Responsive Scrollable Menu

बंगाल में आर-पार की जंग शुरू, 2 जून को खुद सड़क पर उतरेंगी ममता, टीएमसी का सुवेंदु सरकार के खिलाफ बड़ा ऐलान

Mamata Banerjee Sit In Protest : अभिषेक बनर्जी और कल्याण बनर्जी पर हुए हमलों के बाद टीएमसी ने बीजेपी के सुवेंदु सरकार के खिलाफ महा-आंदोलन का ऐलान कर दिया है. कल यानी 1 जून को पूरे बंगाल में राज्यव्यापी विरोध रैलियां निकाली जाएंगी, वहीं 2 जून को खुद ममता बनर्जी कोलकाता की रानी राशमोनी रोड पर धरने पर बैठेंगी. पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद तृणमूल कांग्रेस के भीतर मचे आंतरिक हाहाकार और जनआक्रोश के बीच पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने रविवार को कालीघाट आवास पर बुलाई गई विधायकों की महत्वपूर्ण रिव्यू मीटिंग में यह फैसला लिया है. हालांकि खबर यह है कि इस मीटिंग से कई टीएमसी विधायक गायब थे.

Continue reading on the app

AI Revolution से एशियाई बाज़ारों में बहार, Tech Giants के Investment से चमकेंगे ये सेक्टर।

दुनिया में एआई तकनीक को लेकर निवेश का दौर लगातार तेज हो रहा है और अब इसका असर एशियाई बाजारों में भी साफ दिखाई देने लगा है। निवेशकों का मानना है कि आने वाले समय में अमेरिका की कई बड़ी तकनीकी कंपनियों द्वारा जुटाई जाने वाली नई पूंजी का फायदा एशिया की तकनीकी और विनिर्माण कंपनियों को मिल सकता है।

मौजूद जानकारी के अनुसार अंतरिक्ष तकनीक कंपनी स्पेसएक्स, एआई आधारित कंपनी ओपनएआई और एंथ्रोपिक जैसी कंपनियां बड़े स्तर पर धन जुटाने की तैयारी में हैं। बाजार के जानकारों का अनुमान है कि इन कंपनियों के जरिए आने वाले समय में एआई से जुड़े ढांचागत विकास पर भारी निवेश किया जाएगा। इसका सीधा लाभ उन कंपनियों को मिल सकता है जो सर्वर, अर्धचालक, ऊर्जा उपकरण, शीतलन प्रणाली और विशेष तकनीकी सामग्री तैयार करती हैं।

गौरतलब है कि एआई तकनीक को लेकर पहले से ही दुनिया की बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियां भारी निवेश कर रही हैं। अनुमान है कि प्रमुख तकनीकी कंपनियों द्वारा 750 अरब डॉलर से अधिक का निवेश पहले ही घोषित किया जा चुका है। इसके अलावा स्पेसएक्स, ओपनएआई और एंथ्रोपिक की प्रस्तावित पूंजी जुटाने की योजनाओं से करीब 70 अरब डॉलर का अतिरिक्त निवेश बाजार में आ सकता है।

बाजार विश्लेषकों का कहना है कि इस निवेश का असर एशिया की तकनीकी आपूर्ति श्रृंखला में शामिल कंपनियों पर सबसे ज्यादा दिखाई दे सकता है। हाल के महीनों में कई एशियाई चिप और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण निर्माता कंपनियों ने बेहतर मुनाफा दर्ज किया है। इसकी वजह कृत्रिम बुद्धिमत्ता तकनीक से जुड़ी मांग में तेज बढ़ोतरी मानी जा रही है।

दक्षिण कोरिया की सैमसंग इलेक्ट्रो-मैकेनिक्स और जापान की इबिडेन जैसी कंपनियां इस वर्ष एशियाई शेयर बाजारों में बेहतर प्रदर्शन करने वाली कंपनियों में शामिल रही हैं। वहीं जापान की टोटो लिमिटेड जैसी कंपनियों को भी लाभ मिलने की संभावना जताई जा रही है, क्योंकि वह चिप निर्माण उपकरणों में इस्तेमाल होने वाली विशेष सिरेमिक सामग्री उपलब्ध कराती है।

मौजूद जानकारी के अनुसार एआई तकनीक के कारण अर्धचालक उद्योग में मांग इतनी तेजी से बढ़ी है कि आपूर्ति श्रृंखला के कई हिस्सों में दबाव दिखाई देने लगा है। विशेषज्ञों का मानना है कि जैसे-जैसे नई पूंजी का प्रवाह बढ़ेगा, यह स्थिति और गहरी हो सकती है।

निवेश प्रबंधकों का कहना है कि अब निवेशक केवल बड़ी चिप कंपनियों तक सीमित नहीं रहना चाहते। वे उन कंपनियों की तलाश कर रहे हैं जिन्हें एआई तकनीक के विस्तार से सीधे लाभ मिलेगा और जिनकी आय में अभी और बढ़ोतरी की संभावना है।

ताइवान की होन हाई प्रिसिजन इंडस्ट्री, क्वांटा कंप्यूटर और मीडियाटेक जैसी कंपनियों को भी संभावित लाभार्थियों में गिना जा रहा है। ये कंपनियां सर्वर निर्माण और चिप डिजाइन जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं।

गौरतलब है कि ऊर्जा क्षेत्र को भी एआई तकनीक के विस्तार का बड़ा लाभ मिल सकता है। बड़ी संख्या में डेटा केंद्र स्थापित होने के कारण बिजली की मांग तेजी से बढ़ रही है। इसी वजह से परमाणु ऊर्जा, सौर ऊर्जा और अन्य वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों से जुड़ी कंपनियों में निवेश बढ़ रहा है।

दक्षिण कोरिया की एचडी हुंडई एनर्जी सॉल्यूशंस और डेवू इंजीनियरिंग एंड कंस्ट्रक्शन जैसी कंपनियों के शेयरों में भी इस वर्ष उल्लेखनीय बढ़त देखी गई है। वहीं भारत में अडानी समूह की हरित ऊर्जा आधारित डेटा केंद्र परियोजनाओं को भी निवेशकों की नजर से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

हालांकि विशेषज्ञों ने चेतावनी भी दी है कि अगर भविष्य में एआई तकनीक से अपेक्षित मांग नहीं बनी, तो कंपनियां निवेश घटा सकती हैं। ऐसी स्थिति में अतिरिक्त ढांचागत क्षमता और ऊंचे मूल्यांकन वाले शेयरों पर दबाव बढ़ सकता है। फिलहाल निवेशकों का मानना है कि एआई तकनीक से जुड़ा निवेश चक्र अभी कई वर्षों तक जारी रहने की संभावना है।

दुनिया में एआई तकनीक को लेकर निवेश का दौर लगातार तेज हो रहा है और अब इसका असर एशियाई बाजारों में भी साफ दिखाई देने लगा है। निवेशकों का मानना है कि आने वाले समय में अमेरिका की कई बड़ी तकनीकी कंपनियों द्वारा जुटाई जाने वाली नई पूंजी का फायदा एशिया की तकनीकी और विनिर्माण कंपनियों को मिल सकता है।

मौजूद जानकारी के अनुसार अंतरिक्ष तकनीक कंपनी स्पेसएक्स, एआई आधारित कंपनी ओपनएआई और एंथ्रोपिक जैसी कंपनियां बड़े स्तर पर धन जुटाने की तैयारी में हैं। बाजार विशेषज्ञों का अनुमान है कि इन कंपनियों के जरिए आने वाले समय में एआई से जुड़े ढांचागत विकास पर भारी निवेश किया जाएगा। इसका सीधा लाभ उन कंपनियों को मिल सकता है जो सर्वर, अर्धचालक, ऊर्जा उपकरण, शीतलन प्रणाली और विशेष तकनीकी सामग्री तैयार करती हैं।

गौरतलब है कि एआई तकनीक को लेकर पहले से ही दुनिया की बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियां भारी निवेश कर रही हैं। अनुमान है कि प्रमुख तकनीकी कंपनियों द्वारा 750 अरब डॉलर से अधिक का निवेश पहले ही घोषित किया जा चुका है। इसके अलावा स्पेसएक्स, ओपनएआई और एंथ्रोपिक की प्रस्तावित पूंजी जुटाने की योजनाओं से करीब 70 अरब डॉलर का अतिरिक्त निवेश बाजार में आ सकता है।

बाजार विश्लेषकों का कहना है कि इस निवेश का असर एशिया की तकनीकी आपूर्ति श्रृंखला में शामिल कंपनियों पर सबसे ज्यादा दिखाई दे सकता है। हाल के महीनों में कई एशियाई चिप और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण निर्माता कंपनियों ने बेहतर मुनाफा दर्ज किया है। इसकी वजह एआई तकनीक से जुड़ी मांग में तेज बढ़ोतरी मानी जा रही है।

दक्षिण कोरिया की सैमसंग इलेक्ट्रो-मैकेनिक्स और जापान की इबिडेन जैसी कंपनियां इस वर्ष एशियाई शेयर बाजारों में बेहतर प्रदर्शन करने वाली कंपनियों में शामिल रही हैं। वहीं जापान की टोटो लिमिटेड जैसी कंपनियों को भी लाभ मिलने की संभावना जताई जा रही है, क्योंकि वह चिप निर्माण उपकरणों में इस्तेमाल होने वाली विशेष सिरेमिक सामग्री उपलब्ध कराती है।

मौजूद जानकारी के अनुसार एआई तकनीक के कारण अर्धचालक उद्योग में मांग इतनी तेजी से बढ़ी है कि आपूर्ति श्रृंखला के कई हिस्सों में दबाव दिखाई देने लगा है। विशेषज्ञों का मानना है कि जैसे-जैसे नई पूंजी का प्रवाह बढ़ेगा, यह स्थिति और गहरी हो सकती है।

निवेश प्रबंधकों का कहना है कि अब निवेशक केवल बड़ी चिप कंपनियों तक सीमित नहीं रहना चाहते। वे उन कंपनियों की तलाश कर रहे हैं जिन्हें एआई तकनीक के विस्तार से सीधे लाभ मिलेगा और जिनकी आय में अभी और बढ़ोतरी की संभावना है।

ताइवान की होन हाई प्रिसिजन इंडस्ट्री, क्वांटा कंप्यूटर और मीडियाटेक जैसी कंपनियों को भी संभावित लाभार्थियों में गिना जा रहा है। ये कंपनियां सर्वर निर्माण और चिप डिजाइन जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं।

गौरतलब है कि ऊर्जा क्षेत्र को भी एआई तकनीक के विस्तार का बड़ा लाभ मिल सकता है। बड़ी संख्या में डेटा केंद्र स्थापित होने के कारण बिजली की मांग तेजी से बढ़ रही है। इसी वजह से परमाणु ऊर्जा, सौर ऊर्जा और अन्य वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों से जुड़ी कंपनियों में निवेश बढ़ रहा है।

दक्षिण कोरिया की एचडी हुंडई एनर्जी सॉल्यूशंस और डेवू इंजीनियरिंग एंड कंस्ट्रक्शन जैसी कंपनियों के शेयरों में भी इस वर्ष उल्लेखनीय बढ़त देखी गई है। वहीं भारत में अडानी समूह की हरित ऊर्जा आधारित डेटा केंद्र परियोजनाओं को भी निवेशकों की नजर से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

हालांकि विशेषज्ञों ने चेतावनी भी दी है कि अगर भविष्य में एआई तकनीक से अपेक्षित मांग नहीं बनी, तो कंपनियां निवेश घटा सकती हैं। ऐसी स्थिति में अतिरिक्त ढांचागत क्षमता और ऊंचे मूल्यांकन वाले शेयरों पर दबाव बढ़ सकता है। फिलहाल निवेशकों का मानना है कि एआई तकनीक से जुड़ा निवेश चक्र अभी कई वर्षों तक जारी रहने की संभावना है।

Continue reading on the app

  Sports

IPL फाइनल खत्म होने से पहले वैभव सूर्यवंशी को मिली बड़ी खुशखबरी, साई सुदर्शन और शुभमन गिल रेस से बाहर, मिली ऑरेंज कैप

इंडियन प्रीमियर लीग 2026 में रनों का अंबार लगाने वाले राजस्थान रॉयल्स के ओपनर वैभव सूर्यवंशी के सिर पर ऑरेंज कैप सजेगा. फाइनल में कैप हासिल करने की रेस में शामिल गुजरात टाइटंस के साई सुदर्शन और कप्तान शुभमन गिल सस्ते में आउट हो गए. दोनों का विकेट गिरते ही तय हो गया कि ये सम्मान इस सीजन वैभव को मिलेगा. Sun, 31 May 2026 20:16:05 +0530

  Videos
See all

Breaking on Asad Encounter News LIVE: Surya की मौत पर बड़ा खुलासा! | Ghaziabad | Khora | Surya Murder #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-31T15:00:04+00:00

Khan Sir News : खान सर को क्यों आया गुस्सा ? #khansir #khansirpatna #aajkitajakhabar #ytshorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-31T15:12:49+00:00

'Killer fungus' destroying invasive plant in UK | BBC News #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-31T15:00:28+00:00

Khan Sir News : बिजली विभाग से ये क्या बोले खान सर ? #khansir #neetpaperleak #aajkitajakhabar #tmktech #vivo #v29pro
2026-05-31T15:01:10+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers