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रिलेशनशिप एडवाइज- हसबैंड मेरे हर इमोशन को ‘ट्रॉमा’ कहते हैं:गले लगाने, प्यार जताने की बजाय लेक्चर देने लगते हैं, मैं क्या करूं?

सवाल: मैं दिल्ली में रहती हूं। मेरी शादी को 3 साल हो गए हैं। मेरे हसबैंड बहुत समझदार हैं, लेकिन हर बात को मेंटल हेल्थ के फ्रेम में देखने लगते हैं। अगर मैं गुस्सा करती हूं तो कहते हैं, "ये कोई पुराना ट्रॉमा है।" मैं उदास होती हूं तो कहते हैं, "तुम्हें हीलिंग की जरूरत है।" वह मेरे बहुत नॉर्मल इमोशंस को भी मेंटल हेल्थ से लेबल कर देते हैं। पहले मैं उनकी बातों को इग्नोर कर देती थी। लेकिन अब मुझे बहुत फ्रस्ट्रेशन होता है। मुझे क्या करना चाहिए? एक्सपर्ट: डॉ. जया सुकुल, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट, नोएडा जवाब: सबसे पहले तो शुक्रिया कि आपने अपनी फीलिंग्स को इतने साफ शब्दों में लिखा है। दूसरी बात ये कि ज्यादातर औरतें ऐसी परेशानियों में चुप बनी रहती हैं। सोचती हैं कि शायद मैं ही ओवररिएक्ट कर रही हूं। लेकिन आपने ये सवाल पूछा यानी आप अपनी भावनाओं को लेकर सजग हैं और खुद के बारे में भी सोच रही हैं। ये तारीफ की बात है। आपकी शादी को 3 साल हुए हैं। ये वो वक्त है, जब रिश्ता या तो मजबूती की ओर बढ़ रहा होता है या छोटी-छोटी दरारें दिखने लगती हैं। आपके सवाल से आपके हसबैंड समझदार लगते हैं, लेकिन हर इमोशन को ट्रॉमा कहने की उनकी आदत आपको फ्रस्ट्रेट कर रही है। चलिए, समझते हैं कि ये क्यों हो रहा है और आप क्या कर सकती हैं। ट्रॉमा क्या है? आमतौर पर लोग ट्रॉमा शब्द सुनते ही सोचते हैं कि ट्रॉमा का मतलब है, कोई बड़ा हादसा, जैसे एक्सिडेंट, हिंसा या मारपीट से हुई तकलीफ। जैसे हॉस्पिटल में ट्रॉमा सेंटर होता है, जहां गंभीर चोट वाले पेशेंट्स आते हैं। लेकिन साइकोलॉजी में ट्रॉमा की परिभाषा इससे कहीं ज्यादा विस्तृत है। ट्रॉमा सिर्फ ‘बुरा अनुभव’ भर नहीं है। जरूरी और बुनियादी चीजों की अनुपस्थिति भी ट्रॉमा ही है। इसे ऐसे समझिए कि मान लीजिए एक पेड़ है। उसे स्वस्थ रहने के लिए धूप, पानी, हवा और अच्छी मिट्टी चाहिए। भले ही उसे कोई काटे नहीं, तोड़े नहीं, लेकिन ये सारी जरूरी चीजें न मिलें, तो वो कमजोर हो जाएगा। ये पेड़ का ट्रॉमा है। इसी तरह बच्चे को प्यार, सुरक्षा, दया, प्रोटेक्शन और बिना शर्त का सपोर्ट चाहिए। अगर ये सबकुछ न मिले, तो भी ये ट्रॉमा है। भले ही उसके साथ कोई मारपीट न हुई हो। इस तरह देखें तो हर इंसान के जीवन में कोई-न-कोई ट्रॉमा होता है, क्योंकि हममें से कोई भी परफेक्ट वातावरण में नहीं पला–बढ़ा होता है। आपके हसबैंड इस बारे में अवेयर हैं आपके हसबैंड इस बारे में जागरूक हैं। इसका मतलब है कि वो शायद किताबें पढ़कर ट्रॉमा के बारे में सीख रहे हैं। ये भी हो सकता है कि उन्होंने कभी इसके लिए थेरेपी ली हो, जिससे उन्हें मदद मिली हो। ये अच्छी बात है, लेकिन समस्या ये है कि वो इसे हर छोटी बात पर अप्लाई कर देते हैं। आप कह रही हैं कि वह आपके सामान्य गुस्से या उदासी को भी ट्रॉमा कहकर लेबल कर देते हैं। इससे आपको लगता है कि वो आपकी फीलिंग्स को इग्नोर कर रहे हैं। क्या आपके हसबैंड 'जज' कर रहे हैं? अगर आपके हसबैंड बात-बात पर आपकी भावनाओं को 'ट्रॉमा' कहने लगे, तो थोड़ी सावधानी जरूरी है। मनोविज्ञान का ज्ञान अच्छी बात है, लेकिन अगर वो इसे सिर्फ आप पर थोप रहे हैं और खुद को 'ज्ञानी' मान रहे हैं, तो यह रिश्ते के लिए सही नहीं है। ये संवाद कब हेल्दी है और कब रेड फ्लैग, इसे ग्राफिक से समझिए- अगर ये रेड फ्लैग्स आपकी लाइफ से मैच करते हैं, तो ये