Responsive Scrollable Menu

सरकार ने कमजोर वर्गों के लिए बचपन से ही एक 'व्यापक व्यवस्था' बनाई है: डॉ. जितेंद्र सिंह

नई दिल्ली, 25 अप्रैल (आईएएनएस)। केंद्र सरकार ने अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य कमजोर वर्गों के लिए बचपन से ही सहयोग और मार्गदर्शन देने की एक व्यापक व्यवस्था तैयार की है। यह बात केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने शनिवार को कही। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य इन वर्गों को शुरुआती स्तर से ही समर्थन देकर उन्हें आगे बढ़ने के लिए सक्षम बनाना है।

जम्मू विश्वविद्यालय में डॉ. अंबेडकर चैंबर ऑफ कॉमर्स के जम्मू-कश्मीर चैप्टर के शुभारंभ के दौरान बोलते हुए मंत्री ने कहा कि अब समय आ गया है कि समाज के वंचित वर्ग केवल सरकारी नौकरियों पर निर्भर न रहें, बल्कि उद्यमिता और निवेश के क्षेत्र में भी आगे बढ़ें। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चलाई जा रही योजनाओं का लाभ उठाकर अपना खुद का व्यवसाय शुरू करें।

डॉ. सिंह ने कहा कि सरकार ने कमजोर वर्गों के लिए एक ऐसा सिस्टम तैयार किया है, जिसमें उन्हें बचपन से ही मार्गदर्शन और सहायता मिलती है। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार की कई प्रमुख योजनाएं सामाजिक और आर्थिक विकास को ध्यान में रखकर शुरू की गई हैं।

उन्होंने प्रधानमंत्री जन धन योजना का जिक्र करते हुए कहा कि इस योजना ने बैंकिंग सुविधाओं को आम लोगों तक पहुंचाया है। वहीं प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के जरिए छोटे कारोबारियों को आसानी से लोन मिल रहा है, जिससे वे अपना बिजनेस शुरू कर पा रहे हैं। इसके अलावा पीएम विश्वकर्मा योजना का उद्देश्य पारंपरिक कौशल को बचाते हुए लोगों को स्थायी रोजगार देना है।

मंत्री ने बताया कि इन योजनाओं के सकारात्मक असर अब दिखने लगे हैं। आंकड़ों के अनुसार, दलित और अन्य कमजोर वर्गों के लोगों की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है और उनमें आगे बढ़ने की इच्छा भी बढ़ी है।

उन्होंने आगे कहा कि अब साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले लोग भी सिविल सेवा जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, जो समाज में बढ़ते सशक्तिकरण को दर्शाते हैं।

डॉ. सिंह ने कहा कि सरकार इन योजनाओं का दायरा और बढ़ाना चाहती है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इनका लाभ उठा सकें और देश के विकास में भागीदारी कर सकें।

--आईएएनएस

डीबीपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

माकोसो फिर बने कांगो के प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति न्गुएसो ने नई सरकार के गठन का किया ऐलान

ब्राजाविल, 25 अप्रैल (आईएएनएस)। कांगो गणराज्य के राष्ट्रपति डेनिस सासो न्गुएसो ने देश की नई सरकार की घोषणा करते हुए नेशनल टेलीविजन पर एक बयान जारी किया है। प्रधानमंत्री अनातोले कोलिनेट माकोसो की फिर से नियुक्ति के बाद राष्ट्रपति न्गुएसो ने फिर से सरकार का गठन कर लिया है।

बयान के मुताबिक, प्रधानमंत्री अनातोले कोलिनेट माकोसो के अलावा नई सरकार में एक डिप्टी प्रधानमंत्री, तीन राज्य मंत्री और 37 मंत्री शामिल हैं। इससे पहले पीएम माकोसो को राष्ट्रपति डेनिस सासू न्गुएसो ने फिर से नियुक्त किया था।

न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के मुताबिक, इनमें से क्षेत्रीय योजना और बड़े कामों के पूर्व राज्य मंत्री जीन-जैक्स बौया को इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और टेरिटोरियल प्लानिंग का इंचार्ज उप प्रधानमंत्री नियुक्त किया गया है।

माइंस और जियोलॉजी के पूर्व राज्य मंत्री पियरे ओबा को प्रेसिडेंसी में पॉलिटिकल मामलों का इंचार्ज राज्य मंत्री बनाया गया। व्यापार, सप्लाई और कंजम्पशन के पूर्व राज्य मंत्री क्लाउड अल्फोंस न्सिलौ को कंस्ट्रक्शन, अर्बन प्लानिंग और हाउसिंग का राज्य मंत्री बनाया गया है। इसके अलावा, जमीन के मामलों और स्टेट प्रॉपर्टी मैनेजमेंट के पूर्व राज्य मंत्री पियरे माबियाला को सिविल सेवा, श्रम और सामाजिक संवाद का राज्य मंत्री बनाया गया है।

कांगो में 15 मार्च को राष्ट्रपति चुनाव हुआ था, जिसमें डेनिस सासौ न्गुएसो 94.9 फीसदी वोट के साथ दोबारा चुनाव जीते। संविधान के अनुसार, सरकार बनाने के लिए राष्ट्रपति को नया प्रधानमंत्री नियुक्त करना जरूरी है।

कुल 3,167,099 वोटर रजिस्टर्ड थे, जिसमें 84.65 फीसदी वोटिंग हुई। सात उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ा।

देश के चुनावी कानून के तहत राष्ट्रपति को सीधे वोटिंग से चुना जाता है और अगर पहले राउंड में किसी भी उम्मीदवार को क्लियर बहुमत नहीं मिलता है तो दो राउंड का बहुमत सिस्टम लागू होता है।

इससे पहले कांगो के प्रधानमंत्री माकोसो और उनकी सरकार ने 17 अप्रैल को अपना इस्तीफा दे दिया था। 23 अप्रैल को राष्ट्रपति ने माकोसो को फिर से प्रधानमंत्री बनाने का ऐलान किया और उन्हें नई सरकार बनाने का काम सौंपा।

राष्ट्रपति चुनाव के दौरान दो बड़ी पार्टियों ने गलत चुनावी तरीकों का आरोप लगाया और इलेक्शन को बॉयकॉट किया था। विरोध करने वालों में विपक्ष के दो सबसे जाने-माने नेता, जनरल जीन-मैरी मिशेल मोकोको और आंद्रे ओकोम्बी सालिसा भी शामिल रहे, जिन्हें लगभग 10 साल जेल में रहना पड़ा था।

चुनाव से ठीक पहले राष्ट्रपति के चुनाव के दौरान हमेशा की तरह इंटरनेट बंद कर दिया गया था और पूरी राजधानी में ट्रैफिक पर रोक लगा दी गई थी।

--आईएएनएस

केके/डीकेपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

  Sports

IPL 2026: Lungi Ngidi पर आई बुरी खबर, RCB के खिलाफ मैच के दौरान लगा झटका

Delhi Capitals vs Royal Challengers Bengaluru: दिल्ली कैपिटल्स के तेज गेंदबाज लुंगी एन्गिडी पंजाब किंग्स के खिलाफ मैच में चोटिल हो गए थे और उन्हें अस्पताल तक ले जाना पड़ा अब इस खिलाड़ी को लेकर बहुत बुरी खबर सामने आई है. Mon, 27 Apr 2026 19:59:57 +0530

  Videos
See all

Mumbai में Huma Qureshi की outing viral | #entertainment #bollywood #shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-27T14:32:02+00:00

Hardoi School Principal Viral Video: प्रिंसिपल ने अभिभावक को सरेआम धमकाया | N18S #shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-27T14:41:54+00:00

West Bengal Elections 2026 | पहले चरण ने बदला बंगाल का राजनीतिक माहौल | Mamata Banerjee | TMC | BJP #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-27T14:31:41+00:00

Iran America War: होर्मुज पर ईरान का बड़ा फैसला | Hormuz New Deal | Trump | Khamenei | IRGC |N18G #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-27T14:33:52+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers