Responsive Scrollable Menu

उदय कोटक गुजरात की GIFT City के चेयरमैन बने:दोस्‍तो से उधार लेकर कंपनी शुरू की, इंजरी ने क्रिकेटर बनने का सपना तोड़ा; जानें प्रोफाइल

13 फरवरी 2026 को गुजरात सरकार ने बैंकर उदय कोटक को गिफ्ट सिटी का नया चेयरमैन नियुक्त किया है। GIFT City भारत का प्रमुख ग्रीनफील्ड स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट है, जो 886 एकड़ में फैला हुआ है। उदय कोटक पूर्व चेयरमैन हसमुख अधिया की जगह लेंगे, जो जून 2023 से इस पद पर थे। उदय कोटक, कोटक महिंद्रा बैंक के संस्थापक हैं और 2023 तक इसके MD और CEO रहे। एक ही छत के नीचे परिवार के 60 सदस्य रहते थे उदय कोटक मिडल क्लास गुजराती हिंदू लोहाना परिवार से आते हैं। उनका परिवार कपास के व्यापार में लगा हुआ था। वे एक जॉइंट फैमिली में पले-बढ़े हैं, जहां एक ही छत के नीचे लगभग 60 लोग रहते थे। इसे वे ‘कैपिटलिज्म एट वर्क एंड सोशलिज्म एट होम’ कहते हैं। उदय का परिवार मूल रूप से गुजराती था, लेकिन मुंबई में बसा हुआ था। उनकी पत्नी पल्लवी कोटक है और उनके दो बच्चे हैं। दोस्तों से 30 लाख उधार लेकर कंपनी की शुरुआत की 1982 में एमबीए पूरा करने के बाद उदय ने पारिवारिक फर्म में कोटक कैपिटल नामक एक अलग डिवीजन शुरू किया। 1985 में, महज 26 साल की उम्र में, उन्होंने दोस्तों और परिवार से उधार लिए 30 लाख रुपये से कोटक कैपिटल मैनेजमेंट फाइनेंस लिमिटेड की स्थापना की। उन्होंने बिल डिस्काउंटिंग से शुरुआत की, जहां उन्होंने कंपनियों को तत्काल नकदी उपलब्ध कराई और जमाकर्ताओं को बेहतर ब्याज दिया। खुद के रिसेप्शन में फाइनल किया कंपनी का नाम उदय कहते हैं कि दुनिया में बड़े फाइनेंशियल घराने जैसे जेपी मॉर्गन, गोल्डमैन सैक्स और मॉर्गन स्टेनली अपने परिवार के नाम पर चलते हैं। यह नार्सिसिज्म नहीं, बल्कि जिम्मेदारी है। 1992 में अमेरिका जाकर वे और प्रेरित हुए और कंपनी के नाम में कोटक रखने का फैसला किया। एक इंटरव्यू में उदय बताते हैं कि अपने खुद के रिसेप्शन में उन्होंने अपने एडवाइजर सिडनी पिन्टो और अपनी कंपनी के क्लाइंट महिंद्रा यूजीन स्टील के ऑफिसर आनंद महिंद्रा से अपनी कंपनी के बारे में बातचीत की। उदय की कंपनी में आनंद महिंद्रा निवेश करना चाहते थे। इसके बाद 30 लाख से शुरू हुई कंपनी का नाम कोटक महिंद्रा रखा गया। 26 की उम्र में की कंपनी की शुरुआत क्रिकेट खेलते समय घायल हुए, इमरजेंसी सर्जरी करानी पड़ी उदय क्रिकेटर बनना चाहते थे। वे रामाकांत आचरेकर से ट्रेनिंग लिया करते थे, जो सचिन तेंदुलकर के कोच रह चुके हैं। 1979 में मुंबई के कांगा लीग मैच में क्रिकेट खेलते वक्त उनके सिर पर बॉल लगने से गंभीर चोट आई। इसके बाद वे बेहोश हो गए और 3 घंटे की इमरजेंसी सर्जरी के बाद उन्हें होश आया और उनकी तबीयत में सुधार हुआ। आईएल एंड एफएस को करोड़ों के उधार से बचाया 2018 में भारत सरकार ने उदय कोटक को आईएल एंड एफएस का नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन बनाया। कंपनी 1 लाख करोड़ के कर्ज में डूबी थी, डिफॉल्ट का खतरा मंडरा रहा था और पूरे फाइनेंशियल सिस्टम पर असर पड़ रहा था। उदय ने इसे राष्ट्रीय कर्तव्य मानकर स्वीकार किया। चार साल तक उन्होंने कंपनी संभाली और 55,000 करोड़ से ज्यादा कर्ज सुलझाकर संकट से बाहर निकाला। उनका कार्यकाल अप्रैल 2022 में खत्म हुआ। लाइफटाइम अचीवमेंट समेत 7 बड़े अवॉर्ड मिले स्टोरी - सृष्टि सिंह ……………………………………………… यह खबर भी पढ़ें- चेक बाउंस मामले में तिहाड़ पहुंचे राजपाल यादव: स्‍ट्रगलिंग एक्‍टर्स को फ्री खाना-रहना देते थे, बेटी के जन्‍म पर पत्‍नी को खोया; जानें प्रोफाइल फरवरी 2026 में 9 करोड़ रुपए के चेक बाउंस मामले में सजा के बाद राजपाल यादव ने तिहाड़ जेल में सरेंडर किया है। यह मामला उनकी होम-प्रोडक्शन फिल्म ‘अता पता लापता’ से जुड़ा है। इस फिल्म के लिए उन्होंने कर्ज लिया था, जो ब्याज समेत बढ़ता गया और मामला दिल्ली हाई कोर्ट तक पहुंच गया है। पूरी खबर पढ़ें.…

