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Flipkart Freedom Day Sale 2026: Primebook 2 Max लैपटॉप पर बंपर छूट, जल्द उठाएं लाभ

Flipkart Freedom Day Sale 2026: फ्लिपकार्ट फ्रीडम डे सेल 2026 (Flipkart Freedom Day Sale 2026) के दौरान छात्रों और डिजिटल रूप से सक्रिय यूजर्स के लिए एक बेहतरीन मौका सामने आया है। भारत के विशेष एंड्रॉएड-आधारित लैपटॉप ब्रांड, प्राइमबुक (Primebook) का नया मॉडल Primebook 2 Max इस सेल में जबर्दस्त छूट और आकर्षक ऑफर्स के साथ बिक्री के लिए उपलब्ध है।

Primebook 2 Max: कीमत और बैंक डिस्काउंट ऑफर्स
फ्लिपकार्ट सेल में Primebook 2 Max की मूल कीमत ₹29,990 तय की गई है, लेकिन इस पर कई तरह की छूट दी जा रही है:

  • फ्लैट डिस्काउंट: इस पर सीधे तौर पर ₹1,000 की फ्लैट छूट मिल रही है।
  • इंस्टेंट बैंक डिस्काउंट (IBD): खरीदारी के दौरान बैंक ऑफर्स का लाभ उठाने पर ₹1,750 की अतिरिक्त छूट प्राप्त की जा सकती है।
  • नो कॉस्ट ईएमआई (No Cost EMI): ग्राहकों की सुविधा के लिए सभी प्रमुख बैंक कार्डों पर 3 और 6 महीने की आसान नो कॉस्ट ईएमआई का विकल्प भी उपलब्ध कराया गया है।

Primebook 2 Max: डिस्प्ले और डिजाइन के फीचर्स
यह लैपटॉप दिखने में बेहद आकर्षक ग्रे (Gray) कलर और स्लीक डिजाइन के साथ आता है, जो इसे एक मॉडर्न लुक देता है। इसमें 15.6 इंच (39.62 सेमी) की बड़ी फुल एचडी (Full HD) आईपीएस डिस्प्ले दी गई है, जिसका रिजॉल्यूशन 1920 × 1080 पिक्सल है और इसकी ब्राइटनेस 250 निट्स है। पोर्टेबिलिटी के लिहाज से इस लैपटॉप का कुल वजन मात्र 1.51 किलोग्राम है, जिससे इसे आसानी से कहीं भी अपने साथ ले जाया जा सकता है।

प्रोसेसर और स्टोरेज क्षमता
परफॉरमेंस के मामले में यह लैपटॉप छात्रों के लिए बेहद उपयोगी है, जो मीडियाटेक हीलियो G99 (MediaTek Helio G99 MT8781) ऑक्टा-कोर प्रोसेसर से लैस है और इसकी क्लॉक स्पीड 2.2 GHz तक जाती है। इसमें बेहतरीन मल्टीटास्किंग और डेटा स्टोरेज के लिए 8 GB LPDDR4X रैम के साथ 128 GB UFS स्टोरेज दी गई है। इसके अलावा, ग्राफिक्स और विजुअल परफॉरमेंस को संभालने के लिए इसमें मीडियाटेक इंटीग्रेटेड ARM माली G72 प्रोसेसर भी शामिल किया गया है।

ऑपरेटिंग सिस्टम और कनेक्टिविटी
यह डिवाइस एंड्रॉएड 15 (Android 15) ऑपरेटिंग सिस्टम पर आधारित 64-बिट आर्किटेक्चर पर काम करता है। कनेक्टिविटी की बात करें तो इसमें 2 × USB 3.0 पोर्ट, 2 × USB टाइप-सी पोर्ट, एक माइक्रो एसडी कार्ड स्लॉट (जो 512GB तक सपोर्ट करता है) और माइक इन की सुविधा मिलती है। इसके अलावा वायरलेस कनेक्टिविटी के लिए वाई-फाई (Wi-Fi 802.11 b/g/n/ac) और ब्लूटूथ v5.1 दिया गया है।

बैटरी और अन्य फीचर्स
कंपनी का दावा है कि सिंगल चार्ज पर इसकी 2-सेल बैटरी 12 घंटे तक का लंबा बैटरी बैकअप प्रदान करती है। इसे चार्ज करने के लिए 30W की पावर सप्लाई मिलती है।

इसमें बैकलिट कीबोर्ड (QWERTY विथ प्राइमओएस और फंक्शन की), मल्टी-टच ट्रैकपैड (टू फिंगर हॉरिजॉन्टल और वर्टिकल स्वाइप), 2.0 मेगापिक्सल का वेब कैमरा और सुरक्षा के लिए केंसिंग्टन लॉक स्लॉट (Kensington Lock Slot) दिया गया है। बॉक्स के साथ लैपटॉप, पावर एडाप्टर, यूजर गाइड और वारंटी डॉक्यूमेंट्स मिलते हैं।

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मेसी बोले- लगता नहीं ज्यादा समय तक फुटबॉल खेल पाऊंगा:पिता की मौत के बाद इंस्टाग्राम पर इमोशनल पोस्ट, कहा- आपके बगैर क्या करुंगा

फुटबॉलर लियोनेल मेसी ने पिता की मौत के बाद कहा है कि मुझे नहीं लगता की ज्यादा समय तक फुटबॉल खेल पाउंगा। उन्होंने इंस्टाग्राम पर पिता के साथ तस्वीर शेयर की। इस पोस्ट में उन्होंने लिखा- ‘मैंने सिर्फ फुटबॉल खेला है। अब मुझे इस बात को लेकर संदेह हैं कि मैं इसे ज्यादा समय तक जारी रखूंगा या नहीं।’ मेसी ने पिता की मौत के बाद अनिश्चितकाल के लिए खेल से ब्रेक लिया है। मेसी के पिता जॉर्ज मेसी का 7 अगस्त को 68 साल की उम्र में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार थे। अर्जेंटीना के शहर रोसारियो के एक मेडिकल क्लिनिक में उन्होंने दम तोड़ा। मेसी का इंस्टाग्राम पोस्ट… मेसी बोले- तुम्हारे बिना क्या करुंगा मेसी ने पोस्ट में लिखा- ‘मैं तुम्हारे बिना क्या करूंगा, यह नहीं जानता। मुझे नहीं पता कि आगे कैसे बढ़ना है।’ उन्होंने कहा- ‘तुम शुरुआत से मेरे साथ थे और अंत तक बहुत कम समय बचा था। तुम थोड़ा और इंतजार क्यों नहीं कर सके, ताकि हम इसे साथ में पूरा कर पाते?’ जॉर्ज अपने बेटे लियोनेल के पूरे करियर में उनके साथ रहे। वह बार्सिलोना में मेसी के शुरुआती सालों से उनके साथ थे। पिता की इच्छा पर मेसी विश्व कप में खेले 39 साल के अर्जेंटीना के कप्तान मेसी ने बताया कि विश्व कप में खेलने की एक वजह उनके पिता की इच्छा थी। अर्जेंटीना फाइनल में स्पेन से 1-0 से हार गई थी। मेसी ने टूर्नामेंट में 8 गोल किए थे। मेसी ने कहा- ‘तुम हमेशा मुझसे FIFA वर्ल्ड कप में खेलने के लिए कहते थे। टूर्नामेंट शुरू होने से कुछ दिन पहले तुम्हारी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई थी।’ उन्होंने कहा- ‘यह पहली बार था, जब तुम किसी टूर्नामेंट में नहीं रहने वाले थे। हर मैच खत्म होने के बाद मैं तुम्हारे मैसेज का इंतजार करता था।’ अल्जीरिया के खिलाफ हैट्रिक के बाद रोए थे वर्ल्ड कप के दौरान मेसी ने शुरुआती मैच में अल्जीरिया के खिलाफ हैट्रिक लगाई थी। वे अपना पहला गोल सेलिब्रेट करते समय रोने लगे। बाद में उन्होंने बताया इसकी वजह उनके पिता की खराब तबीयत थी। मेसी ने कहा कि वह फाइनल अपने पिता के लिए जीतना चाहते थे। मेरे पास दूसरा वर्ल्ड कप घर लाने की ऊर्जा नहीं बची थी। उन्होंने आगे कहा- ‘हम चैंपियन नहीं बन सके, लेकिन तुम्हें पता नहीं है कि हमने हर मैच का कितना आनंद लिया। एक बार फिर तुम सही थे, मुझे वहां होना था और खेलना था।’ कहा- बच्चों में पिता की याद को जिंदा रखूंगा मेसी ने लिखा कि वह अपने बच्चों की परवरिश के जरिए पिता की याद को जिंदा रखेंगे। उन्होंने कहा- 'मुझे तुम्हारी बहुत याद आएगी, लेकिन तुम हमेशा मौजूद रहोगे। खासकर मेरे बच्चों की परवरिश में, क्योंकि मैं उन्हें उसी तरह सिखाऊंगा और पालूंगा, जैसे तुमने मुझे पाला।' लियोनेल मेसी और उनकी पत्नी एंटोनेला रोकुजो के तीन बेटे हैं। बड़े बेटे थियागो मेसी का जन्म 2012 में हुआ था। फिर 2015 में माटेओ मेसी का जन्म हुआ। 2018 में जन्मे सिरो मेसी सबसे छोटे बेटे हैं। --------------------------------

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  Sports

England Test Captain Joe Root ने खिलाड़ियों पर से हटाया 'Night Curfew', कहा- अपनी Responsibility खुद समझें Team Members

