Responsive Scrollable Menu

Iran Israel US War Updates : ईरान में कैसे है मौजूदा हालात...रिपोर्टर ने दिखाई जमीनी हकीकत

जंग की वजह से इजराइल में कर्फ्यू और इमरजेंसी जैसे हालात हैं और इसका बुरा असर पर्यटन पर भी है. वरिष्ठ संवाददाता मधुरेंद्र कुमार की ये ग्राउंड रिपोर्ट आप देखिए और समझिए. इजराइल में इस वक्त इमरजेंसी जैसे हालात हैं. ऐसे हालात जहां पर आप देखें तो लगेगा कि हर तरफ कर्फ्यू लगा हुआ है और हो भी क्यों ना हो क्योंकि वॉर का यह समूचा जो जोन है इसमें ना दफ्तर खुले हैं ना स्कूल और ना ही आम लोगों का जनजीवन. ऐसी स्थिति में आप देखिए तो किस तरह से इजराइल जो है वो दरअसल इस युद्ध से जूझता नजर आ रहा है.

पार्किंग पूरी खाली पड़ी दिखाई दे रही 

इन तस्वीरों को आप देखेंगे तो आपको समझ में आएगा कि किस तरह से इजराइल का हर हिस्सा जो है वो इस वक्त यानी खासतौर पर जो पब्लिक प्लेस है वो अपने आप में खाली पड़ा है और यहां जो समूचे रेस्तरां हैं खासतौर पर जो पर्यटकों के लिए हैं या फिर अलग-अलग शॉपिंग कॉम्प्लेक्स हैं, शॉपिंग मॉल्स हैं, शॉपिंग एरियाज हैं. ये सबकुछ इस तरह से खाली पड़े हुए हैं जहां पर आम लोगों का मूवमेंट भी नहीं देखा जाता, क्योंकि जहां पर भी बंकर नहीं है, जहां पर भी बम शेल्टर नहीं है वहां पर लोग आना मुनासिब नहीं समझते और कुछ चंद लोग जो आसपास के हैं. वहीं आपको यहां से गुजरते दिखाई देंगे अन्यथा आप देखिए किस तरह से यह इलाका यह पार्किंग पूरी खाली पड़ी आपको दिखाई दे रही  है. 

इजराइल किस तरह से जूझ रहा

हालातों के बीच जो है इस वक्त इजराइल किस तरह से जूझ रहा है. आप देखिए मेन्यू खाली पड़ा है. यहां पर चाहे बार हो या कॉफी का जो स्टॉल हो सब कुछ यहां बंद पड़ा हुआ है. और ये पूरा इलाका आप समझिए कि कई दर्जन रेस्टोरेंट और कई दर्जन पब और पार्टियों का जो सेंटर है वह समूचा इस तरह से इस वक्त वीरानगी में है. बिल्कुल ऐसा जैसे यहां पर कर्फ्यू और इमरजेंसी के हालात चरम पर हो. 

Continue reading on the app

अब देश में आसानी से मिलेगा MBBS में एडमिशन, मोदी सरकार ने दी 43 नए मेडिकल कॉलेज को मंजूरी

Medical Education: अगर आप मेडिकल की पढ़ाई करना चाहते हैं तो आपके लिए खुशखबरी है. क्योंकि, अब आपको एमबीबीएस की पढ़ाई के लिए शायद विदेश जाने की जरूरत ना पड़े. क्योंकि केंद्र की मोदी सरकार ने मेडिकल शिक्षा को और मजबूत बनाने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है. जिसके तहत देश में नई मेडिकल कॉलेज बनाने का रास्ता साफ हो गया है. इन मेडिकल कॉलेजों में 11000 से ज्यादा सीटें होगी. ऐसे में आप आपको आसानी से देश के ही किसी मेडिकल क़ॉलेज में एमबीबीएस में एडमिशन मिल सकता है और आपको इसके लिए विदेश नहीं जाना पड़ेगा.

देश में बनाए जाएंगे 43 नए मेडिकल कॉलेज, बढ़ेंगी MBBS की सीटें

बता दें कि मोदी सरकार ने साल 2025-26 के सत्र के लिए MBBS की 11,682 नई सीटों को मंजूरी दी है. इसके साथ ही केंद्र सरकार ने देश के अलग-अलग राज्यों में 43 नए मेडिकल कॉलेज की स्थापना को भी स्वीकृति दे दी है. मोदी सरकार के इस फैसले से मेडिकल पढ़ाई के अवसर बढ़ेंगे साथ ही आने वाले समय में देश को ज्यादा प्रशिक्षित डॉक्टर भी मिल सकेंगे.

