Responsive Scrollable Menu

15 अगस्त तिरंगा रंगोली, स्वतंत्रता दिवस 2026 पर बनाएं मंडला आर्ट डिजाइन

Independence Day Rangoli Design: 15 अगस्त 2026 के लिए देखें 7 खूबसूरत तिरंगा रंगोली डिजाइन। गोलाकार, मोर, मंडला आर्ट रंगोली की डिजाइन से स्कूल और ऑफिस सजाएं।

Continue reading on the app

झारखंड में JPSC-JSSC Scam पर युवाओं का गुस्सा, 21 दिन से Protest जारी, Independence Day पर Tiranga Yatra

झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर नौकरी के उम्मीदवारों का आंदोलन शुक्रवार को 21वें दिन में प्रवेश कर गया। प्रदर्शनकारी शनिवार, 15 अगस्त को 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर रांची में 'तिरंगा यात्रा' निकालने की योजना बना रहे हैं। JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच के बैनर तले प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यह मार्च उनके आंदोलन को और मज़बूत करेगा। साथ ही, उन्होंने 10 अगस्त को राज्य विधानसभा तक निकाले गए मार्च के दौरान हुई हिंसा के सिलसिले में छात्रों को निशाना बनाने के ख़िलाफ़ रांची प्रशासन को चेतावनी भी दी।
 

इसे भी पढ़ें: Jharkhand bus accident में नेपाल के 3 'कांवड़ियों' की मौत, कोडरमा में 10 घायल


छात्र भर्ती परीक्षाओं में ज़्यादा पारदर्शिता, कई टेस्ट रद्द करने और CBI या झारखंड के बाहर के रिटायर्ड जजों के पैनल से स्वतंत्र जांच की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने 10 अगस्त को हुई हिंसा के मामले में 300 अज्ञात लोगों के ख़िलाफ़ FIR दर्ज की है; इस हिंसा के दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़प हुई थी। रांची के SP पारस राणा ने बताया कि विधानसभा पुलिस स्टेशन में दर्ज यह मामला निषेधाज्ञा (prohibitory orders) के कथित उल्लंघन, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और पुलिसकर्मियों पर हमले से जुड़ा है।

DSP (हटिया) नीरज कुमार ने बताया कि अब तक किसी की गिरफ्तारी या हिरासत नहीं हुई है और पुलिस हिंसा में शामिल लोगों की पहचान करने के लिए वीडियो फुटेज की जांच कर रही है। झड़प में 14 पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया, वॉटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया। JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच के नेता रवींद्र पासवान ने सरकार से अपील की कि वे असली छात्रों को निशाना न बनाएं।
 

इसे भी पढ़ें: Jharkhand CM Hemant Soren ने PM Modi को पत्र लिखकर खनन विधेयक पर पुनर्विचार की मांग की


उन्होंने कहा कि अगर प्रशासन ने अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है, तो हमें कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन हम प्रशासन और झारखंड सरकार से अपील करना चाहते हैं कि वे किसी भी छात्र के खिलाफ FIR दर्ज न करें। इस बीच, झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता देवेंद्र नाथ महतो की सेहत को लेकर चिंता बढ़ गई है, जो 13 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं।
 
देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें  National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर। 

Continue reading on the app

  Sports

Ashwin की भविष्यवाणी: Rohit Sharma के लिए Mumbai Indians के पास होनी चाहिए Coach वाली Special Role

पूर्व ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन के एक बयान ने क्रिकेट जगत में नई चर्चा शुरू कर दी है। अश्विन से पूछा गया कि भारतीय क्रिकेट के दो बड़े बल्लेबाज विराट कोहली और रोहित शर्मा भविष्य में कोच की भूमिका निभा सकते हैं या नहीं। इस पर उन्होंने दोनों के लिए अलग-अलग संभावनाएं बताईं और मुंबई इंडियंस को रोहित शर्मा को टीम से जोड़े रखने की सलाह दी है।

रविचंद्रन अश्विन ने अपने यूट्यूब चैनल पर बातचीत के दौरान कहा कि विराट कोहली शायद तुरंत कोच बनने के लिए तैयार नहीं होंगे। उनके मुताबिक विराट संभवत: क्रिकेट से अलग होने के बाद कुछ समय का ब्रेक लेना चाहेंगे। अश्विन ने साफ किया कि वह विराट के भविष्य को लेकर निश्चित तौर पर कुछ नहीं कह सकते, लेकिन उन्हें नहीं लगता कि विराट तुरंत किसी कोचिंग जिम्मेदारी में आ जाएंगे।

वहीं, रोहित शर्मा को लेकर अश्विन की राय काफी अलग रही। उन्होंने कहा कि अगर रोहित भविष्य में खेलना छोड़ने का फैसला करते हैं तो मुंबई इंडियंस को उन्हें तुरंत किसी भूमिका में अपने साथ जोड़ लेना चाहिए। अश्विन का मानना है कि रोहित की क्रिकेट समझ और रणनीति बनाने की क्षमता बेहद खास है और ऐसी प्रतिभा को क्रिकेट से दूर नहीं जाने देना चाहिए।

बता दें कि 39 वर्षीय रोहित शर्मा पहले ही टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं। अब उनके भविष्य को लेकर चर्चा मुख्य रूप से सीमित ओवरों के क्रिकेट के आसपास है। अगर वह आगे चलकर खेलना पूरी तरह छोड़ते हैं, तो उनके लिए कोच, सलाहकार या टीम प्रबंधन से जुड़ी किसी भूमिका की संभावना बन सकती है।

अश्विन ने रोहित की कप्तानी की उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पांच बार आईपीएल खिताब जीतने वाले कप्तान और भारत को विश्व कप जिताने वाले खिलाड़ी आसानी से नहीं मिलते। ऐसे खिलाड़ी की सोच और अनुभव किसी भी टीम के लिए बड़ी संपत्ति हो सकते हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि अगर रोहित मुख्य कोच की जिम्मेदारी नहीं लेना चाहते तो उन्हें तुरंत उस भूमिका में जाने की जरूरत नहीं है। वह एक-दो साल का ब्रेक लेकर बाद में किसी जिम्मेदारी को संभाल सकते हैं। अश्विन ने राहुल द्रविड़ का उदाहरण देते हुए कहा कि द्रविड़ ने भी एक समय ब्रेक लिया था और फिर क्रिकेट से जुड़े काम में वापस आए थे।

गौरतलब है कि अश्विन खुद भी भविष्य में कोच बनने की इच्छा जाहिर कर चुके हैं। इसी वजह से उनका यह आकलन खास माना जा रहा है। उन्होंने आने वाले समय में घरेलू और फ्रेंचाइजी क्रिकेट की भूमिका बढ़ने की संभावना भी जताई।

अश्विन के मुताबिक, अगले कुछ वर्षों में फ्रेंचाइजी क्रिकेट का प्रभाव और बढ़ सकता है। ऐसे में सिर्फ मुख्य कोच ही नहीं, बल्कि सलाहकार, क्रिकेट निदेशक और उच्च प्रदर्शन निदेशक जैसे पद भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो सकते हैं। इन भूमिकाओं में पूर्व सफल खिलाड़ियों के अनुभव का इस्तेमाल किया जा सकता है।

अश्विन का मानना है कि मुंबई इंडियंस जैसी टीम रोहित की क्रिकेट समझ को नजरअंदाज नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि रोहित जिस तरह खेल को पढ़ते हैं और परिस्थितियों के हिसाब से फैसले लेते हैं, वह क्षमता उन्हें भविष्य में भी उपयोगी बना सकती है।

फिलहाल विराट कोहली और रोहित शर्मा दोनों का भविष्य खिलाड़ी के तौर पर ही चर्चा में है, लेकिन अश्विन के बयान ने इस बहस को नई दिशा दे दी है। आने वाले वर्षों में अगर दोनों में से कोई कोचिंग या टीम प्रबंधन का रास्ता चुनता है, तो भारतीय क्रिकेट को दो बेहद अनुभवी खिलाड़ियों का अनुभव नई भूमिका में देखने को मिल सकता है।
Fri, 14 Aug 2026 21:33:49 +0530

  Videos
See all

Breaking News: Independence Day से पहले Muzaffarpur Police का बड़ा एक्शन, 342 अभियुक्त गिरफ्तार #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-14T16:13:09+00:00

Actor Nana Patekar ने UP की कानून व्यवस्था की जमकर की तारीफ, CM Yogi को लेकर कही ये बात #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-14T16:13:21+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers