टाइम मैगजीन ने 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की लिस्ट जारी की; सुंदर पिचाई, रणबीर कपूर और विकास खन्ना शामिल
नई दिल्ली, 16 अप्रैल (आईएएनएस)। टाइम मैगजीन ने 2026 के 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की लिस्ट को जारी कर दिया है। इसमें गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई, बॉलीवुड एक्टर रणबीर कपूर और सेलिब्रिटी शेफ विकास खन्ना को शामिल किया है।
मैगजीन ने अपनी ताजा सूची में विभिन्न क्षेत्रों के उन व्यक्तियों को शामलि किया है जिनका काम इनोवेशन, क्रिएटिविटी, लीडरशीप और सामाजिक प्रभाव के माध्यम से ग्लोबल नैरेटिव को प्रभावित कर रहा है।
लिस्ट में सुंदर पिचाई को गूगल इकोसिस्ट में उनकी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) में लीडरशीप के लिए जगह दी गई है।
उनकी लीडरशीप में, एआई टूल्स को सर्च, एंड्रॉइड और क्रोम जैसे उत्पादों में एकीकृत किया गया है, और कंपनी बढ़ती वैश्विक प्रतिस्पर्धा के बीच अपने जेमिनी प्लेटफॉर्म के माध्यम से इस क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत कर रही है।
टाइम मैगजीन में प्रकाशित पिचाई की प्रोफाइल लिखने वाले एआई एक्सपर्ट एंड्रयू एनजी ने कहा कि ऐसे युग में जहां एआई ज्ञान और कार्य को नया आकार दे रही है, उनका प्रभाव इस बात में निहित है, कि इसका कितना व्यापक रूप से उपयोग किया जाता है।
वहीं, आर्टिस्ट लिस्ट में रणवीर कपूर को उनकी विशिष्ट अभिनय शैली और सहज प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया, जिसने भारतीय सिनेमा में दर्शकों की अपेक्षाओं को नया रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
उनके कार्यों ने भारतीय कहानी कहने की कला को व्यापक वैश्विक दर्शकों तक पहुंचाने में भी योगदान दिया है।
इसके अलावा, शेफ विकास खन्ना को उनकी कुकिंग में उत्कृष्टता के साथ-साथ मानवीय और सांस्कृतिक योगदान के लिए भी सम्मानित किया गया।
टाइम मैगजीन में कहा गया कि उनके काम की सराहना इस बात के लिए की जाती है कि उन्होंने भोजन को संस्कृतियों के बीच एक सेतु के रूप में इस्तेमाल किया और भारतीय परंपराओं को विश्व स्तर पर प्रदर्शित किया।
खन्ना की प्रोफाइल लिखने वाले शेफ एरिक रिपर्ट ने कहा कि खन्ना का प्रभाव केवल सफलता में ही नहीं, बल्कि दूसरों को प्रेरित करने और उनसे जुड़ने में भी निहित है। उन्होंने आगे कहा कि अपने रेस्टोरेंट बंगलो के माध्यम से खन्ना ने एक ऐसा स्थान बनाया है जहां भोजन स्मृति और विरासत से जुड़ी कहानियों का माध्यम बन जाता है।
इसके अलावा लिस्ट में शामिल व्यक्तियों में यूट्यूब के सीईओ नील मोहन, न्यूयॉर्क शहर के मेयर जोहरान ममदानी, पोप लियो एक्सआईवी, आर्टेमिस II मिशन के कमांडर रीड विजमैन, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो, कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू शामिल हैं।
इस सूची में प्रमुख एशियाई नेता भी शामिल हैं, जिनमें जापान की पहली महिला प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची और नेपाल के युवा प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह शामिल हैं।
वार्षिक टाइम100 लिस्ट राजनीति, प्रौद्योगिकी, मनोरंजन, व्यापार और संस्कृति के क्षेत्र में उन वैश्विक हस्तियों को सम्मानित करती है जो चर्चाओं को आकार दे रहे हैं और दुनिया भर में बदलाव ला रहे हैं।
--आईएएनएस
एबीएस/
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जनगणना को लेकर अमित शाह ने संसद में दिया बड़ा बयान, विपक्ष को भी बताई हकीकत
देश में जनगणना और आरक्षण के मुद्दे पर सियासी बहस तेज हो गई है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद के विशेष सत्र के दौरान जनगणना को लेकर बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि देश में जनगणना शुरू हो चुकी है. यही नहीं उन्होंने ये भी कहा कि अभी घरों की गिनती हो रही है और घरों की कोई जाति नहीं होती. अमित शाह ने इस दौरान समाजवादी पार्टी के नेताओं के बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कई अहम बातें स्पष्ट की हैं.
जनगणना को लेकर सरकार का रुख
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि जनगणना की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और सरकार इस दिशा में आगे बढ़ रही है. यह बयान उस सवाल के जवाब में आया, जो अखिलेश यादव ने उठाया था कि अब तक जनगणना क्यों नहीं कराई गई.
गृह मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ इस प्रक्रिया को पूरा करेगी और इसमें किसी तरह की देरी का राजनीतिक मतलब निकालना उचित नहीं है.
जाति जनगणना पर बड़ा संकेत
अमित शाह ने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार ने जाति जनगणना कराने का फैसला कर लिया है. उन्होंने कहा कि इस बार जनगणना में जाति से जुड़े आंकड़े भी शामिल किए जाएंगे, जिससे सामाजिक और आर्थिक योजनाओं को बेहतर तरीके से लागू किया जा सके. यही नहीं अमित शाह ने कड़े शब्दों में कहा कि जनगणना धर्म के आधार पर नहीं की जा सकती है. ये गैर संवैधानिक है. यह बयान इसलिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि लंबे समय से जाति आधारित जनगणना की मांग उठती रही है.
Amit Shah counters KC Venugopal's "fundamental attack on Indian federal struture" as Oppn objects to introduction key Bills in Lok Sabha
— ANI Digital (@ani_digital) April 16, 2026
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विपक्ष पर भी अमित शाह ने कसा तंज
समाजवादी पार्टी के नेता धर्मेंद्र यादव के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए अमित शाह ने तीखा तंज कसा. उन्होंने कहा कि अगर विपक्ष की चले तो वे “घर की भी जाति तय कर देंगे.” इस टिप्पणी को राजनीतिक व्यंग्य के रूप में देखा जा रहा है, जो मौजूदा सियासी माहौल को और गर्मा सकता है.
मुस्लिम महिलाओं को आरक्षण पर आपत्ति
अमित शाह ने मुस्लिम महिलाओं को आरक्षण देने की मांग पर भी कड़ा विरोध जताया. उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण की अनुमति नहीं देता, इसलिए इस तरह की मांग पूरी तरह असंवैधानिक है. यह बयान सीधे तौर पर विपक्षी दलों की उस सोच पर हमला माना जा रहा है, जिसमें विशेष समुदाय के लिए आरक्षण की बात की जा रही है.
जनता में भ्रम फैलाने का आरोप
गृह मंत्री ने यह भी कहा कि कुछ नेता ऐसे बयान दे रहे हैं, जिनसे जनता के बीच अनावश्यक चिंता और भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है. उन्होंने विपक्ष से जिम्मेदार व्यवहार की अपील करते हुए कहा कि संवेदनशील मुद्दों पर राजनीति करने से बचना चाहिए.
जनगणना और आरक्षण जैसे मुद्दों पर देश की राजनीति एक बार फिर केंद्र में आ गई है. अमित शाह के बयान ने साफ कर दिया है कि सरकार इन विषयों पर अपने रुख को लेकर स्पष्ट है, जबकि विपक्ष इसे लेकर सवाल उठा रहा है. आने वाले समय में यह मुद्दा और ज्यादा राजनीतिक बहस का केंद्र बन सकता है, जिसका असर नीतियों और चुनावी रणनीतियों दोनों पर देखने को मिलेगा.
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