उत्तराखंड की संस्कृति और आतिथ्य से अभिभूत हुई ‘हनुमान अंश’ फिल्म की टीम
‘हनुमान अंश’ फिल्म की टीम ने सोमवार को कैंची धाम नैनीताल में बाबा नीम करौली के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया. टीम ने दर्शन की सुगम एवं सुव्यवस्थित व्यवस्थाओं तथा धाम में हो रहे विकास कार्यों की सराहना की. ‘हनुमान अंश’ फिल्म के अभिनेता शोभिनव सत्या, अभिनेत्री पूर्णिमा तिवारी एवं प्रोड्यूसर रागिनी सोना ने उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और चारधाम यात्रा व्यवस्थाओं की सराहना की. टीम ने खटीमा में आयेाजित आदि रंगोत्सव-2026 में शामिल होकर उत्तराखंड की संस्कृति के विविध आयामों, लोकनृत्य, ढोल-दमाऊं एवं पारंपरिक वाद्य यंत्रों की आकर्षक प्रस्तुतियों को करीब से देखा, जिसे उन्होंने अपने जीवन का अविस्मरणीय अनुभव बताया.
उत्तराखंड आने की अपील भी की
टीम द्वारा कैंची धाम में बाबा नीम करौली के दर्शन का अवसर प्रदान करने के लिए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि धाम में दर्शन की सुव्यवस्थित व्यवस्थाओं के कारण उन्हें सहजता से बाबा के दर्शन एवं आशीर्वाद प्राप्त हुआ. टीम द्वारा देशभर के लोगों से उत्तराखंड आने की अपील भी की गई.
पर्यटन स्थलों का भ्रमण करने की अपील
फिल्म टीम के सदस्यों ने कहा कि उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता एवं समृद्ध संस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत देश-दुनिया के लोगों को आकर्षित करती रही है. उन्होंने देशवासियों से उत्तराखंड आने और चारधाम सहित प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों का भ्रमण करने की भी अपील की. टीम के सदस्यों ने कहा कि उन्हें उत्तराखंड से मिला सम्मान, स्नेह और अपनत्व उनके लिए सदैव स्मरणीय रहेगा. फिल्म के अभिनेता शोभिनव सत्या, अभिनेत्री पूर्णिमा तिवारी एवं प्रोड्यूसर रागिनी सोना ने उन्हें उत्तराखंड आने तथा आत्मीय स्वागत एवं सम्मान के लिए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया.
दिल्ली में महारैली, गांव-गांव चौपाल... चुनाव आयोग को घेरने के लिए क्या है कांग्रेस का 'धुरंधर प्लान'?
Congress Plan: चुनाव आयोग के खिलाफ कांग्रेस ने अपना आंदोलन और तेज करने की तैयारी कर ली है. पार्टी अब चुनाव आयोग के घेराव के जरिए सड़क पर शक्ति प्रदर्शन करेगी और इसके बाद देशभर में आंदोलन का दूसरा चरण शुरू करेगी. कांग्रेस 6 अक्टूबर को चुनाव आयोग का घेराव करेगी, जबकि 10 से 20 अक्टूबर के बीच अलग-अलग राज्यों में अभियान चलाने का फैसला लिया गया है.
आंदोलन की आगे की रणनीति तय करने के लिए रविवार को दिल्ली के इंदिरा भवन में कांग्रेस की उच्च स्तरीय बैठक हुई. बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, सभी राज्य इकाइयों के प्रमुख नेता, प्रदेश अध्यक्ष और प्रभारी शामिल हुए. इसके अलावा पार्टी के विभिन्न फ्रंटल संगठनों के प्रमुख और प्रभारी भी बैठक में मौजूद रहे.
10 से 20 अक्टूबर तक देशभर में अभियान
कांग्रेस का कहना है कि वह चुनाव आयोग और सरकार की नीतियों के खिलाफ अपना विरोध सड़क से लेकर संसद तक जारी रखेगी. पार्टी ने चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आंदोलन के अगले चरण का भी ऐलान किया है. इसके तहत 10 से 20 अक्टूबर के बीच देशभर में अभियान चलाया जाएगा.
कांग्रेस की बैठक में आंदोलन को ज्यादा व्यापक बनाने और राज्य स्तर पर पार्टी कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने की रणनीति पर चर्चा हुई. पार्टी का फोकस चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार और चुनाव आयोग पर राजनीतिक दबाव बढ़ाने पर है. 6 अक्टूबर के प्रदर्शन के बाद कांग्रेस अपने आंदोलन को राज्यों तक ले जाने की तैयारी में है.
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आंदोलन को प्रभावी बनाने पर हुई चर्चा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बैठक में कांग्रेस ने चुनाव आयोग के खिलाफ अपने आंदोलन को ज्यादा प्रभावी बनाने की रणनीति पर चर्चा की. पार्टी का फोकस 6 अक्टूबर के चुनाव आयोग घेराव में ज्यादा से ज्यादा नेताओं और कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने पर रहा. बैठक में प्रदर्शन की तैयारियों के साथ आगे के आंदोलन को लेकर भी नेताओं के बीच मंथन हुआ.
'वोट बचाओ-देश बचाओ' नारा बनाने पर फोकस
कांग्रेस ने चुनाव आयोग के खिलाफ अपने आंदोलन को अब देशभर में ले जाने की तैयारी कर ली है. पार्टी ने तय किया है कि आने वाले दिनों में अलग-अलग राज्यों में लगातार कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. कांग्रेस अध्यक्ष ने नेताओं से आंदोलन को व्यापक बनाने और इसे राष्ट्रीय अभियान का रूप देने को कहा है. इसके लिए 'वोट बचाओ-देश बचाओ' का नारा दिया गया है.
पार्टी की रणनीति में विपक्षी दलों को साथ लेकर आंदोलन को मजबूत करना भी शामिल है. कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अपने-अपने राज्यों में इंडिया ब्लॉक के घटक दलों और अन्य विपक्षी पार्टियों के साथ मिलकर संयुक्त कार्यक्रम आयोजित करेंगे. पार्टी का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर उसका विरोध आगे भी जारी रहेगा.
दूसरे चरण का ये है प्लान
आंदोलन के दूसरे चरण की शुरुआत 10 अक्टूबर से होगी, जो 20 अक्टूबर तक चलेगा. इस दौरान ब्लॉक स्तर पर बाइक रैली, पदयात्रा और साइकिल रैली आयोजित की जाएंगी. पार्टी का उद्देश्य इन कार्यक्रमों के जरिए स्थानीय स्तर पर लोगों से संपर्क बढ़ाना और चुनाव से जुड़े मुद्दों को लेकर अपना अभियान आगे बढ़ाना है.
गांव-गांव लगेगी चौपाल
25 अक्टूबर से 25 नवंबर तक तीसरे चरण का अभियान चलाया जाएगा. इस दौरान कांग्रेस गांव-गांव जाकर कार्यक्रम आयोजित करेगी. गांवों में 'चौपाल' लगाई जाएंगी, जिन्हें 'वोट रक्षक' नाम दिया गया है. इसके जरिए पार्टी अपने अभियान को जमीनी स्तर तक पहुंचाने की तैयारी में है.
रामलीला मैदान में महारैली
अभियान के दौरान दिल्ली में भी बड़े कार्यक्रम प्रस्तावित हैं. 1 नवंबर को रामलीला मैदान में बड़ी रैली आयोजित की जाएगी. इसके बाद संविधान दिवस यानी 26 नवंबर को 'चलो दिल्ली' कार्यक्रम के तहत देश के अलग-अलग हिस्सों से छह यात्राएं दिल्ली पहुंचेंगी. इन यात्राओं का नेतृत्व कांग्रेस के छह वरिष्ठ नेता करेंगे.
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