भिंडी की फसल में येलो वेन मोजैक से सावधान, सही बीज उपचार और सफेद मक्खी नियंत्रण से बचाएं 90% तक नुकसान
Okra cultivation: फरवरी से मार्च तक किसान गर्मी की भिंडी की बुवाई की तैयारी तेज कर देते हैं, लेकिन इस फसल में लगने वाला येलो वेन मोजैक वायरस बड़ी चुनौती माना जाता है. यह रोग सफेद मक्खी के जरिए फैलता है और लापरवाही होने पर 80–90 प्रतिशत तक पैदावार घटा सकता है. जिला उद्यान अधिकारी डॉ. पुनीत कुमार पाठक के अनुसार बुवाई से पहले बीजों को 4-6 घंटे पानी में भिगोने से अंकुरण बेहतर होता है. साथ ही पूसा ए-4, अरका अनामिका और परभणी क्रांति जैसी रोग-प्रतिरोधी किस्मों का चयन करना जरूरी है. संक्रमण दिखने पर प्रभावित पौधों को तुरंत उखाड़कर नष्ट कर दें. सफेद मक्खी नियंत्रण के लिए इमिडाक्लोप्रिड जैसे कीटनाशक या 4 मिलीलीटर प्रति लीटर पानी में नीम तेल का छिड़काव हर 15 दिन में करने से फसल सुरक्षित रहती है और उत्पादन बेहतर मिलता है.
OMG! सीकर में भाई ने भरा 1 करोड़ का मायरा, 500-500 के नोटों की 102 गड्डियां और 21 लाख का सोना-चांदी देख सब हैरान
Sikar 1 crore Mayra: राजस्थान के सीकर जिले में मायरा परंपरा का भव्य नजारा देखने को मिला, जहां एक भाई ने बहन के घर करीब 1 करोड़ रुपए का मायरा भरा. मायरे में 500-500 रुपए के नोटों की 102 गड्डियां और करीब 21 लाख रुपए का सोना-चांदी शामिल था. इस भव्य मायरे को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. राजस्थान में मायरा भाई-बहन के स्नेह और परंपरा का प्रतीक माना जाता है, लेकिन इतने बड़े मायरे ने सभी को हैरान कर दिया.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News18















/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)




