पेट्रोल पर 20 रुपये, डीजल पर ₹50 लीटर का नुकसान, तेल कंपनियों को हर दिन हो रहा ₹2000 करोड़ का घाटा
तेल कंपनियों को एक लीटर पेट्रोल पर 20 रुपये और डीजल पर 50 रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। जिसकी वजह से रोजाना 2000 करोड़ रुपये पेट्रोल और डीजल पर अधिक खर्च हो रहे हैं।
CIBIL Report: अगर आपके सिबिल स्कोर में गलत जानकारी आ रही तो क्या करें? कैसे ठीक करा सकते
CIBIL Report: लोन या क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन करते समय कई लोगों को एक आम समस्या का सामना करना पड़ता है, उनकी सिबिल रिपोर्ट में गलत जानकारी दिखाई देने लगती है। कई बार ऐसा होता है कि रिपोर्ट में कोई ऐसा लोन दिख जाता, जिसे आपने कभी लिया ही नहीं, या फिर कोई क्रेडिट कार्ड बकाया दिखता है जबकि आप उसका पूरा भुगतान कर चुके होते।
अक्सर लोग अपने क्रेडिट रिपोर्ट को तब तक नजरअंदाज करते रहते हैं जब तक उन्हें लोन या नया क्रेडिट कार्ड नहीं चाहिए होता। लेकिन जैसे ही आवेदन करने का समय आता है और रिपोर्ट खुलती है, तब ऐसी गड़बड़ियां सामने आती हैं। इससे घबराहट होना स्वाभाविक है, खासकर तब जब लोन की प्रक्रिया चल रही हो। अच्छी बात यह है कि क्रेडिट रिपोर्ट में होने वाली ज्यादातर गलतियों को ठीक कराया जा सकता है।
सबसे पहले एंट्री को ध्यान से समझें
किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले रिपोर्ट में दिखाई दे रही एंट्री को ध्यान से पढ़ें। कई बार मामला उतना गंभीर नहीं होता जितना पहली नजर में लगता है। उदाहरण के लिए हो सकता है आपने हाल ही में कोई लोन बंद किया हो लेकिन बैंक ने अभी तक उसका स्टेटस अपडेट नहीं किया हो। ऐसी स्थिति में वह लोन अभी भी एक्टिव दिखाई दे सकता है।
कभी-कभी रिपोर्ट में ऐसा खाता भी दिख जाता है जिसमें आप को-बरॉअर या गारंटर रहे हों। भले ही ईएमआई कोई और भर रहा हो, लेकिन ऐसे खाते भी आपकी क्रेडिट रिपोर्ट में दिखाई देते हैं।
अगर गलती पक्की हो तो शिकायत दर्ज करें
अगर जांच के बाद भी आपको लगता है कि रिपोर्ट में जानकारी गलत है, तो अगला कदम शिकायत दर्ज करना है। इसके लिए आप अपने ट्रांस यूनियन सिबिल अकाउंट में लॉग-इन करके सीधे उस एंट्री को चुन सकते हैं जो गलत लग रही है।
रिपोर्ट में उस एंट्री को 'डिस्प्यूट' के तौर पर सबमिट किया जा सकता है। इसके बाद सिबिल उस जानकारी को संबंधित बैंक या वित्तीय संस्था के पास सत्यापन के लिए भेजता है। फिर बैंक अपने रिकॉर्ड चेक करके तय करता है कि जानकारी सही है या उसे अपडेट करने की जरूरत है।
जरूरी दस्तावेज तैयार रखें
अगर आप किसी एंट्री को चुनौती दे रहे हैं तो उससे जुड़े दस्तावेज अपने पास रखना फायदेमंद होता है। उदाहरण के लिए अगर रिपोर्ट में कोई लोन बकाया दिख रहा है जबकि आपने उसे बंद कर दिया है, तो आपके पास लोन क्लोजर लेटर या नो-ड्यू सर्टिफिकेट होना चाहिए।
इसी तरह अगर किसी भुगतान को गलत तरीके से लेट दिखाया गया है तो बैंक स्टेटमेंट या पेमेंट रिसीट आपके दावे को मजबूत बना सकती है। हालांकि हर मामले में दस्तावेज जरूरी नहीं होते, लेकिन होने से प्रक्रिया तेज हो जाती है।
सुधार होने में थोड़ा समय लग सकता है
जब आप शिकायत दर्ज करते हैं तो उसके बाद बैंक और क्रेडिट ब्यूरो दोनों को रिकॉर्ड की जांच करनी होती है। अगर गलती साबित होती है तो जानकारी अपडेट की जाती है। यह पूरी प्रक्रिया कुछ हफ्तों तक चल सकती है। इस दौरान आप अपने CIBIL अकाउंट से शिकायत की स्थिति भी ट्रैक कर सकते हैं।
रिपोर्ट समय-समय पर चेक करना क्यों जरूरी?
विशेषज्ञों का मानना है कि क्रेडिट रिपोर्ट को सिर्फ लोन के समय ही नहीं बल्कि समय-समय पर चेक करना चाहिए। इससे अगर कोई गलती हो तो उसे जल्दी पकड़कर ठीक किया जा सकता है और लोन प्रक्रिया में देरी से बचा जा सकता है। आखिरकार आपकी क्रेडिट रिपोर्ट आपके पूरे उधार इतिहास का रिकॉर्ड होती है। इसलिए इसे सही और अपडेट रखना बेहद जरूरी है।
(प्रियंका कुमारी)
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others
Hindustan
Haribhoomi

















