Rajyasabha Elections Result 2026: बिहार तो एनडीए ने जीत लिया, ओडिशा और हरियाणा में क्या हाल?
राज्यसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने कई राज्यों में सियासी हलचल तेज कर दी है. जहां बिहार में एनडीए ने पूरी बाजी मार ली, वहीं ओडिशा में क्रॉस वोटिंग ने सत्ता समीकरण बदल दिए. दूसरी ओर हरियाणा में वोटों पर विवाद के कारण नतीजों में देरी देखने को मिली. तीनों राज्यों की स्थिति ने यह साफ कर दिया कि राज्यसभा चुनाव केवल संख्या का खेल नहीं, बल्कि रणनीति और अनुशासन की भी बड़ी परीक्षा है.
बिहार में एनडीए की क्लीन स्वीप जीत
बिहार में राज्यसभा की पांचों सीटों पर एनडीए ने जीत हासिल कर ली. विपक्षी महागठबंधन के लिए यह चुनाव बड़ा झटका साबित हुआ. मतदान के दौरान महागठबंधन के चार विधायक वोटिंग के लिए नहीं पहुंचे, जिसका सीधा फायदा एनडीए को मिला. महागठबंधन के उम्मीदवार अमरेंद्र सिंह धारी पर्याप्त वोट नहीं जुटा सके और हार गए.
एनडीए की ओर से नीतीश कुमार, नितिन नवीन, रामनाथ ठाकुर, उपेंद्र कुशवाहा और शिवेश राम विजयी घोषित हुए. इस जीत ने बिहार की राजनीति में एनडीए की मजबूती को एक बार फिर साबित कर दिया.
ओडिशा में क्रॉस वोटिंग से बदला खेल
ओडिशा में राज्यसभा चुनाव का सबसे बड़ा नाटकीय मोड़ देखने को मिला. यहां बीजेडी और कांग्रेस के कुछ विधायकों ने अपनी ही पार्टी के खिलाफ वोट डाल दिया. बताया जा रहा है कि बीजेडी के आठ और कांग्रेस के तीन विधायकों ने बीजेपी समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार दिलीप राय के पक्ष में मतदान किया.
क्रॉस वोटिंग के चलते बीजेडी-कांग्रेस के साझा उम्मीदवार डॉ. दत्तेश्वर होता की हार लगभग तय हो गई. कुल चार सीटों पर मतदान हुआ था, जिनमें से तीन सीटों पर बीजेपी की जीत की स्थिति बन गई.
क्रॉस वोटिंग करने वाले बीजेडी विधायकों में सौभिक बिस्वाल, देबीरंजन त्रिपाठी, सुबासिनी जेना, नब मल्लिक, चक्रमणि कंहर और रमाकांत भोई जैसे नाम सामने आए हैं. इसके अलावा पहले से निलंबित विधायक सनातन महाकुड़ और अरविंद महापात्र ने भी पार्टी लाइन के खिलाफ वोट दिया.
इस घटनाक्रम से बीजेडी प्रमुख नवीन पटनायक के लिए बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है, क्योंकि कई विधायकों ने खुलकर स्वीकार किया कि उन्होंने पार्टी के फैसले के खिलाफ मतदान किया.
हरियाणा में वोटों पर विवाद
हरियाणा में राज्यसभा चुनाव के दौरान कुल 88 विधायकों ने वोट डाला. हालांकि परिणाम आने से पहले ही विवाद खड़ा हो गया। तीन वोटों पर आपत्ति दर्ज होने के कारण वोटों की गिनती रोक दी गई.
बताया गया कि कांग्रेस के परमवीर सिंह और भरत बेनीवाल तथा बीजेपी के अनिल विज के वोट को लेकर विवाद हुआ है। इस मामले को चुनाव आयोग तक पहुंचा दिया गया है. जब तक आपत्तियों पर फैसला नहीं होता, तब तक नतीजों का इंतजार करना होगा.
चुनाव से निकला बड़ा संदेश
राज्यसभा चुनाव 2026 ने साफ कर दिया कि गठबंधन राजनीति में अनुशासन बनाए रखना आसान नहीं है. बिहार में जहां एनडीए का संगठन मजबूत दिखा, वहीं ओडिशा में क्रॉस वोटिंग ने बीजेडी और कांग्रेस को असहज स्थिति में ला दिया. हरियाणा में विवाद ने यह भी दिखाया कि हर वोट कितना अहम होता है. इन नतीजों के बाद आने वाले समय में राष्ट्रीय राजनीति के समीकरणों पर भी असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है.
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अमेरिकी जांच शुरू करने पर चीनी वाणिज्य मंत्रालय की प्रतिक्रिया
बीजिंग, 16 मार्च (आईएएनएस)। चीनी वाणिज्य मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि पूर्वी अमेरिका के समयानुसार 12 मार्च को अमेरिका ने चीन के ऋण सहित 60 अर्थव्यवस्थाओं के खिलाफ धारा 301 के तहत जांच शुरू की और इस आधार पर कि जबरन श्रम से बने उत्पादों के आयात पर प्रतिबंध नहीं लगाया गया है। यह अमेरिका द्वारा 11 मार्च को अतिरिक्त क्षमता के संबंध में शुरू की गई प्रारंभिक जांच के बाद धारा 301 के तहत की गई एक और जांच है।
अब चीन और अमेरिका फ्रांस के पेरिस में एक नए दौर की व्यापार संबंधी वार्ता आयोजित कर रहे हैं, और चीन ने अमेरिका के सामने अपनी बात रखी है।
हम अमेरिका से आग्रह करते हैं कि वह अपनी गलतियों को तुरंत सुधारे, चीन के साथ समझौता करे, आपसी सम्मान और समान परामर्श के सिद्धांतों का पालन करे और संवाद एवं परामर्श के माध्यम से समस्या का समाधान निकाले। हम अमेरिकी जांच की प्रगति पर बारीकी से नजर रखेंगे और अपने वैध अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का अधिकार सुरक्षित रखते हैं।
प्रवक्ता ने कहा कि अमेरिका ने पहले भी मनगढ़ंत तथ्य पेश करके जबरन श्रम के बहाने चीन पर कई व्यापार प्रतिबंध लगाए हैं, और चीन ने बार-बार इस पर अपना गंभीर रुख व्यक्त किया है। चीन लगातार जबरन श्रम का विरोध करता रहा है और अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन के संस्थापक सदस्यों में से एक है। चीन ने 28 अंतर्राष्ट्रीय श्रम समझौतों की पुष्टि की है और जबरन श्रम प्रथाओं को दृढ़ता से रोकने और उनसे निपटने के लिए श्रम कानूनों और विनियमों की एक व्यापक प्रणाली स्थापित की है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
--आईएएनएस
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