सिंधु नदी के पानी को तरसा पाकिस्तान:आर्मी चीफ भारत के खिलाफ जंग की साजिश रचने में जुटे, LoC पर 35 ड्रोन यूनिट तैनात
भारत ने सिंधु नदी का पानी रोक कर पाकिस्तान को तरसा दिया है। पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में छेड़े ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद सिंधु का पानी रोकने से पाक की कमर टूट गई है। पानी के लिए अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में भी मुंह की खाने के बाद जहां पाक रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ जंग छेड़ने की भभकियां दे रहे हैं। वहीं, जंग का मंसूबा पाले आर्मी चीफ आसिम मुनीर साजिश रचने में जुटे हैं। एलओसी (नियंत्रण रेखा) पर पाक सेना की 8 ब्रिगेड ने 35 एंटी ड्रोन यूनिट तैनात की हैं। पाक ने एआई फेंसिंग भी की है। इसके तहत टारगेटिंग और सर्विलांस को तेज किया गया है। पाकिस्तान ने हाल में इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और काउंटर ड्रोन ग्रिड भी तैयार किया है। सूत्रों के अनुसार पाकिस्तान ने अफगानिस्तान से जुड़ी अपनी सीमाओं से 5 बटालियन को इस महीने की शुरुआत में ही मूव करा कर एलओसी के रावलाकोट, कोटली और भीम्बर सेक्टर में तैनात किया है। बता दें कि इन्हीं जगहों से पाक भारत में आतंकियों की घुसपैठ भी करता रहा है। चीन 5वीं जेनरेशन का फाइटर जेट देगा ऑपरेशन सिंदूर के बाद चीन ने पाक को 36 मल्टी रोल जे-सीरीज फाइटर जेट की सप्लाई की है। पेंटागन की रिपोर्ट के अनुसार अमेरिकी एफ-35 जेट का चीनी वर्जन जे-35 भी साल के अंत तक पाकिस्तान को मिलने वाला है। इस जेट की टेस्ट फ्लाइट्स हो चुकी हैं। तुर्किये ड्रोन प्लांट लगा रहा है, MILGEM सबमरीन भी देगा पाक को ड्रोन सप्लाई करने के बाद अब तुर्किये कराची के पास साझा कॉम्बैट ड्रोन असेंबली प्लांट भी लगाया है। यहां हर साल 700 ड्रोन बनेंगे। पाकिस्तान ने इन ड्रोन को बांग्लादेश को एक्सपोर्ट करने का एमओयू भी किया है। तुर्किये पाक के लिए मिलजैम क्लास पनडुब्बी भी बना रहा है। पाकिस्तान को इस पनडुब्बी की साल के अंत तक डिलीवरी भी मिल जाएगी। दो दिन पहले पाकिस्तानी रक्षामंत्री बोले थे- भारत के खिलाफ जंग छेड़ सकते हैं पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने सिंधु जल संधि स्थगित रहने को लेकर भारत को धमकी दी थी। पाकिस्तानी चैनल ARY न्यूज से बातचीत में आसिफ ने कहा कि अगर पाकिस्तान को लगा कि उसकी जल सुरक्षा खतरे में है, तो वह भारत के खिलाफ जंग छेड़ सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भारत पाकिस्तान के हिस्से के पानी के प्रवाह में दखल दे रहा है और रणनीतिक हथियार के तौर पर इसका इस्तेमाल कर रहा है। हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि पिछले एक साल में इस मामले में क्या नए घटनाक्रम हुए हैं, इसकी उन्हें पूरी जानकारी नहीं है। अप्रैल 2025 में पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत के बाद भारत ने 1960 की सिंधु जल संधि को निलंबित कर दिया था। भारत का कहना है कि जब तक पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं करता, तब तक संधि बहाल नहीं की जाएगी। भारत-पाकिस्तान के बीच का सिंधु जल समझौता क्या है? सिंधु नदी प्रणाली में कुल 6 नदियां हैं- सिंधु, झेलम, चिनाब, रावी, ब्यास और सतलुज। इनके किनारे का इलाका करीब 11.2 लाख वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है। इसमें 47% जमीन पाकिस्तान, 39% जमीन भारत, 8% जमीन चीन और 6% जमीन अफगानिस्तान में है। इन सभी देशों के करीब 30 करोड़ लोग इन इलाकों में रहते हैं। 1947 में भारत और पाकिस्तान के बंटवारे के पहले से ही भारत के पंजाब और पाकिस्तान के सिंध प्रांत के बीच नदियों के पानी के बंटवारे का झगड़ा शुरू हो गया था। 1947 में भारत और पाक के इंजीनियरों के बीच 'स्टैंडस्टिल समझौता' हुआ। इसके तहत दो मुख्य नहरों से पाकिस्तान को पानी मिलता रहा। ये समझौता 31 मार्च 1948 तक चला। 1 अप्रैल 1948 को जब समझौता लागू नहीं रहा तो भारत ने दोनों नहरों का पानी रोक दिया। इससे पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की 17 लाख एकड़ जमीन पर खेती बर्बाद हो गई। दोबारा हुए समझौते में भारत पानी देने को राजी हो गया। इसके बाद 1951 से लेकर 1960 तक वर्ल्ड बैंक की मध्यस्थता में भारत पाकिस्तान में पानी के बंटवारे को लेकर बातचीत चली और आखिरकार 19 सितंबर 1960 को कराची में भारत के PM नेहरू और पाकिस्तान के राष्ट्रपति अयूब खान के बीच दस्तखत हुए। इसे इंडस वाटर ट्रीटी या सिंधु जल संधि कहा जाता है। ----------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… भारत बोला- PAK राष्ट्रपति का बयान नफरत फैलाने वाला: हमारे मामलों में दखल न दें पाकिस्तानी राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी के भारत की मस्जिद को लेकर दिए भड़काऊ बयान पर भारत ने रिएक्शन दिया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, पाकिस्तान को भारत के आंतरिक मामलों पर कमेंट करने का कोई अधिकार नहीं है। पूरी खबर पढ़ें…
सरकार बोली- एथेनॉल फ्यूल में चीटियां लगने का वीडियो फेक:पेट्रोल में गन्ने का रस मिलाने की बात गलत; इंजन खराब होने की कोई रिपोर्ट नहीं
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एथेनॉल फ्यूल को लेकर सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों को खारिज कर दिया। मंत्रालय ने मंगलवार को प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि एथेनॉल ब्लेंडिंग प्रोग्राम सांइटिफिक रूप से प्रमाणित है और इसकी लगातार निगरानी की जा रही है। हाल में सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वाहन के फ्यूल टैंक के पास चींटियां दिखाई गई थीं। इस पर भारत पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि ईंधन ग्रेड एथेनॉल में कोई शर्करा (चीनी) नहीं होती। मंत्रालय के अनुसार, कुछ लोग पुराने वीडियो और तस्वीरों को सोशल मीडिया पर दोबारा शेयर कर जनता में भ्रम फैला रहे हैं। सरकार ने कहा कि E20 पेट्रोल डालने के बाद इंजन खराब होने की कोई रिपोर्ट अभी तक सामने नहीं आई है। E20 पेट्रोल से वाहन बीमा पर कोई असर नहीं केंद्र सरकार ने यह भी साफ किया है कि E20 पेट्रोल (20% एथेनॉल फ्लेक्स ईंधन) के इस्तेमाल से वाहन बीमा (इंश्योरेंस) की वैधता पर कोई असर नहीं पड़ता। सरकार ने कहा कि इस तरह की आशंकाएं गलत हैं और संबंधित पक्षों से चर्चा के बाद इन्हें खारिज कर दिया गया है। सरकार के अनुसार, अमेरिका, ब्राजील और जापान जैसे देशों में एथेनॉल मिश्रित ईंधन का सफलतापूर्वक उपयोग हो रहा है। ब्राजील में तो E27 लंबे समय से ईंधन के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। एथेनॉल के इस्तेमाल से सरकार ने 3 फायदे गिनाए क्या होता है एथेनॉल? एथेनॉल एक तरह का अल्कोहल है, जो स्टार्च और शुगर के फर्मेंटेशन से बनाया जाता है। इसे पेट्रोल में मिलाकर गाड़ियों में इको-फ्रैंडली फ्यूल की तरह इस्तेमाल किया जाता है। एथेनॉल का उत्पादन मुख्य रूप से गन्ने के रस से होता है, लेकिन स्टार्च कॉन्टेनिंग मटेरियल्स जैसे मक्का, सड़े आलू, कसावा और सड़ी सब्जियों से भी एथेनॉल तैयार किया जा सकता है। फर्स्ट जनरेशन एथेनॉल : फर्स्ट जनरेशन एथेनॉल गन्ने के रस, मीठे चुकंदर, सड़े आलू, मीठा ज्वार और मक्का से बनाया जाता है। सेकेंड जनरेशन एथेनॉल : सेकेंड जनरेशन एथेनॉल सेल्युलोज और लिग्नोसेल्यूलोसिक मटेरियल जैसे- चावल की भूसी, गेहूं की भूसी, कॉर्नकॉब (भुट्टा), बांस और वुडी बायोमास से बनाया जाता है। थर्ड जनरेशन बायोफ्यूल : थर्ड जनरेशन बायोफ्यूल को एलगी से बनाया जाएगा। अभी इस पर काम चल रहा है। 15 दिन पहले लॉन्च हुआ था E85 फ्यूल, बायोफ्यूल पर सरकार का फोकस 15 दिन पहले सरकार ने फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों के लिए E85 ईंधन पेश किया था। दिल्ली में E85 फ्यूल की कीमत ₹82.12 प्रति लीटर तय की गई। यह दिल्ली में बिक रहे रेगुलर E20 पेट्रोल से पूरे ₹20 कम है। यह ईंधन एक ऐसा मिश्रण है जिसमें 85% तक इथेनॉल और 15% पेट्रोल मिलाया जाता है। अब 100% इथेनॉल को मंजूरी मिलने से देश में ग्रीन एनर्जी और बायोफ्यूल के सेक्टर में एक नया चैप्टर शुरू हो गया है। अभी बाजार में 4 तरह के फ्लेक्स-फ्यूल बिक रहे हैं। सिर्फ इन चुनिंदा गाड़ियों में इस्तेमाल किया जा सकेगा E85 फ्यूल को सामान्य पेट्रोल गाड़ियों में इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है। इसके लिए गाड़ियों का इंजन खास तौर पर 'फ्लेक्स-फ्यूल' तकनीक पर आधारित होना चाहिए। -------------------------- ये खबर भी पढ़ें… 100% इथेनॉल से चलेंगी गाड़ियां, सरकार ने दी मंजूरी: गडकरी बोले- प्रदूषण और पेट्रोल खर्च घटेगा केंद्र सरकार ने देश में 100% शुद्ध इथेनॉल को बतौर ईंधन इस्तेमाल करने की मंजूरी दे दी है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने शनिवार, 13 जून को नागपुर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इसकी जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ें…
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