Flydubai के रियल हीरो कैप्टन स्मित मच्छार का सबसे पहले इलाज किसने किया? जानिए उस डॉक्टर क्या बताया
Flydubai की फ्लाइट FZ1073 में 30 सितंबर 2026 को जो कुछ हुआ, उसने विमान में सवार यात्रियों के साथ-साथ पूरी दुनिया को झकझोर दिया. दुबई से तेल अवीव जा रही Boeing 737 में उड़ान के दौरान को-पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर कथित तौर पर धारदार हथियार से हमला कर दिया. इसके बाद विमान अचानक तेजी से नीचे आने लगा और कुछ ही देर में स्थिति बेहद गंभीर हो गई. फ्लाइट में 174 लोग सवार थे.
हालांकि भारतीय पायलट ने अपनी जाबांजी से 174 लोगों की जान बचा ली. लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस दौरान भारतीय पायल स्मिथ मच्छार गंभीर जख्मी हो गए. उनका सबसे पहले उपचार करने वाले डॉक्टर ने बताया आखिर उस दौरान हुआ क्या?
यात्री और डेंटिस्ट मूसायेव शोता बने मददगार
घटना के बाद सामने आए यात्री बयानों ने इस पूरे घटनाक्रम की गंभीरता को और स्पष्ट किया. इजरायली यात्री और पेशे से डेंटिस्ट मूसायेव शोता उन लोगों में शामिल थे, जिन्होंने कॉकपिट की ओर जाकर हमलावर को काबू करने में मदद की.
शोता ने बताया कि उन्हें लगा कि विमान में कुछ गंभीर गड़बड़ हुई है, इसलिए उन्होंने इंतजार नहीं किया और कॉकपिट की ओर दौड़ पड़े. वहां उन्होंने घायल कैप्टन मच्छार को देखा. उनके मुताबिक, पायलट के सिर और हाथों से काफी खून बह रहा था.
शोता ने बताया कि विमान में वे अकेले डॉक्टर थे और उन्होंने कैप्टन को तत्काल प्राथमिक चिकित्सा देने की कोशिश की. उन्होंने खून का बहाव रोकने पर ध्यान दिया और लैंडिंग तक उनकी स्थिति पर नजर रखी.
Another hero in this chain of miracles aboard the flight from Dubai is Shota Musaev.
— Mykhailo Rohoza (@MykhailoRohoza) September 30, 2026
Shota is a dentist and was the only doctor on board. He was one of three passengers who rushed into the cockpit and stopped the terrorist. Together, they tied the attacker’s hands and feet with… pic.twitter.com/5wiWpVzHZq
'कैप्टन की हालत बिगड़ने लगी थी'
शोता के मुताबिक, शुरुआत में कैप्टन मच्छार होश में थे और उनसे बातचीत कर रहे थे. लेकिन लैंडिंग से पहले उनकी हालत कुछ बिगड़ने लगी थी. उन्होंने बताया कि कैप्टन के शरीर पर कई कट के निशान थे और खून काफी बह चुका था.
AP से बातचीत में शोता ने कहा कि घायल पायलट लगातार उनके संपर्क में थे और प्रार्थना कर रहे थे. शोता को डर था कि ज्यादा खून बहने की वजह से कहीं उन्हें खो न दें.
यह बयान इस बात को सामने लाता है कि विमान के भीतर संकट सिर्फ विमान को सुरक्षित उतारने तक सीमित नहीं था. एक तरफ यात्रियों और क्रू को हमलावर को रोकना था, तो दूसरी तरफ गंभीर रूप से घायल कैप्टन की जान बचाने के लिए तत्काल मेडिकल सहायता भी जरूरी थी.
अचानक तेजी से नीचे आने लगा विमान
घटना के दौरान विमान ने कुछ ही समय में काफी ऊंचाई खो दी. Reuters और AP की रिपोर्टों के मुताबिक, विमान लगभग 33-34 हजार फीट की ऊंचाई से तेजी से नीचे आया. इस दौरान विमान की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा हो गई थी.
भयावह स्थिति में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में मदद की. इसके बाद यात्रियों और क्रू के कुछ सदस्यों को अंदर पहुंचकर हमलावर को काबू करने का मौका मिला. विमान को बाद में सऊदी अरब के तबूक में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई.
हमले के बाद भी नहीं छोड़ा हिम्मत का साथ
हमले में कैप्टन मच्छार गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनके सिर और हाथों पर गहरे घाव आए और काफी खून बहा. इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में मदद की, जिससे बाहर मौजूद यात्रियों और क्रू को अंदर जाने का रास्ता मिला.
इजरायली अधिकारियों के मुताबिक, कॉकपिट में पहुंचने वाले यात्रियों ने कथित हमलावर को काबू किया. इसी दौरान विमान में मौजूद ऑफ-ड्यूटी Flydubai पायलटों ने भी विमान को सुरक्षित तरीके से उतारने में मदद की.
तबूक में हुई इमरजेंसी लैंडिंग
विमान को आखिरकार सऊदी अरब के तबूक एयरपोर्ट की ओर मोड़ा गया. वहां विमान की इमरजेंसी लैंडिंग हुई और घायल कैप्टन सहित पायलटों को अस्पताल ले जाया गया.
भारतीय दूतावास के मुताबिक कैप्टन मच्छार की हालत स्थिर थी और उन्हें जरूरी चिकित्सा सहायता दी जा रही थी. बाद की रिपोर्टों में उनके इलाज और सर्जरी की जानकारी भी सामने आई.
कैप्टन मच्छार की बहादुरी को दुनिया ने किया सलाम
कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की चर्चा भारत से लेकर इजरायल तक हुई. भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें 'हीरो' बताते हुए कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने दूसरों की जान बचाने के लिए साहस और दृढ़ संकल्प दिखाया. इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी उनकी बहादुरी की प्रशंसा की और कहा कि उनके प्रयासों ने बड़ी विमान दुर्घटना को टालने में मदद की.
मच्छार मुंबई से हैं और उनके पास करीब 9,750 फ्लाइंग घंटे का अनुभव बताया गया है। उन्होंने Flydubai से पहले SpiceJet में 11 साल से ज्यादा समय तक काम किया था और 2022 में Flydubai से जुड़े थे।
एक संकट, कई लोगों की हिम्मत
Flydubai FZ1073 की घटना को सिर्फ एक पायलट की बहादुरी की कहानी के तौर पर देखना पूरी तस्वीर नहीं होगी. कैप्टन मच्छार ने गंभीर चोट के बावजूद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, यात्रियों ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में मदद की, डेंटिस्ट मूसायेव शोता ने घायल पायलट को प्राथमिक चिकित्सा दी और विमान में मौजूद अन्य प्रशिक्षित पायलटों ने सुरक्षित लैंडिंग में योगदान दिया.
174 लोगों को लेकर उड़ रहे विमान में कुछ ही मिनटों में पैदा हुआ संकट आखिरकार तबूक में सुरक्षित लैंडिंग के साथ थमा. कैप्टन मच्छार की गंभीर चोटों के बावजूद उनकी कार्रवाई उस घटनाक्रम का अहम हिस्सा रही, जिसने यात्रियों को कॉकपिट तक पहुंचने और विमान पर दोबारा नियंत्रण स्थापित करने का मौका दिया. फिलहाल उनका इलाज जारी है और भारतीय अधिकारी उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे हैं.
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Christa Pike taken to hospital after surviving execution, lawyer says | BBC News
Tennessee death row inmate Christa Pike has been taken to hospital after she was still alive following two lethal injections during her execution, her lawyer says. Her legal team filed an emergency motion to halt the execution as it was happening, saying: "Ms Pike has lost consciousness and still has a heartbeat and is audibly snoring." One of her attorneys told the BBC that Pike, 50, was "being provided life-saving measures" in hospital after two syringes of pentobarbital had been administered. There has been no comment yet from the state of Tennessee. Pike was sentenced to death in 1996 for the murder of Colleen Slemmer. Subscribe to our channel here: https://bbc.in/bbcnews For the latest news download the BBC News app or visit BBC.com/news #BBCNews
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