सड़क पर भिड़े दो चूहे तो रुक गया ट्रैफिक, चूहों का 'दंगल' देखने के लिए जमा हो गई भारी भीड़
सोशल मीडिया की दुनिया बड़ी ही अजीब है, यहां कब क्या देखने को मिल जाए कुछ पता नहीं होता है. कई बार हमें ऐसे वीडियो देखने को मिल जाते हैं, जो अपने आप में काफी चौंकाने वाले और मजेदार होते हैं. इंटरनेट पर कुछ वीडियो ऐसे होते हैं, जिन्हें देखने के बाद हर कोई अपनी हैरानी जताता है. दरअसल, एक ऐसा ही वीडियो इन दिनों तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने सबका ध्यान अपनी ओर खींचा है. इस वीडियो में दो चूहे आपस में भिड़े हुए दिखाई दे रहे हैं. यह कोई साधारण दौड़-भाग नहीं, बल्कि चूहों के बीच एक जबरदस्त फाइट चल रही है.
बीच सड़क पर चूहों ने दिखाए दांव-पेच
वायरल वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि दो चूहे सड़क के किनारे एक-दूसरे पर हमला कर रहे हैं. दोनों चूहों की यह फाइट किसी प्रोफेशनल कुश्ती से कम नहीं लग रही है. वे एक-दूसरे को पटकनी देने की पूरी कोशिश कर रहे हैं. वीडियो में जिस तरह से चूहे उछल-उछल कर एक-दूसरे को पकड़ रहे हैं, उसने देखने वालों को दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया है. अक्सर चूहे बिल्ली को देखकर भागते नजर आते हैं, लेकिन यहां तो चूहे आपस में ही 'दो-दो हाथ' करने में व्यस्त नजर आ रहे हैं.
तमाशबीन बनी लोगों की भारी भीड़
इस पूरे वाकये में सबसे हैरानी की बात यह है कि चूहों की इस फाइट को देखने के लिए वहां पर बीस से तीस लोग जमा हो गए। लोग अपना जरूरी काम छोड़कर चूहों के इस युद्ध का पूरा मजा ले रहे हैं। वीडियो में भीड़ को चूहों के इर्द-गिर्द घेरा बनाकर खड़े देखा जा सकता है। कोई अपने फोन में इस नजारे को कैद कर रहा है, तो कोई चूहों की इस हिम्मत को देखकर हंस रहा है। सड़क किनारे लगा यह मजमा बताता है कि लोग मनोरंजन के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं और उन्हें चूहों की लड़ाई में भी काफी दिलचस्पी आ रही है।
वीडियो को मिल रहे लाखों व्यूज
इस मजेदार वीडियो को एक एक्स (X) यूजर ने शेयर किया है, जिसके बाद से ही यह इंटरनेट पर छाया हुआ है. खबर लिखे जाने तक इस वीडियो को कई लाख लोगों ने देख लिया है और यह गिनती लगातार बढ़ती ही जा रही है. वीडियो को देखने के बाद लोग इसे एक फनी मोमेंट की तरह देख रहे हैं और इसे खूब शेयर भी कर रहे हैं. चूहों की ऐसी फाइट शायद ही पहले कभी किसी ने इस तरह सड़क पर खुलेआम देखी होगी, यही वजह है कि यह वीडियो इतनी तेजी से लोगों के बीच अपनी जगह बना रहा है.
यूजर्स के आ रहे मजेदार रिएक्शन
सोशल मीडिया पर इस वीडियो के आने के बाद यूजर्स के रिएक्शन भी देखने को मिल रहे हैं. लोग कमेंट बॉक्स में मजेदार बातें लिख रहे हैं. कोई कह रहा है कि "इन चूहों के बीच जरूर किसी पुरानी रंजिश का बदला लिया जा रहा है", तो कोई लिख रहा है कि "इंसानों के पास अब चूहों की लड़ाई देखने का भी टाइम है". चूहों के इस 'महायुद्ध' ने इंटरनेट पर हंसी का माहौल पैदा कर दिया है. लोग चूहों की फाइट से ज्यादा उन तमाशबीनों पर हैरानी जता रहे हैं जो बड़े चाव से इस लड़ाई का लाइव टेलीकास्ट देख रहे हैं.
Indian men flock in to watch two rats fight in the corner of a street in Delhi pic.twitter.com/a2hMjMZS9E
— Lord Immy Kant (@KantInEastt) March 30, 2026
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तेल संकट के जल्द से जल्द समाधान के लिए भारत-रूस के बीच बातचीत जारी : राजदूत डेनिस अलीपोव
नई दिल्ली, 31 मार्च (आईएएनएस)। ईरान और अमेरिका के बीच जारी संघर्ष बढ़ता जा रहा है। संघर्ष की वजह से तेल की कीमतें बढ़ती जा रही हैं। कई देशों में तेल का संकट नजर आ रहा है। ताजा हालात को लेकर भारत में रूस के राजदूत डेनिस अलीपोव ने आईएएनएस के साथ खास बातचीत की।
सवाल : आज के समय में तेल डिप्लोमेसी पर आप क्या कहेंगे?
जवाब : हम किसी भी तरह की तेल डिप्लोमेसी में शामिल नहीं हैं। हम द्विपक्षीय व्यापार करते हैं, हम आर्थिक संबंध को बढ़ाते हैं और जैसा कि हमने हाल ही में देखा है, भारत को रूस से ऑयल सप्लाई का वॉल्यूम काफी बढ़ गया है। हम इसका स्वागत करते हैं और दोनों पार्टियों के फायदे के लिए इस ट्रैक पर भारत के साथ इसे बढ़ाने के लिए हमेशा तैयार रहे हैं। मिडिल ईस्ट में मौजूदा हालात को देखते हुए, हमें शायद अमेरिका की ऑयल डिसरप्शन डिप्लोमेसी के बारे में ज्यादा बात करनी चाहिए। इसकी वजह से एनर्जी मार्केट में इतनी ज्यादा अस्थिरता आई है। रूस और भारत की बात करें तो, हम तेल सहित व्यापार में द्विपक्षीय रूप से ऊपर की ओर बढ़ रहे हैं और यह कुछ ऐसा है, जिसका हम समर्थन करते हैं और स्वागत करते हैं और इसे जारी रखने के लिए पक्के इरादे वाले हैं।
सवाल : अमेरिका ने बार-बार दावा किया है कि भारत ने दबाव के कारण रूस से अपना तेल इंपोर्ट कम कर दिया है। इस दावे के पीछे असली सच्चाई क्या है?
जवाब : मैं अमेरिका-भारत व्यापार के बारे में इस सवाल का जवाब देने की स्थिति में नहीं हूं। लेकिन, हम अंतरराष्ट्रीय राजनीति में दबाव को खारिज करते हैं। यह बिजनेस करने का सही तरीका नहीं है। हम अमेरिका के खुले दावों और इरादों को देखते हैं कि वे भारतीय मार्केट में हमारे लिए रुकावटें खड़ी करें और अमेरिका-भारत और कई दूसरे देशों से रूस के साथ बिजनेस बंद करने और रूस के साथ संबंध कम करने की खुली अपील करते हैं। यह कुछ ऐसा है, जिसे पूरी तरह से खारिज कर देना चाहिए, क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय संबंध बनाने का तरीका नहीं है। हम इसे खारिज करते हैं। भारत ने अपनी स्वतंत्र विदेश नीति बनाए रखी है। हम अपने स्वतंत्र द्विपक्षीय संबंध बनाए हुए हैं और हम निश्चित रूप से इस बात का स्वागत करते हैं कि भारत इस तरह के दबाव को कैसे देखता है और इस तरह के दबाव को खारिज करता है।
सवाल : ईरान में जारी युद्ध में रूस का क्या पक्ष है? क्या रूस ईरान का समर्थन करता है?
जवाब : हमने अपनी बात खुलकर कह दी है। हम खाड़ी में सैन्य एक्शन को तुरंत रोकने के पक्ष में हैं। जाहिर है, ईरान पर हमला हुआ था। यह अमेरिका और इजरायल का बिना उकसावे वाला हमला था। यही मौजूदा संकट शुरू होने की मुख्य वजह है। हम ईरान की आजादी, सुरक्षा और संप्रभुता के लिए उसके एक्शन का समर्थन करते हैं। हमारी बात और हमारे इरादे सैन्य एक्शन को तुरंत रोकने के बारे में रहे हैं। हम इसमें शामिल सभी पार्टियों से बातचीत की टेबल पर बैठकर डिप्लोमैटिक तरीके से मतभेद सुलझाने की अपील करते हैं। यह तुरंत जरूरी है, सबसे जरूरी है, क्योंकि यह संकट बढ़ रहा है और ग्लोबल मार्केट पर असर डाल रहा है, सीधे ग्लोबल एनर्जी सप्लाई पर, और इसका पूरी दुनिया पर बहुत बुरा असर पड़ा है।
सवाल : होर्मुज के जरिए भारतीय तेल शिपमेंट के सुरक्षित ट्रांसपोर्टेशन में रूस मदद कर रहा है?
जवाब : हमने भारत के साथ डिप्लोमैटिक संपर्क बनाए रखे हैं, जैसा कि हम दूसरे देशों के साथ करते हैं। क्षेत्रीय ताकतों के साथ, हमारी कई पार्टियों के साथ बातचीत होती है और जैसा कि हम जानते हैं, भारत भी इस बारे में डिप्लोमैटिक कोशिश में बहुत सक्रिय रहा है। द्विपक्षीय तौर पर, हम संकट के जल्द से जल्द समाधान के लिए आपस में बातचीत भी कर रहे हैं।
सवाल : क्या रूस इस लड़ाई में ईरान को इंटेलिजेंस या सैन्य मदद दे रहा है?
जवाब : मुझे इस बारे में पता नहीं है। मैं ईरान में राजदूत नहीं हूं। मैं बस इतना कह सकता हूं कि भारत में रूसी दूतावास ईरान को कोई इंटेलिजेंस या सैन्य मदद नहीं देता है।
--आईएएनएस
केके/एबीएम
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
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