UPA राज में मिले सिर्फ ₹372 करोड़, Kerala रेल बजट पर बोले Rajeev Chandrasekhar
केरल बीजेपी प्रमुख राजीव चंद्रशेखर ने मंगलवार को केंद्र में तत्कालीन कांग्रेस-नीत UPA सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि राज्य में आठ केंद्रीय मंत्री होने के बावजूद, उनके कार्यकाल में रेलवे में पर्याप्त निवेश नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के तहत राज्य के लिए रेलवे फंडिंग में काफी बढ़ोतरी हुई है। एक्स पर एक पोस्ट में चंद्रशेखर ने कहा कि UPA शासन के दौरान 2014 में रेलवे विकास के लिए केरल को 372 करोड़ रुपये मिले थे, जब सरकार को CPI(M) का समर्थन प्राप्त था। उन्होंने कहा कि 2026-27 वित्तीय वर्ष में यह आवंटन बढ़कर 3,795 करोड़ रुपये हो गया है, जबकि राज्य से बीजेपी का केवल एक सांसद है। इसे 10 गुना बढ़ोतरी बताते हुए चंद्रशेखर ने कहा कि राज्य भर में अभी 20,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा के रेलवे प्रोजेक्ट्स पर काम चल रहा है। उन्होंने कहा मोदीजी सिर्फ़ विकास का वादा नहीं करते, बल्कि उसे पूरा भी करते हैं।
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उन्होंने कांग्रेस और CPI(M) पर "वोट-बैंक की राजनीति" जारी रखने का आरोप भी लगाया और दावा किया कि BJP के नेतृत्व वाली NDA सरकार सभी मलयाली लोगों के हितों की रक्षा करते हुए विकास कर रही है। उनके ये बयान केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के उस बयान के एक दिन बाद आए, जिसमें उन्होंने कहा था कि केरल में रेल नेटवर्क के विकास के लिए फंड आवंटन 10 गुना बढ़ गया है - 2014 में यह 372 करोड़ रुपये था, जो 2026-27 फाइनेंशियल ईयर में बढ़कर 3,795 करोड़ रुपये हो गया है। मंत्री ने कहा कि ज़्यादा आवंटन से पता चलता है कि राज्य में रेलवे नेटवर्क के विकास के लिए एक साफ़ रोडमैप है। वैष्णव ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा हमने केरल में रेलवे नेटवर्क के विकास पर भी चर्चा की। माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने केरल के लिए आवंटन को 10 गुना बढ़ाकर FY26-27 में 3,795 करोड़ रुपये कर दिया है। 2014 में यह राशि सिर्फ़ 372 करोड़ रुपये थी। मैंने माननीय मुख्यमंत्री @vdsatheesan जी के साथ भी इस मामले पर चर्चा की।
Ram Mandir चढ़ावा चोरी केस: Akhilesh Yadav बोले- BJP के खिलाफ धर्म बचाने की जंग होगा चुनाव
समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख अखिलेश यादव ने मंगलवार को कहा कि अयोध्या स्थित राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी प्रकरण में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और उसके संगी-साथियों की संलिप्तता अब जगजाहिर हो चुकी है और अगला चुनाव भाजपा के खिलाफ धर्म को बचाने की किसी जंग से कम नहीं होगा। यादव ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में कहा, अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावा चोरी की पहली सतही जांच में ही आँकडा 70 से 50 प्रतिशत आगे बढ़कर 105 प्रतिशत हो गया है।
ये बेहद निंदनीय है कि सरकारी देखरेख में ‘धर्म धन की चोरी’ का इतना अधर्मी कुकृत्य किया गया है। उन्होंने इसी पोस्ट में आगे कहा, भाजपाई और उनके संगी-साथियों की संलिप्तता पूरे अयोध्या में चर्चा का विषय है। जनता का भाजपा पर अब रत्ती भर भी विश्वास नहीं रह गया है। अयोध्या ही नहीं पूरे उत्तर प्रदेश, देश व दुनिया में भाजपा की थू-थू हो रही है।
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, संपूर्ण विश्व के सनातनियों को इस बात से गहरा आघात पहुंचा है कि उन्होंने जो दान-पुण्य का पैसा धर्म के विकास के लिए दिया था उस धन को भाजपाइयों और उनके संगी-साथियों ने चुराकर अपना-अपना खजाना भर लिया है। उन्होंने कहा कि यह अपराध भी है और पाप भी, इसीलिए सबने संकल्प लिया है कि अब भाजपा को सदैव के लिए हराना और हटाना है।
यादव ने कहा, भाजपा के खिलाफ अगला चुनाव धर्म को बचाने की किसी जंग से कम नहीं होगा, इसीलिए धर्म-प्रधान लोग कह रहे हैं कि अब भाजपा के विरुध्द होगा धर्म युद्ध! राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी का मामला जून के पहले सप्ताह में सामने आया था, जिसके बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने आरोपों की जांच के लिए 13 जून को एक विशेष अन्वेषण दल (एसआईटी) का गठन किया था।
23 जून को मिली उसकी प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर 25 जून को एक प्राथमिकी दर्ज करके आठ आरोपियों अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडेय, रामशंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव और रमाशंकर यादव उर्फ टीनू यादव को गिरफ्तार किया गया था।
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