इंग्लैंड की टेस्ट टीम में कप्तानी बदलने के साथ ही खिलाड़ियों के लिए नियमों में भी बड़ा बदलाव हुआ है। नए टेस्ट कप्तान जो रूट ने टीम पर लागू रात का कर्फ्यू हटाने का फैसला किया है। पाकिस्तान के खिलाफ इस महीने शुरू होने वाली टेस्ट श्रृंखला से खिलाड़ियों पर यह पाबंदी लागू नहीं होगी। रूट का कहना है कि इंग्लैंड के खिलाड़ी वयस्क हैं और उन्हें अपने फैसलों की जिम्मेदारी खुद समझनी चाहिए।

मौजूद जानकारी के अनुसार, कर्फ्यू की व्यवस्था न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया के पिछले दौरों में शराब से जुड़े विवादों के बाद लागू की गई थी। इसका उद्देश्य खिलाड़ियों को देर रात तक बाहर रहने और ऐसी गतिविधियों से रोकना था, जिनका असर अगले दिन के मुकाबले पर पड़ सकता है। हालांकि, रूट अब मानते हैं कि केवल समय की पाबंदी लगाना इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं है।

रूट ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि कर्फ्यू लगाने से खिलाड़ियों की आदतों में जरूरी बदलाव आता है। उनका मानना है कि अगर खिलाड़ियों से मैदान पर जिम्मेदारी की उम्मीद की जाती है तो उन्हें मैदान के बाहर भी खुद सही और मजबूत फैसले लेने की जिम्मेदारी दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि टीम को अपने स्तर पर इस व्यवस्था को संभालना और एक-दूसरे पर नजर रखना होगा।

गौरतलब है कि हाल की न्यूजीलैंड श्रृंखला के दौरान पूर्व कप्तान बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन कर्फ्यू के नियम का उल्लंघन कर चुके थे। इसके बाद टीम में कई बदलाव देखने को मिले। स्टोक्स दूसरे टेस्ट में नहीं खेल पाए थे और तीसरे टेस्ट में वापसी कर कप्तानी की थी। इसी मुकाबले के दौरान उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा भी की थी।

इसके बाद इंग्लैंड ने टेस्ट टीम के मुख्य प्रशिक्षक ब्रेंडन मैकुलम को पद से हटा दिया और उनकी जगह स्टीफन फ्लेमिंग को जिम्मेदारी दी गई। फ्लेमिंग के आने के साथ टेस्ट टीम की कप्तानी दोबारा जो रूट को सौंपी गई है। यह रूट का इंग्लैंड की टेस्ट टीम के कप्तान के रूप में दूसरा कार्यकाल है।

बता दें कि रूट के पहले कप्तानी कार्यकाल में भी इंग्लैंड की टीम पर कर्फ्यू लागू था। 2017-18 की एशेज श्रृंखला के दौरान शराब से जुड़े विवाद के बाद 2017 से 2022 के बीच खिलाड़ियों के लिए ऐसी पाबंदियां रखी गई थीं। अब दूसरी बार कप्तानी संभालने के साथ रूट ने इस व्यवस्था को खत्म कर नई सोच के साथ टीम आगे बढ़ाने का संकेत दिया है।

रूट ने खिलाड़ियों से कहा है कि उन्हें याद रखना होगा कि वे इंग्लैंड के लिए खेल रहे हैं और मैदान के बाहर उनके व्यवहार का असर पूरी टीम की छवि पर पड़ता है। उनका कहना है कि टीम की पहचान उसके क्रिकेट और मैदान पर प्रदर्शन से होनी चाहिए, न कि मैदान के बाहर होने वाली घटनाओं से।

मौजूद जानकारी के अनुसार, कर्फ्यू हटाने का फैसला केवल टेस्ट टीम तक सीमित नहीं रहने वाला है। इंग्लैंड की सीमित ओवरों की टीम के लिए भी इसे हटाए जाने की खबर है। उस टीम की जिम्मेदारी अभी ब्रेंडन मैकुलम के पास है और हैरी ब्रूक कप्तान हैं।

रूट ने खिलाड़ियों से यह भी कहा कि जीत के बाद जश्न मनाना गलत नहीं है, लेकिन उन्हें यह समझना होगा कि कब जश्न मनाना है और कब आराम करना जरूरी है। उन्होंने खिलाड़ियों से एक-दूसरे का ध्यान रखने और टीम के भीतर मजबूत माहौल बनाने की अपील की है। पाकिस्तान के खिलाफ आगामी श्रृंखला से इंग्लैंड की नई व्यवस्था और रूट की नेतृत्व शैली की असली परीक्षा शुरू होने वाली हैं।
Wed, 12 Aug 2026 21:53:16 +0530

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