मां को घर से बाहर करना चाहता था बेटा, पर कोर्टरूम में पलट गया पूरा 'खेल', बहू भी हो गई बेदखल
दिल्ली हाई कोर्ट ने संपत्ति विवाद में अहम फैसला सुनाते हुए साफ किया कि सिर्फ किसी घर में रहने या उसके निर्माण और मरम्मत में पैसे लगाने से बेटे को अपने आप सह मालिकाना हक नहीं मिल जाता. करावल नगर के एक मामले में बेटे और उसकी पत्नी ने मां के घर पर अपना अधिकार जताया था. बेटे का दावा था कि उसने जमीन खरीदने में 1.5 लाख रुपये और मकान निर्माण में 60 हजार रुपये दिए थे. हालांकि, वह इन भुगतानों का कोई ठोस सबूत पेश नहीं कर सका. कोर्ट ने दोनों को मकान खाली करने और लगाए गए ताले हटाने का निर्देश दिया है.
भारत के एससीओ समन्वयक ने इस्लामाबाद बैठक में क्षेत्रीय संपर्क, व्यापार, पारगमन को दी प्रमुखता
भारत के एससीओ समन्वयक ने इस्लामाबाद बैठक में क्षेत्रीय संपर्क, व्यापार, पारगमन को दी प्रमुखता
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News18
IBC24