स्वास्थ्य राज्यमंत्री ने राज्यसभा में पेश किए

बता दें कि राज्यसभा में एक लिखित जवाब में स्वास्थ्य राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने मेडिकल शिक्षा से जुड़े ताजा आंकड़े बताए. उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार लगातार मेडिकल शिक्षा का दायरा बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है. जिससे देश में डॉक्टरों की संख्या बढ़ सके. बता दें कि मंत्रालय की ओर से जारी किए गए आंकड़े राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) द्वारा तैयार किए गए हैं. इन आंकड़ों में देशभर के सरकारी मेडिकल कॉलेज, निजी मेडिकल कॉलेज, एम्स और राष्ट्रीय महत्व के संस्थानों में उपलब्ध सीटें भी शामिल हैं.

देश में बढ़ेंगी MBBS और PG की सीटें

इसके साथ ही सरकार ने नए सत्र के लिए मेडिकल पढ़ाई की सीटों में बड़ी बढ़ोतरी करने जा रही है. 2025–26 के लिए एमबीबीएस की 11,682 सीटों को मंजूरी दी गई है. इसके साथ ही मोदी सरकार ने पोस्टग्रेजुएट (PG) की 8,967 मेडिकल सीटों को मंजूरी दी गई है. ये सीटें देश के अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों, एम्स संस्थानों और अन्य राष्ट्रीय महत्व के संस्थानों में होंगी. मोदी सरकार का कहना है कि इससे मेडिकल शिक्षा में एडमिशन के अधिक अवसर पैदा होंगे. साथ ही छात्रों को अपने ही देश में बेहतर पढ़ाई का मौका भी मिलेगा.

देशभर में शुरू होंगे 43 नए मेडिकल कॉलेज

11 हजार से ज्यादा मेडिकल सीटों के साथ केंद्र सरकार देश के अलग-अलग इलाकों में 43 नए मेडिकल कॉलेज शुरू करने जा रही है. जिसे मंजूरी दे दी गई है. इन मेडिकल कॉलेजों के शुरू होने से जहां मेडिकल पढ़ाई के अवसर बढ़ेंगे, वहीं कई राज्यों में स्वास्थ्य सेवाएं भी मजबूत होंगी. बता दें कि अक्सर ऐसी खबरों सामने आती हैं कि छोटे शहरों और दूरदराज के इलाकों में डॉक्टरों की कमी के चलते लोगों को समय पर उचित इलाज नहीं मिल पाता. जिससे चलते लोगों को परेशानी होती है और हादसों की हालत में कई लोगों की जान तक चली जाती है.

Continue reading on the app

  Sports

विराट-अभिषेक की टक्कर से शुरु होगा IPL 2026, बैंगलुरु में खेला जाएगा सीजन का पहला मैच, चुनौती के लिए तैयार चैंपियन

28 मार्च 2026 को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) अपने घरेलू मैदान एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के खिलाफ आईपीएल 2026 के ओपनिंग मैच के साथ अपने अभियान की शुरुआत करेगी.  पिछले साल (2025) अपना पहला खिताब जीतने के बाद, बेंगलुरु इस बार बतौर डिफेंडिंग चैंपियन मैदान पर उतरेगी.  Wed, 11 Mar 2026 19:43:33 +0530

  Videos
See all

News Ki Pathshala। Sushant Sinha: Trump के सीनेटर की धमकी पर UAE के अरबपति का पलटवार #iran #trump #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-11T14:05:00+00:00

Why is the UK sending a warship to Cyprus? #HMSDragon #UK #Cyprus #BBCNews #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-11T14:09:29+00:00

India High Alert due to Israel Iran War Updates Live: Petrol की कीमतें बढ़नेवाली है ? | PM Modi #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-11T14:04:27+00:00

Lok Sabha में Asaduddin Owaisi की Speech क्यों हुई Viral?| Parliament Session| Congress | BJP | #tmktech #vivo #v29pro
2026-03-11T14:08:06+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers