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Coconut Oil Purity Check: आपका नारियल तेल तो मिलावटी नहीं? इन आसान तरीकों से करें पहचान
Coconut Oil Purity Check: नारियल तेल का इस्तेमाल आज सिर्फ खाना पकाने तक सीमित नहीं है। बालों की देखभाल, त्वचा की मालिश और कई घरेलू नुस्खों में भी इसका खूब इस्तेमाल होता है। यही वजह है कि बाजार में नारियल तेल की मांग बनी रहती है। लेकिन बढ़ती मांग के साथ मिलावट का सवाल भी सामने आता है। पैकेट या बोतल देखकर यह हमेशा तय करना आसान नहीं होता कि तेल पूरी तरह शुद्ध है या उसमें किसी दूसरे तेल की मिलावट की गई है।
घर पर कुछ आसान शुरुआती जांच से आप नारियल तेल की गुणवत्ता को लेकर अंदाजा जरूर लगा सकते हैं। हालांकि, किसी भी घरेलू टेस्ट को लैब टेस्ट का विकल्प नहीं माना जा सकता। खासकर खाने के लिए इस्तेमाल होने वाले तेल की शुद्धता को लेकर संदेह हो तो पैकेजिंग, लेबल, FSSAI जानकारी और विश्वसनीय स्रोत से खरीदारी पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है।
जमने का टेस्ट कर सकते हैं
नारियल तेल की एक खासियत है कि सामान्य तापमान कम होने पर यह ठोस या अर्ध-ठोस रूप ले सकता है। थोड़ी मात्रा तेल को साफ कांच के बर्तन में रखकर कुछ समय ठंडे स्थान पर देखें। अगर तेल ठोस होने लगता है तो यह सामान्य व्यवहार हो सकता है। हालांकि, सिर्फ जमने या न जमने से शुद्धता का पक्का फैसला नहीं किया जा सकता, क्योंकि तापमान और नारियल तेल की प्रोसेसिंग से भी इसका टेक्सचर बदल सकता है।
रंग और बनावट पर दें ध्यान
अच्छी गुणवत्ता वाला रिफाइंड नारियल तेल आमतौर पर साफ और हल्के रंग का दिखाई दे सकता है, जबकि वर्जिन नारियल तेल में हल्की प्राकृतिक खुशबू और अलग रंग-रूप हो सकता है। अगर तेल में असामान्य धुंधलापन, गंदगी या तलछट नजर आए तो सावधान होना चाहिए। हालांकि, प्राकृतिक नारियल तेल के प्रकार के अनुसार रंग और गंध में अंतर होना भी सामान्य है।
खुशबू से मिल सकता है शुरुआती संकेत
वर्जिन या अनरिफाइंड नारियल तेल में नारियल की हल्की प्राकृतिक खुशबू मौजूद रह सकती है। अगर तेल से बहुत तेज केमिकल जैसी गंध आए या उसकी महक सामान्य से बिल्कुल अलग लगे, तो उत्पाद की गुणवत्ता पर सवाल उठ सकता है। दूसरी तरफ रिफाइंड नारियल तेल में तेज नारियल की खुशबू न होना भी सामान्य है, इसलिए केवल खुशबू के आधार पर मिलावट तय करना सही नहीं होगा।
लेबल और पैकेजिंग जरूर जांचें
मिलावट पहचानने का सबसे व्यावहारिक तरीका सिर्फ घरेलू प्रयोग नहीं, बल्कि बोतल के लेबल को ध्यान से पढ़ना भी है। उत्पाद में कोकोनट ऑयल या संबंधित खाद्य श्रेणी की स्पष्ट जानकारी, निर्माता का नाम-पता, बैच नंबर, निर्माण या पैकिंग की तारीख, एक्सपायरी और आवश्यक लाइसेंस संबंधी विवरण जरूर देखें। पैकेजिंग टूटी या संदिग्ध हो तो ऐसे उत्पाद से बचना बेहतर है।
कीमत बहुत कम हो तो रहें सतर्क
अगर कोई नारियल तेल समान मात्रा और समान श्रेणी के दूसरे उत्पादों की तुलना में असामान्य रूप से सस्ता मिल रहा है, तो खरीदने से पहले सावधानी बरतें। कम कीमत हमेशा मिलावट का प्रमाण नहीं होती, लेकिन बहुत ज्यादा मूल्य अंतर होने पर ब्रांड, सामग्री और पैकेजिंग की दोबारा जांच करना समझदारी है।
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लेखक: (कीर्ति)
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