Continue reading on the app

लक्ष्मण झूला के बाद बजरंग सेतु ऋषिकेश की नई पहचान:57 मीटर नीचे गंगा, ऊपर कांच का रास्ता; केदारनाथ डिजाइन बना आकर्षण

ऋषिकेश में 93 साल पुराने लक्ष्मण झूला के बाद अब ‘बजरंग सेतु’ नई पहचान बनकर उभरा है। 57 मीटर नीचे बहती गंगा और ऊपर कांच के पारदर्शी डेक के साथ इस पुल पर केदारनाथ मंदिर की तर्ज पर तैयार पाइलंस इसे अलग आकर्षण देते हैं। दैनिक भास्कर टीम जब ग्राउंड जीरो पर पहुंची, तो 2019 से पसरे सन्नाटे की जगह फिर से रौनक दिखाई दी। ड्रिल मशीनों की आवाज और मजदूरों की गतिविधियां बता रही थीं कि इंतजार की घड़ियां खत्म होने वाली हैं। अधिकारियों का दावा है कि ग्लास डेक वाला यह अपनी तरह का देश का विशिष्ट सस्पेंशन ब्रिज है। हालांकि आधिकारिक उद्घाटन अभी बाकी है, लेकिन स्थानीय जरूरत और पर्यटकों के दबाव को देखते हुए पुल को सीमित रूप से आवाजाही के लिए खोल दिया गया है। जिससे सूनी पड़ी दुकानों में फिर से चहल-पहल लौट आई है। अब 3 प्वाइंट्स में समझिए बजरंग सेतु की खासियत… 1. रोंगटे खड़े करने वाला ग्लास वॉक पुल के दोनों किनारों पर 1.5 मीटर चौड़ी पट्टी में 65 मिमी मोटा टफन ग्लास लगाया गया है। यह मल्टी-लेयर सुरक्षा तकनीक से तैयार कांच है, जो भारी दबाव सहने में सक्षम है। इस पर चलते समय ऐसा एहसास होता है जैसे आप हवा में तैर रहे हों। पैरों के नीचे 57 मीटर गहराई में बहती गंगा की धाराएं साफ दिखाई देती हैं। बीच-बीच में बनाए गए ‘व्यू प्वाइंट’ इसे और खास बनाते हैं। यहां रेलिंग का घेरा थोड़ा बाहर की ओर निकाला गया है, ताकि पर्यटक सुरक्षित तरीके से खड़े होकर घाटी और पहाड़ों का पैनोरमिक व्यू ले सकें। सोशल मीडिया के दौर में यह पुल सेल्फी और रील्स का नया हॉटस्पॉट बनने लगा है। 2. प्रवेश द्वार पर केदारनाथ की झलक ऋषिकेश चारधाम यात्रा का प्रवेश द्वार माना जाता है। इसी भावना को ध्यान में रखते हुए पुल के प्रवेश द्वार और पाइलंस को केदारनाथ मंदिर की आकृति दी गई है। पत्थरनुमा फिनिश और शिखर शैली इसे धार्मिक आभा प्रदान करती है। श्रद्धालुओं का कहना है कि इस पुल पर कदम रखते ही मंदिर परिसर जैसा आभास होता है। 3. थ्री-लेन से स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट पुराने पुल पर पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहनों के बीच अक्सर जाम लगता था। नए सेतु में बीच की दो 2-2 मीटर चौड़ी लेन हल्के वाहनों के लिए हैं, जबकि दोनों ओर 1.5-1.5 मीटर का ग्लास वॉकवे केवल पैदल यात्रियों के लिए आरक्षित है। इससे पैदल और वाहन यातायात अलग-अलग हो गया है। भीड़ के दौरान भी सुरक्षा बनी रहेगी और जाम की समस्या कम होगी। 2019 के बाद अब लौटी रौनक जुलाई 2019 में आईआईटी रुड़की की रिपोर्ट के आधार पर लक्ष्मण झूला को असुरक्षित घोषित कर बंद कर दिया गया था। बाजारों में सन्नाटा छा गया था। दुकानदारों के अनुसार कारोबार 70–80% तक गिर गया था। अब बजरंग सेतु के खुलने से बाजार फिर से गुलजार हैं। टैक्सी चालकों और रेस्टोरेंट संचालकों को राहत मिली है। स्थानीय लोग इसे आजीविका की ‘संजीवनी’ मान रहे हैं। इंजीनियरिंग की चुनौती 132.30 मीटर लंबे स्पान वाले इस पुल का निर्माण 2022 में शुरू हुआ। तेज बहाव और घाटी की भौगोलिक चुनौतियों के बीच इसे खड़ा करना आसान नहीं था। अब मुख्य ढांचा तैयार है, फिनिशिंग का काम जारी है। पीडब्ल्यूडी के एचओडी राजेश चंद्र शर्मा के मुताबिक, विशेष ऑर्डर पर मंगाए गए कांच और सुरक्षा मानकों के कारण समय लगा। लक्ष्य है कि 28 फरवरी तक इसे पूरी तरह जनता को समर्पित कर दिया जाए। दो जिलों को जोड़ेगा सेतु यह पुल टिहरी गढ़वाल (तपोवन) और पौड़ी गढ़वाल (स्वर्गाश्रम/लक्ष्मण झूला क्षेत्र) को जोड़ता है। अभी तक लोगों को राम झूला या जानकी सेतु से होकर गुजरना पड़ता था, जहां अक्सर भीड़ रहती है। अनुमान है कि नए पुल से ट्रैफिक लोड 40% तक कम होगा और कांवड़ यात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन आसान होगा। सुरक्षा में नई तकनीक पुल के डेक में फाइबर रिइन्फोर्स्ड पॉलिमर (एफआरपी) का उपयोग किया गया है, जो जंग-रोधी और हल्का होने के साथ मजबूत भी है। पुल को 500 किलोग्राम प्रति वर्ग मीटर भार सहने के लिए डिजाइन किया गया है। तेज हवाओं को ध्यान में रखते हुए विंड टेस्टिंग की गई है। 24x7 निगरानी के लिए हाई-डेफिनिशन सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं और भविष्य में भीड़ का दबाव मापने वाले सेंसर भी लगाए जा सकते हैं। पर्यटन का गेम चेंजर योग और राफ्टिंग के लिए प्रसिद्ध ऋषिकेश अब ‘ग्लास वॉक’ के कारण एडवेंचर टूरिज्म का नया केंद्र बनने जा रहा है। रात में एलईडी रोशनी से सजा पुल गंगा आरती के समय अलग ही दृश्य पेश करेगा। बजरंग सेतु विरासत और विकास के संगम की नई कहानी लिख रहा है। अब बस आधिकारिक उद्घाटन की प्रतीक्षा है, जिसके बाद यह पुल ऋषिकेश की पहचान को नई ऊंचाई देगा। -------------------- ये खबर भी पढ़ें : 22 अप्रैल को खुलेंगे केदारनाथ धाम के कपाट: महाशिवरात्रि पर उखीमठ में तिथि घोषित, 2025 के मुकाबले 10 दिन पहले शुरू होगी यात्रा उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में स्थित केदारनाथ धाम के कपाट इस साल 22 अप्रैल को सुबह 8 बजे खुलेंगे। महाशिवरात्रि के अवसर पर पंचकेदार गद्दी स्थल उखीमठ स्थित ओंकारेश्वर मंदिर में वैदिक विधि-विधान और पंचांग गणना के बाद शुभ मुहूर्त की औपचारिक घोषणा की गई। इस वर्ष कपाट वृष लग्न में खुलेंगे, जिसे धार्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ माना जाता है। (पढ़ें पूरी खबर)

Continue reading on the app

  Sports

T20 World Cup में Abhishek Sharma फ्लॉप, Ravi Shastri ने दिया वापसी का 'Success Mantra'

पूर्व भारतीय क्रिकेटर रवि शास्त्री का मानना ​​है कि स्टार भारतीय सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा को खराब फॉर्म से उबरने के लिए थोड़ा समय चाहिए। रविवार को कोलंबो में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए टी20 विश्व कप 2026 के मैच में बाएं हाथ के इस बल्लेबाज की बल्लेबाजी एक बार फिर असफल रही। अभिषेक शर्मा कोलंबो में पाकिस्तान के खिलाफ चार गेंदों पर शून्य पर आउट हो गए। टी20 विश्व कप 2026 में यह उनका लगातार दूसरा और पिछले पांच टी20 अंतरराष्ट्रीय पारियों में तीसरा शून्य था। विश्व के नंबर एक टी20 अंतरराष्ट्रीय बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने 2026 विश्व कप में अभी तक एक भी रन नहीं बनाया है।
 

इसे भी पढ़ें: IND vs PAK: 'Greatest Rivalry' या एकतरफा मुकाबला? जानें ICC Events में कौन है असली 'Boss'


गौरतलब है कि अभिषेक ने अपना आखिरी टी20 अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक छह पारियों पहले गुवाहाटी में न्यूजीलैंड के खिलाफ नाबाद 68 रन बनाकर बनाया था। आईसीसी की वेबसाइट के अनुसार, रवि शास्त्री ने संजना गणेशन से बातचीत में विश्वास जताया कि अभिषेक शर्मा जल्द ही वापसी करेंगे। उन्होंने कहा कि उन्हें बस धैर्य रखने और क्रीज पर थोड़ा और समय देने की जरूरत है। शास्त्री ने आगे कहा कि खराब दौर आना सामान्य बात है, और एक बार अभिषेक लय में आ जाएं तो डॉट गेंदों को चौकों और छक्कों में बदलना उनके लिए मुश्किल नहीं होगा।

आईसीसी वेबसाइट के अनुसार, शास्त्री ने संजना गणेशन से कहा कि मुझे लगता है कि उन्हें अच्छा प्रदर्शन करने का समय आ गया है, लेकिन उन्हें खुद को थोड़ा समय देना होगा। ऐसा होता है, और आप लय से भटक सकते हैं, लेकिन उन्हें वापस पटरी पर आने तक खुद को थोड़ा और समय देना होगा। क्योंकि बाद में उन डॉट गेंदों को चौकों और छक्कों में बदलना उनके लिए मुश्किल नहीं है। ईशान किशन, जिन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए सिर्फ 40 गेंदों में 77 रन बनाकर भारत को अपने कट्टर प्रतिद्वंद्वी पर 61 रनों से जीत दिलाने में मदद की और अंततः प्लेयर ऑफ द मैच का पुरस्कार जीता, शास्त्री से खूब प्रशंसा प्राप्त की। यह 2026 टी20 विश्व कप में ईशान किशन का लगातार दूसरा अर्धशतक था।
 

इसे भी पढ़ें: 'Ishan Kishan ने हमसे मैच छीन लिया', पाकिस्तान के कोच Mike Hesson ने स्वीकार की अपनी रणनीति की विफलता


शास्त्री ने कहा कि ईशान किशन शानदार फॉर्म में हैं, उन्होंने उनके बेहतरीन स्ट्राइक रेट की प्रशंसा की और कहा कि कोलंबो की चुनौतीपूर्ण पिच पर लगभग 200 रन बनाना असाधारण था। भारत बनाम पाकिस्तान मैच की बात करें तो, पाकिस्तान ने टॉस जीतकर पहले फील्डिंग करने का फैसला किया। अभिषेक के शून्य पर आउट होने के बाद, ईशान के 77 और तिलक वर्मा के 25 रनों ने भारत को संभाला, लेकिन भारतीय टीम 126/4 पर सिमट गई, अपने सेट बल्लेबाजों और ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या (0) के विकेट गिरने के बाद। हालांकि, कप्तान सूर्यकुमार यादव, शिवम दुबे और रिंकू सिंह ने मुश्किल परिस्थितियों में भी अपनी पारियों को बखूबी अंजाम दिया। भारत ने 175/7 का स्कोर बनाया, जिसमें साइम अयूब (3/25) पाकिस्तान के लिए सबसे सफल गेंदबाज रहे।
Mon, 16 Feb 2026 13:22:09 +0530

  Videos
See all

Parliament Session: सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच सदन में जारी गतिरोध पर क्या बोलीं Renuka Chowdhury? #tmktech #vivo #v29pro
2026-02-16T08:12:34+00:00

Superfast News: Bihar Assembly | Land For Job Scam | Rohit Sheety Firing | Amit Shah | AI Summit #tmktech #vivo #v29pro
2026-02-16T08:12:46+00:00

Bhiwadi Factory Fire : सुबह- सुबह भिवाड़ी में बड़ा हादसा | Rajasthan | Chemical Factory | #Shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-02-16T08:13:08+00:00

Breaking News: Rajasthan के Bhiwadi में Chemical Factory में लगी आग, 8 कर्मचारियों की मौत | Aaj Tak #tmktech #vivo #v29pro
2026-02-16T08:13:07+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers