उदयनिधि स्टालिन ने TVK पर चुनावी वादे न निभाने और कानून व्यवस्था बिगाड़ने का आरोप लगाया
तमिलनाडु विधानसभा में विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने सत्तारूढ़ टीवीके पर चुनावी वादे पूरे नहीं करने और कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का आरोप लगाते हुए निशाना साधा। उदयनिधि ने आरोप लगाया कि पार्टी के विधायक शासन से जुड़े मुद्दों पर ध्यान देने के बजाय मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की तारीफ करने में अधिक व्यस्त हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) ने संदिग्ध तरीकों से अन्य राजनीतिक दलों के सदस्यों को अपनी पार्टी में शामिल किया है।
उन्होंने इस प्रक्रिया की तुलना ‘डिलीवरी ऐप’ के जरिए सोफा मंगाने से की। उदयनिधि ने छह अक्टूबर को होने वाले उपचुनाव के लिए धारापुरम में एस. सुगन्या के समर्थन में प्रचार करते हुए टीवीके सरकार पर कई चुनावी वादे पूरे नहीं करने का आरोप लगाया। इनमें महिलाओं को आर्थिक सहायता, रसोई गैस सिलेंडर मुफ्त देना, बेरोजगारों को सहायता और किसानों के कृषि ऋण पूरी तरह माफ करना शामिल है।
उन्होंने राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति की आलोचना करते हुए अपराध की घटनाओं में बढ़ोतरी का आरोप लगाया। साथ ही, सरकार के कार्यकाल में हुई कुछ घटनाओं का हवाला देते हुए महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। उदयनिधि ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ दल के सदस्य, खासकर मंत्री और विधायक, शासन से जुड़े गंभीर मुद्दों पर ध्यान देने के बजाय विजय की प्रशंसा करने में अधिक समय लगा रहे हैं।
उन्होंने मतदाताओं से आगामी उपचुनाव में अनुसूचित जाति (एससी) के लिए आरक्षित धारापुरम सीट से द्रमुक उम्मीदवार सुगन्या का समर्थन करने की अपील की।
Rajeev Chandrasekhar का राहुल गांधी पर हमला, पीएम मोदी और चुनाव आयोग से माफी की मांग की
(फाइल फोटो के साथ जारी) तिरुवनंतपुरम, 27 सितंबर मुख्य निर्वाचन आयुक्त और मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर जारी बहस के बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की केरलम इकाई के अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ उनकी टिप्पणियों की मुख्यमंत्री वी. डी. सतीशन द्वारा निंदा किए जाने पर रविवार को पलटवार किया। यह विवाद शनिवार को उस समय शुरू हुआ जब चंद्रशेखर ने राहुल की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि मतदाताओं ने कांग्रेस को ‘‘भ्रष्टाचार, तुष्टीकरण की राजनीति, विकास रुकने और रोजगार की कमी’’ के कारण खारिज कर दिया। उन्होंने एसआईआर का बचाव करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य लोकतंत्र की रक्षा करना है।
सतीशन ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट साझा कर राहुल के खिलाफ चंद्रशेखर की टिप्पणियों की निंदा करते हुए कहा था कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष के खिलाफ व्यक्तिगत और अपमानजनक टिप्पणियों को राजनीतिक आलोचना नहीं कहा जा सकता। सतीशन ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर निर्वाचन आयोग के भीतर मतभेद की खबरों पर चंद्रशेखर की प्रतिक्रिया की भी आलोचना की। चंद्रशेखर ने रविवार को ‘एक्स’ पर सतीशन को जवाब देते हुए कहा कि वह राजनीतिक विरोधियों पर शायद ही कभी व्यक्तिगत हमला करते हैं, लेकिन वह राहुल के मामले में ऐसा करने के लिए ‘‘मजबूर’’ हुए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘2014 में थके और नाराज मतदाताओं द्वारा खारिज किए जाने के बाद से राहुल की राजनीति पूरी तरह झूठ, अपमान और समाज को बांटने पर आधारित रही है।’’ चंद्रशेखर ने आरोप लगाया कि राहुल की राजनीति ‘‘देश और उसकी संस्थाओं को लगातार कमजोर करती है।’’ उन्होंने राहुल पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ ‘‘अपमानजनक और मानहानिकारक’’ टिप्पणियां करने तथा सरकार और भाजपा के बारे में गलत सूचना फैलाने का भी आरोप लगाया। चंद्रशेखर ने कहा, ‘‘मुझे राहुल और उनकी राजनीति को धोखे एवं भ्रष्टाचार पर आधारित राजनीति करार देने तथा उन्हें ‘धोखेबाज’ कहने में कोई झिझक या संकोच नहीं है।’’ उन्होंने प्रधानमंत्री और निर्वाचन आयोग के खिलाफ राहुल की टिप्पणियों की आलोचना करते हुए कहा कि निंदा वास्तव में उन टिप्पणियों की होनी चाहिए। चंद्रशेखर ने कहा, ‘‘राजनीति में सम्मान देश के लिए ईमानदारी से कड़ी मेहनत और सेवा करके अर्जित करना पड़ता है।
वंशवाद के सहारे बने अपने पूरे राजनीतिक जीवन में राहुल ने इनमें से कुछ भी नहीं किया।’’ चंद्रशेखर ने एसआईआर के बारे में कहा कि सतीशन के विचार कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के रुख से मेल नहीं खाते। उन्होंने कहा कि ‘‘फर्जी, काल्पनिक और अवैध मतदाताओं के नाम मतदाता सूचियों से हटाए जाने चाहिए और हटाए जाएंगे।’’ चंद्रशेखर ने कहा कि सामान्य तौर पर वह सतीशन की आलोचना को नजरअंदाज कर देते लेकिन उन्होंने जवाब इसलिए दिया क्योंकि सतीशन उनके राज्य के मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने कहा, ‘‘मैं वादा करता हूं कि अगर आप प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ‘देशद्रोही’ कहने और निर्वाचन आयोग के बारे में झूठ बोलने के लिए राहुल से माफी मंगवा दें तो मैं उन्हें ‘धोखेबाज’ कहना बंद कर दूंगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन अगर आप मेरी इस पेशकश को स्वीकार नहीं करते और झूठ, अधूरे वादों, भ्रष्टाचारएवं तुष्टीकरण को अपनी राजनीतिक रणनीति के तौर पर इस्तेमाल करना जारी रखते हैं तो हर बार आपको ‘धोखेबाज’ कहा जाएगा।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi










