केवल बाहरी सौंदर्य ही नहीं, भीतर स्थिरता और संतुलन लाने में मदद करता है कमल का फूल
नई दिल्ली, 25 मार्च (आईएएनएस)। कमल को पूज्यनीय फूलों में गिना जाता है क्योंकि यह महालक्ष्मी को बहुत प्रिय है। मां लक्ष्मी की आराधना कमल के फूल से की जाती है लेकिन क्या आप जानते हैं कि कमल का फूल औधषीय गुणों से भरपूर है।
फूलों में सबसे सुंदर दिखने वाला कमल शुद्धता, शीतलता और संतुलन का प्रतीक है। आयुर्वेद में कमल को शीतल, मन को शांत और त्वचा और पेट को शांति देने वाला फूल माना जाता है।
आयुर्वेद के मुताबिक कमल केवल बाहरी सौंदर्य नहीं बढ़ाता बल्कि भीतर की स्थिरता और संतुलन का भी स्मरण कराता है। कीचड़ में जन्म लेने के बाद भी कमल में कई औषधीय गुण विद्यमान होते हैं, जो इसे बाकी सुंदर फूलों से अलग बनाते हैं। कमल पित्त को संतुलित करता है और शरीर में रक्त का संचार को भी ठीक करता है, जिससे हृदय पर पड़ने वाला दबाव कम होता है। गर्मियों में पाचन की गड़बड़ी और ज्यादा तेलीय और तीखा खाने की वजह से पेट से जुड़े समस्याओं परेशान करने लगती है।
गर्मियों में अतिसार की परेशानी आम है। ऐसे में कमल के पत्तों का ताजा रस पेट को ठंडक देकर अतिसार को रोकता है। यह बच्चों से लेकर बड़ों तक के लिए लाभकारी है। बवासीर की परेशानी में भी कमल का उपयोग लाभकारी माना गया है। आयुर्वेद में कमल के पत्तों का चूर्ण या कंद के चूर्ण को ठंडे दूध में मिलाकर दिन में दो बार लेना चाहिए। इससे पेट में शीतलता बनी रहती है और बवासीर की वजह से होने वाला मल से रक्त का रिसाव भी कम हो जाता है। हालांकि उसका इस्तेमाल शुरुआती स्टेज में ही करें। गंभीर लक्षण होने पर चिकित्सक के पास जरूर जाएं।
गर्मियों में तापमान बढ़ने की वजह से उच्च रक्तचाप की परेशानी आम है। इसके लिए कमल के फूल से बनी औषधि बाजार में आसानी से मिल जाती है। औषधि के साथ (चिकित्सक की सलाह पर) दूध का सेवन भोजन से पहले करें। औषधि का सेवन बिना चिकित्सक की सलाह के न करें।
गर्मियों में यूटीआई और जलन की समस्या सबसे ज्यादा देखी जाती है। दूषित पानी पीने या फिर कम पानी पीने की वजह से यूटीआई की परेशानी होती है। ऐसे में गुलकंद और दूध का सेवन यूटीआई में होने वाली जलन को कम करने में मदद करता है।
--आईएएनएस
पीएस/पीएम
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
जेएनयू में 'चीन अध्ययन केंद्र' का अनावरण और नववर्ष मिलन समारोह आयोजित
बीजिंग, 25 मार्च (आईएएनएस)। इस हफ्ते सोमवार को भारत में चीनी राजदूत श्यू फ़ेईहोंग ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) का दौरा किया, जहां उन्होंने जेएनयू की कुलपति प्रोफेसर शांतिश्री धुलिपुड़ी पंडित से मुलाकात की, विश्वविद्यलय में चीन अनुसंधान केंद्र का अनावरण किया, और चीनी अश्व नववर्ष के लिए आयोजित मिलन समारोह में संबोधित किया।
इस कार्यक्रम में लगभग 300 लोग उपस्थित थे, जिनमें जेएनयू में भाषा, साहित्य और संस्कृति संकाय की डीन प्रोफेसर शोभा शिवशंकरन, चीन अनुसंधान केंद्र के निदेशक एसोसिएट प्रोफेसर राकेश कुमार, भारत-चीन वाणिज्य चैंबर के अध्यक्ष क्यांग क्वोपिन, चीनी दूतावास के मंत्री काउंसलर वांग शिनमिंग, साथ ही युवा राजनयिक, भारत में चीनी उद्यमों के प्रतिनिधि और विश्वविद्यालय के संकाय सदस्य और छात्र शामिल थे।
राजदूत श्यू फेईहोंग ने कुलपति पंडित से चीन और भारत के बीच आपसी आदान-प्रदान बढ़ाने और शैक्षिक सहयोग को बढ़ावा देने के विषय पर मुलाकात की। चीनी नववर्ष समारोह में अपने संबोधन में उन्होंने सभी संकाय सदस्यों और छात्रों को अश्व वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं दीं, चीन अनुसंधान केंद्र के उद्घाटन और प्रोफेसर बी. आर. दीपक द्वारा चीनी संस्कृति पर प्रकाशित नई पुस्तकों के लिए बधाई दी।
श्यू फेईहोंग ने कहा कि राष्ट्रपति शी चिनफिंग और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रणनीतिक मार्गदर्शन में, चीन-भारत संबंध और अधिक मजबूत हुए हैं और द्विपक्षीय सहयोग की संभावनाएं व्यापक हैं। उन्होंने चीन अनुसंधान केंद्र के शिक्षकों और छात्रों को चीन-भारत मित्रता के उत्तराधिकारी बने रहने और द्विपक्षीय संबंधों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए मिलकर काम करने के लिए प्रोत्साहित किया।
चीनी नववर्ष मिलन समारोह में, चीन अनुसंधान केंद्र के संकाय और छात्रों ने चीनी संस्कृति के आकर्षण और चीनी भाषा सीखने में अपनी उपलब्धियों को प्रदर्शित करते हुए शानदार प्रस्तुतियां दीं।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
--आईएएनएस
डीकेपी/
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others
News Nation



















