Responsive Scrollable Menu

24 वर्षीय मानव सुथार ने जो 2 टेस्ट मैचों में कर दिखाया, वो अश्विन जैसा दिग्गज भी भारत के लिए नहीं कर पाया

Manav Suthar : भारत के 24 वर्षीय स्पिनर मानव सुथार का नाम इन दिनों चर्चाओं का विषय बना हुआ है. राजस्थान के इस बाएं हाथ के ऑर्थोडॉक्स स्पिन गेंदबाज ने जून 2026 में अफगानिस्तान के खिलाफ अपना टेस्ट डेब्यू किया. इसके बाद उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ 15 अगस्त को भारत के लिए अपना दूसरा टेस्ट मैच खेला. ऐसे में उन्होंने अपने दूसरे ही टेस्ट मैच में कुछ ऐसा कर दिखाया है, जो अब तक बड़े-बड़े दिग्गज नहीं कर पाए हैं. मानव सुथार ने अपनी लाइन और लेंथ से सभी को प्रभावित किया है.

सुथार ने विकेट लेने की अपनी काबिलियत को भी दर्शाया है. इसके साथ ही सुथार की घुमती गेंदों का भी विरोधी बल्लेबाजों के पास कोई जवाब नहीं हैं. सुथार ने श्रीलंका के खिलाफ गाले में भारत की ओर से अपने दूसरे ही टेस्ट मैच में पहला 10 विकेट हॉल हासिल किया. इसके बाद उन्होंने कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए. आज हम आपको उनके एक ऐसे ही अनोखे रिकॉर्ड के बारे में बताने वाले हैं. 

मानव सुथार ने 2 टेस्ट मैचों में ही कर दिया कमाल

मानव सुथार ने भारत के लिए अब तक कुल 2 टेस्ट मैच खेले हैं. उन्होंने भारत के लिए दो टेस्ट मैचों में कुल 17 विकेट हासिल किए हैं. इसमें से 10 विकेट उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ दो पारियों में हासिल किए. वहीं अफगानिस्तान के खिलाफ उन्होंने इंडियन टीम को 7 विकेट दिलाए थे, वो अब तक 2 टेस्ट मैचों में 2 बार फाइव विकेट हॉल भी हासिल कर चुके हैं. सुथार ने अफगानिस्तान के खिलाफ और अब श्रीलंका के खिलाफ 5 विकेट हॉल हासिल किया है.

मानव सुथार 2 टेस्ट मैचों में 17 विकेट लेने के साथ ही उन खिलाड़ियों की लिस्ट में तीसरे स्थान पर आ गए हैं, जिन्होंने भारत के लिए अपने पहले 2 टेस्ट मैच में सबसे ज्यादा विकेट हासिल किए हैं. इस लिस्ट में सुथार ने वेंकटेश प्रसाद और रविचंद्रन अश्विन को पीछे छोड़ दिया है.

जो मानव सुथार ने कर दिखाया वो अश्विन भी नहीं कर पाए

नरेंद्र हिरवाणी ने भारत के लिए 2 टेस्ट में 24 विकेट हासिल किए थे. वो इस लिस्ट में नंबर 1 पर हैं. उनके बाद अक्षर पटेल नंबर 2 पर हैं, जिन्होंने 2 मैचों में 18 विकेट हासिल किए हैं. सुथार 2 टेस्ट में 17 विकेट लेकर नंबर 3 पर है. नन्दलाल यादव 2 टेस्ट में 13 विकेट के साथ चौथे नंबर पर हैं. वहीं वेंकटेश प्रसाद 2 मैचों में 13 विकटे के साथ पांचवें और रविचंद्रन अश्विन पहले 2 टेस्ट मैचों में 13 विकेट के साथ छठवें स्थान पर बने हुए हैं. 

अब भारत और श्रीलंका के बीच होने वाले दूसरे टेस्ट मैच में सभी की निगाहें एक बार फिर मानव सुथा पर होंगी. इन दोनों टीमों के बीच कोलंबो में होने वाले इस मैच में स्पिनर्स का दबदबा एक बार फिर से देखने के लिए मिलने वाला है. ऐसे में सुथार के साथ-साथ कुलदीप यादव और रविंद्र जडेजा पर भी नजरें रहने वाली हैं.

ये भी पढ़ें : जोश टंग और ओली रॉबिन्सन ने बॉल काटकर शेयर कर पर दिया बड़ा बयान, जानें पाकिस्तान के खिलाफ 5-5 विकेट लेने पर क्या कहा?

Continue reading on the app

Raksha Bandhan 2026 Kab Hai: 28 या 29 अगस्त? जानें राखी की सही तारीख, शुभ मुहूर्त और भद्रा काल

Raksha Bandhan 2026: रक्षाबंधन का त्योहार हर साल सावन मास की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है. ज्योतिषाचार्य हरीगोपाल शर्मा के अनुसार, इस वर्ष लोगों के बीच राखी के त्योहार को लेकर थोड़ी कंफ्यूजन है क्योंकि पूर्णिमा तिथि का प्रारंभ एक दिन पहले से हो रहा है. लेकिन हिंदू मान्यताओं के अनुसार, उदयातिथि को महत्व दिया जाता है. ऐसे में साल 2026 में रक्षाबंधन 28 अगस्त, शुक्रवार  को मनाया जाएगा. इस दिन सभी बहनें अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधेंगी और उनकी सुख-समृद्धि व लंबी उम्र की कामना करेंगी और भाई अपनी बहन की रक्षा का वचन उन्हें देंगे. चलिए अब इस आर्टिकल में जानते रक्षा बंधन 2026 के लिए शुभ मुहूर्त, सही तारीख और भद्रा काल से जुड़ा पूरा विवरण.

2026 में 28 या 29 अगस्त, कब मनाई जाएगी राखी?

द्रिक पंचांग के अनुसार, इस वर्ष रक्षाबंधन 28 अगस्त, 2026 को मनाया जाएगी न कि 29 अगस्त को. दरअसल, श्रावण माह की पूर्णिमा तिथि का प्रारंभ 27 अगस्त को सुबह 9:08 मिनट पर होगा और 28 अगस्त को सुबह 9:48 बजे इस तिथि का समापन होगा. पूर्णिमा के धार्मिक महत्व और राखी बांधने के उपयुक्त समय को देखते हुए ज्योतिषियों ने 28 अगस्त को रक्षाबंधन मनाने की सलाह दी है. इसलिए, भाई-बहन 28 अगस्त को ही राखी का त्योहार मनाएं.

ये भी पढ़ें- Raksha Bandhan 2026: हेल्थ इंश्योरेंस से लेकर डिजिटल गोल्ड तक, इस रक्षा बंधन बहनों को पैसे नहीं बल्कि दें ये गिफ्ट्स

रक्षा बंधन 2026 पूर्णिम तिथि कब से कब तक रहेगी?

रक्षाबंधन के लिए महत्वपूर्ण सावन पूर्णिमा की तिथि 27 अगस्त 2026 को सुबह 9 बजकर 8 मिनट से शुरू होगी और 28 अगस्त 2026 को सुबह 9:48 बजे तक रहेगी. यानी इस वर्ष पूर्णिमा तिथि दो तारीखों को पर पड़ रही है, इसी वजह से रक्षाबंधन की तारीख को लेकर लोगों के मन में असमंजस बना हुआ है. हालांकि, पंचांग गणना के अनुसार, रक्षाबंधन 28 अगस्त को है क्योंकि पूर्णिमा तिथि पर इस दिन सूर्योदय होगा.

रक्षा बंधन 2026 का पंचांग एक नजर में

रक्षा बंधन- 28 अगस्त 2026, शुक्रवार

पूर्णिमा तिथि प्रारंभ- 27 अगस्त को सुबह 9:08 तक

पूर्णिमा तिथि समाप्त- 28 अगस्त 2026 को सुबह 9:48 तक

राखी बांधने का शुभ मुहूर्त- सुबह 5 बजकर 55 मिनट से सुबह 9:48 तक

वर्जित समय (राहुकाल)- सुबह 10:40 से दोपहर 12:15 मिनट तक

इसके अलावा, रक्षा बंधन के दिन ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:25 से लेकर 5:11 मिनट तक है. इस दिन अभिजीत मुहूर्त- दोपहर 11:50 से दोपहर 12:40 तक रहेगा. वहीं, अमृत काल शाम 7:44 से रात 9:23 तक रहेगा.

रक्षा बंधन2026 पर राखी बांधने का शुभ मुहूर्त

2026 में राखी बांधने का शुभ समय सुबह 5:55 बजे से 9:48 बजे तक रहेगा. इस दौरान बहनें विधि-विधान से अपने भाई की कलोई पर राखी बांध सकती हैं. पंचांग के अनुसार, रक्षाबंधन की रस्म के लिए भद्रा काल और राहुकाल से बचना जरूरी माना जाता है. हालांकि, ज्योतिषियों के अनुसार राखी पूरे दिन बांधी जाएगी क्योंकि इस बार भद्रा का साया नहीं है.

रक्षा बंधन 2026 भद्रा काल कब खत्म होगा?

इस साल रक्षा बंधन पर भद्रा काल नहीं लगेगा. जी हां, धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भद्रा के दौरान कोई भी शुभ कार्य करने से बचना चाहिए और इसी वजह से भद्रा समाप्त होने के बाद ही राखी बांधी जाती है. मगर 2026 के पंचांग के अनुसार, भद्रा सूर्योदय से पहले ही समाप्त हो रहा है यानी कि 27 अगस्त को ही. इस दिन भद्रा का समय सुबह 9:08 से लेकर रात्रि 9:32 तक रहेगा.  इसलिए, लोग 28 अगस्त को सूर्योदय के बाद पूरे दिन आराम से राखी बांध सकते हैं.

क्या भद्रा में राखी बांधना अशुभ माना जाता है?

हिंदू परंपराओं में भद्रा को शुभ कार्यों के लिए अनुकूल समय नहीं होता है. रक्षाबंधन की रस्म भी भद्रा के दौरान न करने की सलाह दी जाती है. मान्यताओं के अनुसार, पहले भद्रा के समाप्त होने का इंतजार करना चाहिए और उसके बाद ही राखी बांधी जाती है. 

रक्षा बंधन पर कैसे बांधें राखी? जानें पूजन विधि

रक्षा बंधन के दिन सबसे पहले बहनों को सुबह जल्दी स्नान करके साफ या नए कपड़े पहनने चाहिए. इसके पश्चात पूजा स्थल की सफाई कर भगवान का ध्यान करना चाहिए. कुछ लोग इस दिन पहले ईश्वर को भी राखी बांधते हैं जैसे हनुमान जी, गणेश जी और कृष्ण कन्हैया को. इसके बाद इस दिन भाई को शुभ मुहूर्त में आसन पर बैठाएं. उनके माथे पर रोली या कुमकुम से तिलक करें. अक्षत लगाकर उसकी आरती उतारें. फिर भाई के दाहिने हाथ की कलाई पर राखी बांधें और मिठाई खिलाएं. यदि भाई छोटा है तो उसे आशीष व प्यार दें. अगर भाई बड़ा है तो आप स्वयं उसका आशीर्वाद लें. बहन अपने भाई की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि की कामना करे. इसके बाद भाई अपनी बहन को उपहार देकर उसकी रक्षा और हर परिस्थिति में साथ देने का संकल्प लेते हैं.

रक्षा बंधन 2026 पूजा थाली में क्या रखें?

राखी की पूजा थाली को पहले से तैयार करके रखना अच्छा रहता है. इसमें आप ये चीजें रख सकती हैं:

  • राखी
  • रोली या कुमकुम
  • अक्षत यानी साबुत चावल
  • दीया, देसी घी का
  • अगरबत्ती या धूप
  • फूल
  • मिठाई
  • कलश या पानी
  • आरती की थाली
  • भाई के लिए नारियल
  • भाई की पसंद के अनुसार फल

राखी बांधते समय भाई-बहन को किस दिशा में बैठना चाहिए?

राखी बांधते समय दिशा को लेकर अलग-अलग पारंपरिक मान्यताएं हैं. सामान्य रूप से भाई को साफ आसन पर बैठाकर बहन उसके सामने बैठती है और तिलक, आरती के बाद राखी बांधती है. राखी बांधते समय भाई का मुख पूर्व या उत्तर-पूर्व (ईशान कोण) दिशा की ओर होना चाहिए. वहीं, बहन का मुख पश्चिम या दक्षिण-पश्चिम दिशा की ओर होना चाहिए.

रक्षा बंधन का क्या है महत्व?

रक्षा बंधन भाई-बहन के प्रेम, भरोसे और एक-दूसरे के प्रति जिम्मेदारी का पर्व माना जाता है. इस दिन बहन अपने भाई की कलाई पर राखी बांधकर उसके अच्छे स्वास्थ्य, सुख और लंबी उम्र की कामना करती है. भाई भी बहन की रक्षा का वचन देते हैं. 

रक्षा बंधन की पौराणिक कथा क्या है?

रक्षा बंधन से जुड़ी कई पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं, लेकिन महाभारत काल से जुड़ी द्रौपदी और श्रीकृष्ण वाली की इस कथा के बारे में अधिक वर्णन है. इस कथा के तहत एक बार पतंग उड़ाते समय भगवान कृष्ण का हाथ कट जाता है तो द्रौपदी तुरंत अपनी साड़ी का कोना फाड़कर उससे घाव को बांधती है. इससे घाव से खून नहीं बहता है और कृष्ण जी उन्हें बोलते हैं कि तुम्हारी इस रक्षा सूत्र का मूल वो रक्षा से ही चुकाएंगे. इसके बाद वस्त्रहरण के समय आकाश से ऐसी साड़ी आई जो कभी खत्म ही नहीं हो रही थी. कहा जाता है कि यह श्रीकृष्ण की ही लीला थी, जिस वजह से दयुत सभा में द्रौपदी की रक्षा हो पाई थी.

रक्षा बंधन 2026 पर भाई-बहन को क्या गिफ्ट दें?

रक्षा बंधन पर भाई-बहन अपनी पसंद और बजट के अनुसार, एक-दूसरे को उपहार दे सकते हैं. अगर बहन को गिफ्ट देना है तो हैंडबैग, ज्वेलरी, घड़ी, कपड़े, परफ्यूम या स्किनकेयर  दे सकते हैं. वहीं, बहनें भाई को घड़ी, वॉलेट, शर्ट, जूते, परफ्यूम, गैजेट या उसकी पसंद की कोई चीज गिफ्ट कर सकती हैं. 

ये भी पढ़ें- Raksha Bandhan 2026: दिल्ली में कहां से खरीदें खूबसूरत राखी? इन बाजारों में मिलेगा शानदार कलेक्शन

 

Continue reading on the app

  Sports

छह महीने सीखी उर्दू फिर गाया पाकिस्तानी राष्ट्रगान, कौन हैं सिंगर लॉरा राइट, जिसका भारत से भी कनेक्शन

ENG vs PAK 1st test: इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच हेडिंग्ले में शुरू हुए पहले टेस्ट से पहले ब्रिटिश सिंगर लॉरा राइट ने पाकिस्तानी राष्ट्रगान गाकर हर किसी का दिल जीत लिया. लॉरा ने बाद में बताया कि चंद मिनटों की इस परफॉर्मेंस के लिए लॉरा ने छह महीने तक उर्दू सीखी. Fri, 21 Aug 2026 09:04:57 +0530

  Videos
See all

Jaipur CJP Workers News Updates: स्कूल का जायजा लेने पहुंचे कॉकरोच पार्टी के कार्यकर्ताओं का विरोध #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-21T04:10:51+00:00

Top Headlines Of The Day: Vande Mataram | Jharkhand | Imran Khan | Lucknow Murder | JPSC | Top News #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-21T04:08:06+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers