जिनेवा में अमेरिका की मध्यस्थता में रूस और यूक्रेन के बीच अगले राउंड की बैठक
इस्तांबुल, 13 फरवरी (आईएएनएस)। रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध रोकने के लिए लंबे समय से प्रयास किए जा रहे हैं। अमेरिका की मध्यस्थता में दोनों देशों के बीच दो राउंड की बैठक पूरी हो गई है। रूस, यूक्रेन और अमेरिका के बीच तीसरे राउंड की बैठक जिनेवा में होगी। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने अगली बैठक को लेकर जानकारी दी है।
तुर्किए की न्यूज एजेंसी अनादोलू एजेंसी (एए) ने जानकारी दी है कि इस बैठक का आयोजन 17-18 फरवरी को स्विट्जरलैंड के जिनेवा शहर में किया जाएगा। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान मीडिया से कहा, “इस बात पर सहमति बनी है कि यह अगले हफ्ते जरूर होगी। हम आपको जगह और सही तारीखें बताएंगे। लेकिन यह अगले हफ्ते ही होगी।”
रूस और यूक्रेन ने जनवरी में और इस महीने की शुरुआत में, संयुक्त अरब अमीरात की राजधानी अबू धाबी में अमेरिका की मध्यस्थता में शांति वार्ता के दो राउंड की बैठक पूरी की। दूसरे राउंड की बैठक में दोनों पक्ष पहली बार युद्धबंदियों की अदला-बदली पर सहमत हुए।
फरवरी की शुरुआत में अमेरिका की मध्यस्थता में रूस और यूक्रेन के बीच बातचीत में दोनों देशों ने बड़े पैमाने पर कैदियों की अदला-बदली पर सहमति जताई, लेकिन क्षेत्रीय व्यवस्था और युद्धविराम जैसे मुख्य मुद्दों पर कोई ठोस सफलता नहीं मिल पाई।
यूक्रेन के अनुसार, बातचीत पहले तीन देशों के बीच हुई और उसके बाद समूह स्तर पर चर्चा की गई। न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, यूक्रेन की राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा परिषद के सचिव रुस्तम उमेरोव ने कहा कि यूक्रेनी प्रतिनिधिमंडल ने सम्मानजनक और स्थायी शांति की मांग की, लेकिन उन्होंने किसी खास नतीजे का खुलासा नहीं किया।
बातचीत खत्म होने के बाद रूस और यूक्रेन की ओर से कोई संयुक्त राजनीतिक या सुरक्षा बयान जारी नहीं किया गया। इससे साफ है कि दोनों देशों के बीच जमीन के विवाद, युद्धविराम और सुरक्षा की गारंटी जैसे मुद्दों पर मतभेद अब भी बने हुए हैं।
अमेरिका के राष्ट्रपति के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ने बताया था कि अमेरिका, रूस और यूक्रेन के प्रतिनिधि कैदियों की अदला-बदली पर सहमत हो गए हैं। उन्होंने बातचीत को ठोस और सकारात्मक बताया, लेकिन यह भी कहा कि पूरे विवाद का समाधान निकालने के लिए अभी और प्रयास करने होंगे।
बातचीत के बाद रूस और यूक्रेन ने लगभग पांच महीने बाद पहली बार बड़े पैमाने पर कैदियों की अदला-बदली की। दोनों देशों ने 157-157 लोगों को रिहा किया। यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा कि रिहा किए गए लोगों में सैन्यकर्मी और नागरिक दोनों शामिल थे।
--आईएएनएस
केके/एबीएम
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'दूध में पानी नहीं....पानी में दूध' मिलाकर बच्चों को मिड मिल में दिया जा रहा है, ये देख लीजिए वीडियो
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक बुजुर्ग महिला कथित तौर पर दूध में मिलावट करती हुई नजर आ रही है. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक बाल्टी पूरी तरह पानी से भरी हुई है और महिला पैकेट वाला दूध उसमें डाल रही है. दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के एक सरकारी स्कूल का है, जहां मिड डे मील के तहत बच्चों को दूध वितरित किया जाएगा है. हालांकि, इस दावे की आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं हो सकी है.
पानी से भरी बाल्टी में डाला गया दूध
वायरल क्लिप में दिख रहा है कि महिला दूध का पैकेट फाड़कर सीधे पानी से भरी बाल्टी में डालती है. वीडियो में यह भी देखा जा सकता है कि दूध की मात्रा बेहद कम है और बाल्टी में पहले से ही काफी मात्रा में पानी मौजूद है. आरोप लगाया जा रहा है कि इस तरह पानी में थोड़ा सा दूध मिलाकर बच्चों को परोसा जा रहा था.
पास खड़ी महिला बना रही थी वीडियो
वीडियो में यह भी दिखाई देता है कि पास खड़ी एक अन्य महिला पूरे घटनाक्रम को अपने मोबाइल फोन से रिकॉर्ड कर रही है. सोशल मीडिया पर इस वीडियो के सामने आने के बाद कई यूजर्स ने नाराजगी जाहिर की है. लोगों का कहना है कि यदि यह दावा सही है तो यह बच्चों के पोषण के साथ गंभीर खिलवाड़ है. कई यूजर्स ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है.
महोबा का बताया जा रहा है वीडियो
सोशल मीडिया पर शेयर किए जा रहे पोस्ट में दावा किया गया है कि यह घटना उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के एक सरकारी विद्यालय की है. हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो पाई है. न्यूज नेशन इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है. ऐसे मामलों में अक्सर वीडियो का स्थान और संदर्भ अलग हो सकता है, इसलिए आधिकारिक जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी.
प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार
वीडियो के वायरल होने के बावजूद अब तक संबंधित प्रशासन या शिक्षा विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. यदि यह वीडियो वास्तविक और हालिया है, तो यह मिड डे मील व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है. फिलहाल, प्रशासन की प्रतिक्रिया और संभावित जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है.
सब दूध में पानी मिलाते हैं
— Sachin Gupta (@SachinGuptaUP) February 13, 2026
यहां पानी में दूध मिलाया जा रहा !!
उत्तर प्रदेश में महोबा का सरकारी स्कूल है। अब इस पानी वाले दूध को पीकर बच्चों में निश्चित रूप से तंदुरुस्ती आएगी। pic.twitter.com/O3hcRa8QSy
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