Responsive Scrollable Menu

सुप्रीम कोर्ट बोला-जांच में ममता का दखल, लोकतंत्र को खतरा:देश में ऐसा होगा, सोचा नहीं था; ED जांच के दौरान फाइल लेकर चली गईं थीं

I-PAC रेड मामले में ED की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को सुनवाई हुई। कोर्ट ने सेंट्रल एजेंसी की जांच के बीच CM ममता बनर्जी के दखल को गलत ठहराया। कहा- किसी भी राज्य का सीएम ऐसा करता है जो यह लोकतंत्र को खतरे में डालता है। जस्टिस कुमार ने कहा- यह राज्य और केंद्र के बीच का विवाद नहीं है। हमने कभी नहीं सोचा था कि इस देश में ऐसा भी दिन आएगा जब कोई मौजूदा CM उस दफ्तर में चली जाएंगी जहां कोई जांच एजेंसी काम कर रही हो। दरअसल इसी साल 8 जनवरी को ED की टीम ने I-PAC हेड प्रतीक जैन के कोलकाता के गुलाउडन स्ट्रीट स्थित घर और दफ्तर पर छापा मारा था। प्रतीक जैन ही ममता बनर्जी के लिए पॉलिटिकल स्ट्रैटजी तैयार करते हैं। छापेमारी के बीच ममता प्रतीक के घर पहुंच गईं थीं और कुछ दस्तावेज लेकर चली गईं। ED ने ममता बनर्जी और राज्य पुलिस अधिकारियों पर जांच में बाधा डालने का आरोप लगाते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई। ममता की तरफ से पेश वकील की 4 दलील बेंच के 4 कमेंट; इसे केंद्र बनाम राज्य का विवाद बताना सही नहीं ममता की चुनावी रणनीति बनाने वाली I-PAC का ऑफिस बंद पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस और सीएम ममता बनर्जी का चुनावी कैंपेन संभाल रही फर्म ‘आई-पैक’ का कोलकाता के विधाननगर स्थित दफ्तर 20 अप्रैल से बंद है। सूत्रों के अनुसार इसके एचआर ने 1300 कर्मियों को काम पर न आने का लेटर भेजा है। यह सब ऐसे समय हुआ है जब पहले चरण के मतदान को एक दिन बचे हैं। 23 अप्रैल को पहले चरण के तहत 152 सीटों पर वोटिंग होनी है। दूसरे चरण की वोटिंग 29 अप्रैल को है। रिजल्ट 4 मई को आएंगे। दरअसल, तृणमूल की बूथ लेवल की गतिविधि से लेकर नेताओं की सभाएं, रैलियां, सब कुछ तय करने में I-PAC यानी इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी एक पॉलिटिकल कंसल्टेंसी कंपनी की अहम भूमिका निभा रही है। बंगाल में पार्टी के मौजूदा करीब 33% विधायकों के टिकट काटने के फैसले के पीछे भी इसी का सर्वे आधार था। इसने बंगाल के 93 हजार पोलिंग बूथों के लिए एक लाख शैडो एजेंट्स तैयार किए थे। तृणमूल भले ही इसके बंद होने की खबरों को खारिज कर रही है, लेकिन मतदान से ठीक पहले संगठन और कार्यकर्ता असमंजस में आ गए हैं। हालांकि भास्कर के सवाल पर पार्टी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा- हम संसद में दूसरी बड़ी विपक्षी पार्टी हैं। 5 एजेंसियों के साथ काम कर रहे हैं। सभी ठीक हैं। पार्टी के एक अन्य नेता ने बताया कि टीएमसी संगठन 4 स्तर पर काम कर रहा है। ऐसे समझें... तृणमूल के लिए आईपैक इतनी जरूरी क्यों I-PAC रेड मामला : 2,742 करोड़ का मनी लॉन्ड्रिंग केस I-PAC यानी इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी एक पॉलिटिकल कंसल्टेंसी कंपनी है। यह राजनीतिक दलों के लिए बड़े स्तर पर चुनावी अभियानों का काम करती है। कंपनी और उसके डायरेक्टर प्रतीक जैन पर करोड़ों रुपए के कोयला चोरी घोटाले में मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है। CBI ने इस मामले में 27 नवंबर 2020 को FIR दर्ज की थी। पूरा मामला ₹2,742 करोड़ के मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा है। आरोप है कि ₹20 करोड़ हवाला के जरिए I-PAC तक ट्रांसफर हुए। ED ने 28 नवंबर 2020 को इसकी जांच शुरू की थी। 8 जनवरी 2026 को ED ने कोलकाता में I-PAC और उसके डायरेक्टर प्रतीक जैन के घर और ऑफिस पर छापा मारा था। -----------------------------------------

Continue reading on the app

पहलगाम में मारे गए LIC अफसर के बेटे का दर्द:मैं घुड़सवारी की जिद नहीं करता तो जिंदा होते; आतंकियों ने सीने में गोली मारी

तारीख 22 अप्रैल 2025… जगह पहलगाम की वादियां। 13 मिनट में तीन आतंकियों ने 26 जिंदगियां छीन लीं। ‘जन्नत’ कही जाने वाली घाटी पलभर में कब्रिस्तान में बदल गई। उन्हीं में इंदौर के सुशील नथानियल भी शामिल थे। वारदात को एक साल गुजर गया, लेकिन उनके घर की खामोशी में आज भी गोलियों की गूंज सुनाई देती है। सुशील का परिवार आज भी उस मंजर से बाहर नहीं निकल पाया है। पत्नी जेनिफर सुबह से उसी आखिरी तस्वीर को निहार रही हैं, जिसमें पूरा परिवार मुस्कुरा रहा था, इस भरोसे के साथ कि जिंदगी अभी लंबी है। बेटा ऑस्टिन आज भी आंखों में नमी लिए वही बात दोहराता है- अगर मैंने उस दिन घुड़सवारी की जिद न की होती, तो पापा आज मेरे साथ होते। यह सिर्फ एक बरसी नहीं है, यह मानवता के कत्ल की बरसी है। दूसरों की मदद के दौरान लगी गोली सुशील नथानियल का स्वभाव ही उनकी जान का दुश्मन बन गया। चश्मदीदों और परिवार के अनुसार, हमले के वक्त वे भागने के बजाय फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने में जुट गए थे। वे मददगार इंसान थे और आखिरी सांस तक वही धर्म निभाया। ऑस्टिन बताते हैं कि हमला होते ही पापा मुझे फोन लगाने वाले थे, लेकिन पास खड़े एक शख्स ने रोक दिया कि 'फोन मत लगाओ, घंटी बजी तो आतंकी आवाज सुनकर बच्चों की तरफ दौड़ पड़ेंगे'। सुशील ने सबको वहां से निकाल दिया, लेकिन जब उनकी बारी आई तो आतंकियों की एक गोली ने उनके अरमानों को खत्म कर दिया। एक साल बाद भी आंखों के सामने आता है वह मंजर एक साल बाद भी सुशील की पत्नी जेनिफर के आंसू नहीं सूखे हैं। वे गहरे सदमे में हैं। ऑस्टिन के सामने सबसे बड़ी चुनौती अपने करियर से ज्यादा मां को संभालना है। जेनिफर आज भी उन यादों से लड़ रही हैं, जहां उनके सामने उनकी दुनिया उजाड़ दी गई थी। घर में सन्नाटा है और हर आहट पर गोलियों की गड़गड़ाहट महसूस होती है। अधूरे रह गए वह वादे परिजन ने बताया कि सुशील कहते थे कि इंदौर आकर सुकून की जिंदगी जिएंगे और बेटे को बड़े कॉलेज में भेजेंगे। लेकिन जिस सुकून को वे कश्मीर में ढूंढने गए थे, वहां से उनकी लाश लौटी। एक साल बाद भी परिवार न्याय की आस में है। टीचर हैं सुशील की पत्नी जेनिफर सुशील की पत्नी जेनिफर खातीपुरा के सरकारी स्कूल में टीचर हैं। बेटी आकांक्षा सूरत में बैंक ऑफ बड़ौदा में फर्स्ट क्लास ऑफिसर है, जबकि ऑस्टिन बैडमिंटन खिलाड़ी है। परिवार मूल रूप से जोबट का रहने वाला है। ऐसे बना कश्मीर जाने का प्लान ऑस्टिन ने बताया- हमारा कहीं और घूमने का प्लान था। पापा एलआईसी में थे और उनका शेड्यूल मैच नहीं हो रहा था। दूसरे कारण भी थे। हमने सोचा था कि इस बार ईस्टर बाहर मनाएंगे। तय हुआ कि सूरत में बहन आकांक्षा के पास जाएंगे और वहां से घूमेंगे। ऑस्टिन ने बताया- हम इंदौर से सूरत पहुंचे और दो दिन रुके। पापा, बहन और मम्मी के साथ घूमने का प्लान बनाया। सूरत से निकलने से पहले तय किया कि हम चारों जाएंगे। प्लान तैयार होने के बाद हम सूरत से प्लेन से चंडीगढ़ गए। वहां शॉपिंग की। इस ट्रिप को लेकर हम सभी एक्साइटेड थे। मैंने घूमने के फोटो-वीडियो बनाए, यहां तक कि बोर्डिंग पास के भी। पहलगाम हमले में मारे गए लोगों की तस्वीरें देखिए ……………………………………… यह खबरें भी पढ़ें… 1. जेनिफर बोलीं- तीन आतंकी थे,पति के सीने में गोली मारी उसने मेरी जान बचाने के लिए अपनी जिंदगी दे दी। मैंने बस इतना सुना, वहां जो व्यक्ति थे वो बहुत कम उम्र के थे। उन्होंने मेरे मिस्टर के पास बंदूक लगाकर बोला कि कलमा पढ़ो। मेरे मिस्टर ने कहा कि मैं तो क्रिश्चियन हूं, मुझे कलमा पढ़ना नहीं आता। मेरे पति ने बस इतना बोला ही था कि उनको धक्का दिया और बंदूक से गोली मार दी सीने पर। गोली लगते ही मेरे मिस्टर... मेरे मिस्टर पढ़ें पूरी खबर... 2. इंदौर के सुशील की पार्थिव देह घर पहुंची जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले में जान गंवाने वाले सुशील नथानियल का शव बुधवार रात में इंदौर पहुंचा। सीएम डॉ. मोहन यादव ने श्रद्धांजलि अर्पित की और शोकाकुल परिवार के प्रति शोक संवेदना जताई। पढ़ें पूरी खबर…

Continue reading on the app

  Sports

IPL 2026: Orange Cap की रेस में Abhishek Sharma या Vaibhav Suryavanshi?

IPL 2026 में Hyderabad के Abhishek Sharma और Rajasthan Royals के Vaibhav Suryavanshi के बीच Orange Cap की जबरदस्त टक्कर देखने को मिल रही है. दोनों युवा बाएं हाथ के बल्लेबाज शानदार फॉर्म में हैं. जानें कौन है असली दावेदार? #IPL2026 #AbhishekSharma #VaibhavSuryavanshi #Hyderabad #RajasthanRoyals Wed, 22 Apr 2026 20:54:02 +0530

  Videos
See all

News Ki Pathshala: Sushant Sinha | नॉर्थ बंगाल तय करेगा बंगाल कौन जीतेगी ? #shorts #ytshorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-22T16:07:38+00:00

बारातियों को परोसी गई थूक लगी रोटी | #viralvideo #shortsvideo #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-22T16:09:01+00:00

Amit Shah in Bengal: चुन-चुनकर निकालेंगे घुसपैठिए, दीदी को टाटा-बाय बाय: अमित शाह | Mamata Banerjee #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-22T16:07:08+00:00

दारोगा दूल्हे की दुल्हन ने प्रेमी के साथ की शादी #shorts #basti #shortsvideo #shortsviralvideo #tmktech #vivo #v29pro
2026-04-22T16:08:21+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers