Assam Cabinet का बड़ा फैसला, पूर्व Agniveers को पुलिस भर्ती में मिलेगा 12 प्रतिशत कोटा
गुवाहाटी, चार अक्टूबर असम मंत्रिमंडल ने राज्य के सेवानिवृत्त अग्निवीरों के लिए पुलिस और संबद्ध बलों में नौकरियों में आरक्षण को रविवार को मंजूरी दे दी। मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने यह जानकारी दी। शर्मा ने बताया कि मंत्रिमंडल ने वाहन स्वामित्व हस्तांतरण पर हरित उपकर लगाने और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए असम रेजिमेंटल सेंटर को एकमुश्त वित्तीय सहायता देने को भी मंजूरी दी है।
मंत्रिमंडल की बैठक की अध्यक्षता करने के बाद संवाददाता सम्मेलन में शर्मा ने कहा कि पुलिस, एपीआरओ, एसडीआरएफ, अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाओं, वन रक्षक और आबकारी विभाग में 11 श्रेणियों की भर्ती में असम के मूल निवासी पूर्व अग्निवीरों के लिए 12 प्रतिशत आरक्षण को मंजूरी दी गई है। अधिकारियों ने बताया कि वाहनों के स्वामित्व हस्तांतरण पर हरित उपकर लगाने का उद्देश्य वनीकरण और संरक्षण के जारी प्रयासों में सहयोग करना है। शर्मा ने कहा, ‘‘हरित उपकर इलेक्ट्रिक वाहनों, सीएनजी वाहनों, दोपहिया और तिपहिया वाहनों तथा वाहन मालिक की मृत्यु के कारण स्वामित्व हस्तांतरण पर लागू नहीं होगा।’’ मुख्यमंत्री ने बताया कि शिलांग स्थित असम रेजिमेंटल सेंटर में बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 10 करोड़ रुपये की एकमुश्त राशि को भी मंजूरी दी गई है।
मंत्रिमंडल ने गुवाहाटी में ब्रह्मपुत्र रिवरफ्रंट विकास परियोजना के दूसरे चरण की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने के लिए टाटा कंसल्टिंग इंजीनियर्स लिमिटेड की सेवाएं लेने को भी मंजूरी दी।
असम में Akhil Gogoi न लें श्रेय, इसलिए रोकी जा रही बाढ़ राहत राशि: Himanta Biswa Sarma
गुवाहाटी, चार अक्टूबर असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व शर्मा ने रविवार को कहा कि पूर्वी जिलों में बाढ़ प्रभावित लोगों को दी जाने वाली आर्थिक सहायता जारी करने में देरी की जा रही है, ताकि विपक्षी विधायक अखिल गोगोई इसका श्रेय न ले सकें। रायजोर दल के अध्यक्ष गोगोई पिछले तीन दिन से यहां राज्य विधानसभा परिसर में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं और जल्द से जल्द सहायता राशि जारी करने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री पर इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने और गंभीर स्थिति को हल्का बताने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि कुछ परिवारों को छोड़कर अधिकांश प्रभावित लोगों को सरकार की ओर से कोई आर्थिक सहायता नहीं मिली है। शर्मा ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, “करीब सात दिन पहले गोगोई ने मुआवजे के मुद्दे पर मुझसे फोन पर काफी देर तक बात की थी... मैंने उन्हें विस्तार से समझाया था। अब जब उन्हें पता है कि लोगों को पैसा मिलने वाला है, तो वह इसका श्रेय लेना चाहते हैं।
हमें सहायता राशि जारी करने में देरी करनी होगी, ताकि वह इसका श्रेय न ले सकें।” मुख्यमंत्री ने कहा, “मेरी गलती यह थी कि मैंने उन्हें मुआवजे से जुड़ी जानकारी दे दी। वह इस मुद्दे पर राजनीति कर रहे हैं और मैं भी राजनीति करूंगा।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi









