जे एक्यूज! एक लेख जिसने फ्रांस की आत्मा को झकझोर दिया था
नई दिल्ली, 12 जनवरी (आईएएनएस)। 13 जनवरी 1898 को फ्रांस के राजनीतिक और बौद्धिक इतिहास में एक ऐसा क्षण दर्ज हुआ, जिसने न्याय, लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की परिभाषा बदल दी। इसी दिन फ्रांस के प्रसिद्ध लेखक और विचारक एमील जोला ने पेरिस से प्रकाशित होने वाले अखबार एल' अरोर में अपना ऐतिहासिक खुला पत्र “जे’एक्यूज…!” प्रकाशित किया। यह लेख केवल एक अखबारी टिप्पणी नहीं था, बल्कि सत्ता, सेना और न्यायपालिका के विरुद्ध सीधा आरोपपत्र था।
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