शराब शौकीनों को झटका: महंगी हुई Sharab, देखें नई रेट लिस्ट
Liquor Price Hike in HP: हिमाचल प्रदेश में शराब की कीमतें बढ़ा दी गई हैं। अंग्रेजी शराब के रेगुलर ब्रांड में 40 से 50 रुपए और हाई ब्रांड के दाम 150 से 200 रुपए तक बढ़ाए गए हैं। सुक्खू सरकार ने देसी शराब भी महंगी कर दी है। आबकारी विभाग की नई रेट लिस्ट के अनुसार, देसी शराब प्रति बोतल 15 रुपए तक महंगी की गई है।
हिमाचल प्रदेश में ऊना नंबर वन की जो शराब 250 रुपए प्रति बॉटल मिलती थी, उसके दाम 265 रुपए प्रति बोतल कर दिए गए हैं। इसी तरह अन्य देशी ब्रांड जो 245 रुपए प्रति बोतल बिकती थी, वह अब 260 रुपए में मिलेगी।
MRP पर ही बेचनी होगी शराब
आबकारी विभाग ने इस बार शराब की मैक्सिमम रिटेल प्राइज निर्धारित किए हैं। जबकि, पिछले वित्त वर्ष में शराब पर मिनिमम सेल प्राइज निर्धारित किया गया था। दुकानदार मिनिमम सेल प्राइज से 30 फीसदी अधिक राशि वसूल सकता था, लेकिन भविष्य में अब ऐसा नहीं होगा। उसे एमआरपी रेट पर बेचना होगा। एमआरपी से ज्यादा रेट वसूलने पर चालानी कार्रवाई होगी। इसमें ठेका सील करने तक का प्रावधान है।
2850 करोड़ राजस्व जुटाने का लक्ष्य
हिमाचल सरकार ने नई आबकारी नीति के तहत सभी ठेके नीलाम करने का निर्णय लिया है। गत वर्ष 2600 करोड़ के मुकाबले इस साल 2850 करोड़ राजस्व जुटाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। हालांकि, अभी शिमला के पूरे ठेके नहीं नीलाम हुए। मंडी और कुल्लू में यही स्थिति है। बिलासपुर, लाहौल स्पीति और कांगड़ा में शराब ठेकों की बिक्री पूरी नहीं हो पाई। कांगड़ा में ज्यादा दिक्कत है। यहां विभाग के अधिकारी लगातार नीलामी के प्रयास कर रहे हैं।
CWG 2026: नीरज चोपड़ा, मीराबाई चानू समेत इन खिलाड़ियों पर रहेंगी भारत को गोल्ड की उम्मीदें
ग्लासगो। 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत एक बार फिर मजबूत दावेदारी के साथ उतरने जा रहा है। 23 जुलाई से 2 अगस्त तक स्कॉटलैंड के ग्लासगो में होने वाले इन खेलों में 126 सदस्यीय भारतीय दल 10 खेलों में हिस्सा लेगा। ऑस्ट्रेलिया के विक्टोरिया के मेजबानी से हटने के बाद खेलों की संख्या 19 से घटाकर 10 कर दी गई थी, जिसके बाद ग्लासगो ने आयोजन की जिम्मेदारी संभाली। यह टूर्नामेंट 2030 में अहमदाबाद में प्रस्तावित कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी से पहले भारत के लिए भी अहम माना जा रहा है।
भारत की सबसे बड़ी गोल्ड मेडल उम्मीदें
नीरज चोपड़ा पर सबसे ज्यादा नजरें
भारत की गोल्ड मेडल उम्मीदों की अगुआई ओलंपिक और विश्व चैंपियन नीरज चोपड़ा करेंगे। टोक्यो ओलंपिक के स्वर्ण पदक विजेता नीरज पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में एक बार फिर खिताब के प्रबल दावेदार हैं। उनसे ग्लासगो में भी स्वर्ण पदक जीतकर अपने शानदार रिकॉर्ड में एक और उपलब्धि जोड़ने की उम्मीद है।
मीराबाई चानू तीसरे लगातार गोल्ड की तलाश में
भारोत्तोलन स्टार मीराबाई चानू भी भारत की सबसे भरोसेमंद पदक दावेदारों में शामिल हैं। गोल्ड कोस्ट 2018 और बर्मिंघम 2022 में स्वर्ण जीत चुकी चानू इस बार लगातार तीसरा कॉमनवेल्थ गेम्स गोल्ड जीतने के इरादे से उतरेंगी। ओलंपिक रजत पदक विजेता चानू लंबे समय से भारत की सबसे सफल अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं।
लवलीना से बॉक्सिंग में बड़ी उम्मीद
महिलाओं की 75 किग्रा वर्ग में लवलीना बोरगोहेन भारत की सबसे मजबूत दावेदार होंगी। टोक्यो ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता और 2023 विश्व चैंपियन लवलीना लगातार बड़े मंचों पर शानदार प्रदर्शन करती रही हैं। इस बार उनका लक्ष्य अपने करियर में कॉमनवेल्थ गेम्स का स्वर्ण पदक जोड़ना होगा।
गुरिंदरवीर सिंह पर रहेंगी नजरें
एथलेटिक्स में उभरते स्प्रिंटर गुरिंदरवीर सिंह भी भारत के लिए खास आकर्षण होंगे। उन्होंने इस साल फेडरेशन कप 2026 में पुरुषों की 100 मीटर दौड़ 10.09 सेकेंड में पूरी कर 10.10 सेकेंड की बाधा तोड़ने वाले पहले भारतीय बनने का इतिहास रचा था। राष्ट्रीय रिकॉर्डधारी गुरिंदरवीर अब कॉमनवेल्थ के शीर्ष धावकों को चुनौती देने के लिए तैयार हैं।
प्रणति नायक से जिम्नास्टिक में उम्मीद
आर्टिस्टिक जिम्नास्ट प्रणति नायक जिम्नास्टिक में भारत की चुनौती की अगुआई करेंगी। कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं का अनुभव रखने वाली प्रणति इस बार अपने करियर का पहला कॉमनवेल्थ गेम्स पदक जीतने की कोशिश करेंगी।
अनुभव और युवा जोश का शानदार मिश्रण
नीरज चोपड़ा, मीराबाई चानू और लवलीना बोरगोहेन जैसे अनुभवी सितारों के साथ गुरिंदरवीर सिंह और प्रणति नायक जैसे उभरते खिलाड़ियों के दम पर भारत ग्लासगो में मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद कर रहा है। यह अभियान 2030 में अहमदाबाद में संभावित कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी से पहले भारतीय खेलों की तैयारियों की भी बड़ी परीक्षा माना जा रहा है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi



















.jpg)


