Responsive Scrollable Menu

White House Party में गोली चलाने वाले की पूरी कुंडली, जिसे ट्रंप ने बताया Lone Wolf

अमेरिका की सियासत को हिला देने वाले हमले में एक चौंकाने वाला नाम कोल थॉमस एलेन का सामने आया है। एलेन को डोनाल्ड ट्रंप ने “लोन वुल्फ” बताया।आखिर कौन है ये शख्स, जिसने अकेले ही इतनी बड़ी वारदात को अंजाम देने की कोशिश की? जांच में अब तक किसी आतंकी संगठन से कनेक्शन नहीं मिला, लेकिन उसके इरादे बेहद खतरनाक थे। इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस में मास्टर्स करने वाला ये युवक, दिखने में जितना साधारण था, कहानी उतनी ही रहस्यमयी। क्या एक “लोन वुल्फ” सच में अकेला होता है, या इसके पीछे छिपी है कोई बड़ी साजिश? दरअसल, लोन वुल्फ उस व्यक्ति को कहते हैं जो अकेले अपना काम करने में सक्षम हो। जैसे कि यह व्यक्ति अकेले ही सारे अटैक्स किया। यहां पर अभी तक जो भी जांच में हमें पता चला है कोई भी इसके पीछे आतंकी संगठन नहीं था या किसी का भी हाथ अभी तक नहीं पता चला है। 

कंप्यूटर साइंस में मास्टर्स

हमलावर का नाम कोल थॉमस एलेन है।सीबीएस न्यूज़ के मुताबिक कोल थॉमस एलेन पेशे से एक पार्ट टाइम टीचर है और उन्होंने इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। उन्होंने सबसे पहले 2017 में ग्रेजुएशन किया है मैकेनिकल इंजीनियरिंग में और पिछले साल उन्होंने मास्टर्स डिग्री कंप्यूटर साइंस में की है। सी2 एजुकेशन एक कंपनी है जिसमें वह पार्ट टाइम ट्यूटर थे और उन्हें गेमिंग का बहुत शौक था। वह इंड गेम डेवलपर भी हैं। 

ट्रंप के अधिकारियों पर अटैक की प्लानिंग

जब उनसे सिक्योरिटी एजेंसी ने पूछा कि आप यहां पर किस पर हमला करने आए थे? तो उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप का नाम नहीं लिया। उन्होंने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप के अधिकारियों पर वो हमला करने आए हैं। साथ ही साथ कैलिफोर्निया स्टेट यूनिवर्सिटी डोमिंगस हिल्स से कंप्यूटर साइंस में मास्टर्स की डिग्री ली है।

कमला हैरिस के अभियान में $25 का योगदान

जब इनके राजनीतिक जुड़ाव की ओर देखते हैं तो पता चलता है कि साल 2024 में फेडरल इलेक्शन का जो रिकॉर्ड है उसमें इन्होंने $25 कमला हैरिस का जो राष्ट्रपति अभियान था उसमें योगदान भी दिया। इन सारी जानकारी से यह पता चलता है कि एलन काफी ब्राइट रहे हैं। उनका बहुत ही एक अच्छा खासा एजुकेशनल बैकग्राउंड रहा है और दिसंबर 2024 में उन्हें टीचर ऑफ द मंथ का भी खिताब मिला है। 

Continue reading on the app

यूपी के आध्यात्मिक पर्यटन को गति देगा ये एक्सप्रेसवे, कनेक्ट होंगे आस्था के ये प्रमुख केंद्र

UP News: योगी सरकार के राज्य में शिक्षा, रोजगार और विकास की तमाम योजनाएं चला रही है. इसके साथ ही आध्यात्मिक पर्यटन को और मजबूत करने की दिशा में भी सरकार काम कर रही है. यूपी में बन रहे गंगा एक्सप्रेसवे के जरिए भी योगी सरकार राज्य में आध्यात्मिक पर्यटन को नई गति देने जा रही है.

दरअसल, योगी सरकार की ओर से जारी एक प्रेस नोट में कहा गया है कि गंगा एक्सप्रेस-वे का सबसे बड़ा योगदान यह होगा कि यह उत्तर प्रदेश में विकसित हो रहे पांच प्रमुख स्पिरिचुअल कॉरिडोर को मजबूत आधार देगा. इन कॉरिडोरों का उद्देश्य राज्य के प्रमुख धार्मिक स्थलों को एक व्यवस्थित धार्मिक पर्यटन नेटवर्क के रूप में आपस में जोड़ना है. जिससे श्रद्धालु एक ही यात्रा के दौरान कई महत्वपूर्ण तीर्थ स्थलों के दर्शन कर सकेंगे.

आसान होगी तीर्थ स्थलों पर पहुंच

बता दें कि गंगा एक्सप्रेसवे मेरठ से प्रयागराज तक बनाया जा रहा है. इस एक्सप्रेसवे के निर्माण से प्रदेश के कई महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल आपस में जुड़ जाएंगे. इनमें गढ़मुक्तेश्वर के साथ-साथ कल्कि धाम, बेल्हा देवी धाम, चंद्रिका देवी शक्ति पीठ और त्रिवेणी संगम जैसे प्रमुख धार्मिक स्थल शामिल हैं. इस एक्सप्रेसवे के शुरू होने से इन सभी तीर्थ स्थलों तक पहुंच आसान हो जाएगी. इन तीर्थ स्थलों पर हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन करने के लिए पहुंचते हैं.

इस दिशा में प्रयागराज-विंध्याचल-काशी कॉरिडोर भी अहम भूमिका निभाएगा. त्रिवेणी संगम से विंध्याचल देवी धाम और उससे आगे काशी तक की यात्रा भा सुगम हो जाएगी. इस कॉरिडोर से शक्ति और शिव के प्रमुख तीर्थ स्थल जुड़ जाएंगे. जिससे ये धार्मिक पर्यटन का एक शक्तिशाली मार्ग बन सकता है.

प्रयागराज-अयोध्या-गोरखपुर कॉरिडोर

इसके साथ ही प्रयागराज-अयोध्या-गोरखपुर कॉरिडोर से रामभक्ति से जुड़े प्रमुख स्थलों को जोड़ता है. प्रयागराज के संगम से अयोध्या में रामलला के दर्शन और उससे आगे गोरखपुर के गोरखनाथ मंदिर तक पहुंच अब आसान हो जाएगी. यह मार्ग रामायण परंपरा से जुड़े तीर्थों को एक मजबूत धार्मिक सर्किट के रूप में पहचान मिलेगी. जबकि प्रयागराज-लखनऊ-नैमिषारण्य कॉरिडोर भी आध्यात्मिक तौर से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. ये कॉरिडोर नैमिषारण्य को जोड़ता है जो एक पवित्र स्थान है. जहां 88 हजार ऋषियों ने तपस्या की थी. इसके साथ ही यहां कई पुराणों का वाचन भी हुआ है. बेहतर सड़क संपर्क के चलते यह क्षेत्र भी आध्यात्मिक पर्यटन के बड़े केंद्र के रूप में अपनी पहचान बनाएगा.

ये भी पढ़ें: यूपी को मिलने वाली है एक और एक्सप्रेसवे की सौगात, पीएम मोदी 29 अप्रैल को करेंगे लोकार्पण

प्रयागराज-राजापुर-चित्रकूट कॉरिडोर का महत्व

वहीं रामायण से जुड़े स्थलों को जोड़ने वाला प्रयागराज-राजापुर-चित्रकूट कॉरिडोर भी गंगा एक्सप्रेस-वे के बनने से नई रफ्तार पाएगा. ये राजापुर यानी गोस्वामी तुलसीदास की जन्मभूमि है और चित्रकूट तक का मार्ग भक्तों को भगवान राम के वनवास से जुड़े पवित्र स्थलों के दर्शन कराएगा. साथ ही प्रयागराज-मथुरा-वृंदावन-शुक तीर्थ कॉरिडोर कृष्ण भक्ति से जुड़े प्रमुख स्थलों को आपस में जोड़ेगा. बता दें कि मथुरा और वृंदावन पहले से ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध धार्मिक पर्यटन केंद्र रहे हैं. लेकिन बेहतर कनेक्टिविटी होने की वजह से यहां भी आने वाले दिनों में देशी और विदेशी श्रद्धालुओं की संख्या में और इजाफा हो सकता है.

ये भी पढ़ें: यूपी के इस शहर में को मिलेगी स्मार्ट सफर की सौगात, शुरू होगा पब्लिक बाइक शेयरिंग सिस्टम

Continue reading on the app

  Sports

Vaibhav Sooryavanshi: पैट कमिंस ने गिनाई वैभव सूर्यवंशी की 2 बड़ी खूबियां, ऐसे ही नहीं बताया अपना नया फेवरेट

Pat Cummins- Vaibhav Sooryavanshi: सनराइजर्स हैदराबाद के कप्तान पैट कमिंस ने वैभव सूर्यवंशी की जमकर तारीफ की है. वो उनके खेलने के अंदाज के फैन बन गए हैं और उन्हें अपना नया फेवरेट बताया है. Sun, 26 Apr 2026 14:52:24 +0530

  Videos
See all

Chhattisgarh की उपलब्धियों पर PM मोदी का फोकस...‘मन की बात’ में मिला बड़ा सम्मान | Vishnu Deo Sai #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-26T11:15:27+00:00

Trump Attack History: मौत को कई बार मात दे चुके हैं ट्रंप! Trump Attack | Washington | Breaking #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-26T11:05:17+00:00

Amit Shah on TMC : ममता का जिक्र कर शाह क्या बोले ? #mamatabanerjee #amitshah #westbengal #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-26T11:06:00+00:00

Big Breaking On Iran Israel US War LIVE: मर गया मोजतबा खामेनेई...? | Mojtaba Khamenei | Trump #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-26T11:05:18+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers