US-Iran Islamabad Peace Talks: ईरान के दूतावास ने X पर लिखा कि, 'अमेरिका ने उपराष्ट्रपति जेडी वेंस को आधी दुनिया पार करवाकर इस्लामाबाद भेजा, लेकिन वे खाली हाथ लौट रहे हैं। उन्होंने वह सब मांग लिया जो वे युद्ध के जरिए हासिल नहीं कर सके थे। ईरान ने इसके जवाब में 'BIG NO' कह दिया है'
Enviro Infra Engineers Share Price: ये प्रोजेक्ट व्यापक स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 पहल का हिस्सा हैं। उद्देश्य महाराष्ट्र के छोटे शहरी केंद्रों में सीवेज ट्रीटमेंट के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करना और स्वच्छता कवरेज में सुधार करना है
Ajinkya rahene fined: आईपीएल 2026 में कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे के लिए चेन्नई की रात भारी साबित हुई। टीम को चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा तो दूसरी ओर रहाणे पर स्लो ओवर रेट के चलते 12 लाख का जुर्माना भी लगा।
यह मुकाबला एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेला गया था, जहां कोलकाता की टीम तय वक्त में अपने ओवर पूरे नहीं कर पाई। आईपीएल आचार संहिता के तहत यह केकेआर का इस सीजन का पहला ऐसा उल्लंघन था, इसलिए सजा सिर्फ कप्तान रहाणे तक सीमित रही। टीम के अन्य खिलाड़ियों पर कोई जुर्माना नहीं लगाया गया। हालांकि, जुर्माने से ज्यादा चर्चा टीम के प्रदर्शन को लेकर हो रही।
रहाणे पर लगा जुर्माना कोलकाता नाइट राइडर्स को इस मैच में 32 रन से हार झेलनी पड़ी, जो इस सीजन में उनकी चौथी हार है। लगातार खराब प्रदर्शन के कारण टीम पॉइंट्स टेबल में नीचे खिसकती जा रही और कप्तान रहाणे की रणनीति पर सवाल उठने लगे हैं।
केकेआर की सीजन की चौथी हार मैच की बात करें तो चेन्नई ने शुरुआत से ही दबाव बना लिया था। पावरप्ले में ही मजबूत शुरुआत कर ली,जिसके बाद केकेआर मैच में कभी वापसी नहीं कर पाया। गेंदबाजी में बदलाव, फील्ड प्लेसमेंट और मैच के दौरान फैसलों को लेकर रहाणे की कप्तानी पर क्रिकेट एक्सपर्ट्स और फैंस दोनों ही सवाल उठा रहे।
इस सीजन में आईपीएल ने धीमी ओवर रेट के नियमों में बदलाव किया है। अब बार-बार गलती करने पर कप्तान पर मैच बैन नहीं लगाया जाएगा,बल्कि जुर्माने और अन्य सजा के जरिए कार्रवाई होगी। ऐसे में रहाणे फिलहाल बड़ी सजा से बच गए हैं, लेकिन अगर आगे भी ऐसी गलती दोहराई जाती है तो इससे उनकी छवि और टीम दोनों को नुकसान हो सकता है।
अब केकेआर के सामने सबसे बड़ी चुनौती वापसी की है। टीम को जीत की पटरी पर लौटना होगा, वहीं रहाणे को भी अपनी कप्तानी से आलोचकों को जवाब देना होगा। टूर्नामेंट आगे बढ़ने के साथ दबाव बढ़ता जा रहा है और अगर जल्द सुधार नहीं हुआ, तो केकेआर के लिए प्लेऑफ की राह मुश्किल हो सकती है।