की माला चढ़ाएं, जनेऊ पहनाएं. 11 गाठ दूर्वा की अवश्य चढ़ाएं. ऋतु फल और बेसन के लड्डूओं का भोग लगाएं श्रद्धा भक्ति के साथ आरती करें. आरती के बाद आसन पर बैठकर ऊं गं गणपतये नमः मंत्र का जाप करें. गणेश चालीसा और गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ करें.अपनी सामर्थ्य के अनुसार ब्राह्मण और गरीबों को दान करें.
गणेश जी के इन मंत्रों का जाप करें.
वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी को शास्त्र विधि से पूजा करने के बाद गणेश जी के मंत्रों का जाप अवश्य करना चाहिए. इन मंत्रों का जाप करने से न सिर्फ मनोकामना पूरी होती है बल्कि सभी तरह के विघ्न दूर हो जाते हैं.
मूल मंत्र– ऊं गं गणपतये नमः
प्रार्थना मंत्र- वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥
धन प्राप्ति का मंत्र– ॐ श्रीं गं सौभाग्य गणपतये वर्वर्द सर्वजन्म में वषमान्य नम:।
गणेश गायत्री मंत्र– ऊं एकदंताय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि तन्नो दन्ती प्रचोदयात्
वैशाख संकर्षण विनायक चतुर्थी का महत्व
शास्त्रों में वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी का विशेष महत्व बताया गया है. शास्त्रों के अनुसार इस चतुर्थी का व्रत रखकर गणेश जी के विनायक स्वरूप की पूजा करने से साधक की मनोकामनाएं पूरी होती हैं. साधक सभी विघ्नों से छुटकारा पा लेता है. इसके साथ ही सुख-संपत्ति प्राप्त करता है. जिन लोगों की कुंडली में चंद्रमा से संबंधित दोष हो या चंद्रमा कमजोर स्थिति में हो तो उन्हें ये चतुर्थी व्रत जरूर करना चाहिए. इस व्रत को करने से चंद्र दोष खत्म होता है. मानसिक शांति और स्थिरता प्राप्त होती है. जीवन में धन-धान्य की कमी नहीं रहती है.
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Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं और सामान्य जानकारियों पर आधारित है. न्यज नेशन इसकी पुष्टि नहीं करता है.
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