रिश्ते को प्रभावित कर सकते हैं। हालांकि, अच्छी बात ये है कि यह सबकुछ ठीक किया जा सकता है। आपके हसबैंड समझदार हैं, तो वो सुन सकते हैं। उनके बैकग्राउंड को समझें किसी के खास बिहेवियर की वजह समझने के लिए उसके बैकग्राउंड को समझना जरूरी है। ऐसा हो सकता है आपके हसबैंड ने खुद कोई ट्रॉमा फेस किया हो या किताबें पढ़कर खुद को हील किया हो। वो सोचते होंगे कि ये ज्ञान शेयर करके वो आपकी मदद कर रहे हैं। हर किसी की हीलिंग जर्नी अलग है यहां आपके हसबैंड को ये समझना चाहिए कि हर किसी की हीलिंग की जर्नी पर्सनल होती है। अगर कोई भी दूसरा शख्स किसी को बताए कि तुम्हें कोई ‘ट्रॉमा’ है तो वो पावर गेम जैसा लग सकता है। किसी को तकलीफ हो सकती है। बेहतर है कि खुद अपने ट्रॉमा को पहचानें और स्वीकारें, फिर खुद ही हीलिंग के लिए आगे बढ़ें। अपने हसबैंड से बात करें सबसे जरूरी है खुलकर बात करना, लेकिन गुस्से में नहीं, बल्कि शांति से। हसबैंड पर आरोप लगाने की बजाय उन्हें अपनी भावनाएं समझाएं। आप कुछ इस तरह कह सकती हैं- “मैं जानती हूं कि आपने साइकोलॉजी से बहुत कुछ सीखा है और आप मेरी मदद करना चाहते हो। लेकिन जब आप मेरी हर बात को 'ट्रॉमा' का नाम दे देते हो, तो मुझे लगता है कि मेरी भावनाओं की कोई कद्र नहीं है। मुझे चाहिए कि आप सिर्फ मुझे समझने की कोशिश करो।" अपनी समझ भी बढ़ाएं इस बारे में कुछ चीजें पढ़ें, खुद थोड़ा एक्टिव रहें। आप चाहें तो खुद मनोविज्ञान की कुछ अच्छी किताबें पढ़ सकती हैं, जैसे 'बॉडी कीप्स द स्कोर' या 'द साइकोलॉजी ऑफ ट्रॉमा।' इससे आपको समझ में आएगा कि उनके दिमाग में क्या चल रहा है। शायद आपकी नाराजगी कम हो जाए क्योंकि अब आप उनकी भाषा समझ पाएंगी। उनसे उसी भाषा में बात कर पाएंगी। याद रखें कि यह सब अपनी मर्जी और अपनी रफ्तार से करें। किसी के दबाव में आकर नहीं। जब बातचीत से हल न निकले तो क्या करें? अगर बार-बार समझाने के बाद भी उनका बर्ताव नहीं बदलता, तो बहुत परेशान न हों, एक्सपर्ट की मदद लें। एक्सपर्ट की हेल्प लें- आप दोनों 'कपल थेरेपी' ले सकते हैं। एक प्रोफेशनल थेरेपिस्ट आप दोनों को सही तालमेल बिठाना सिखा सकता है। एहसास जरूरी है, नाम नहीं- प्यार में एक-दूसरे की भावनाओं को समझना जरूरी है, उन पर कोई 'ठप्पा' या लेबल लगाना नहीं। कभी-कभी जब आप उदास हों, तो उनका बस गले लगा लेना और यह कहना कि 'मैं हूं ना' किसी भी भारी-भरकम मनोवैज्ञानिक शब्द से कहीं ज्यादा मरहम का काम करता है। अपनी मानसिक शांति को प्राथमिकता दें ऐसे माहौल में परेशान होना स्वाभाविक है। आप अपनी सेहत का ख्याल रखें- रुटीन बदलें- रोज वॉक पर जाएं, अच्छी नींद लें और दोस्तों से मिलें। स्पेस लें- अगर बहुत ज्यादा चिढ़ महसूस हो रही हो, तो एक रात अलग कमरे में सोकर खुद को शांत करें। धैर्य रखें- रिश्ता तोड़ने की जल्दबाजी न करें। आपके पति बुरे इंसान नहीं हैं, बस उन्हें रिश्ते में बैलेंस सीखने की जरूरत है। आप दिल्ली जैसे शहर में अपनी जिंदगी बखूबी संभाल रही हैं, आप मजबूत हैं। यह बुरा वक्त भी गुजर जाएगा। आखिर में ये समझें प्यार में पार्टनर के बिहेवियर में सुधार से ज्यादा उसका साथ होना जरूरी है। आखिर में बस इतना याद रखें कि प्यार का मतलब एक-दूसरे की 'कमियां ठीक करना' नहीं, बल्कि एक-दूसरे के साथ 'आगे बढ़ना' है। आपकी भावनाएं गलत नहीं हैं। हिम्मत जुटाएं और खुलकर बात करें। आप अकेली नहीं हैं। बहुत सी महिलाएं इस दौर से गुजरती हैं और अपनी सूझबूझ रिश्ते को और मजबूत बना लेती हैं। ……………… ये खबर भी पढ़िए रिलेशनशिप एडवाइज- पार्टनर चैट्स का स्क्रीनशॉट रखता है: झगड़े में पुरानी बातें ले आता है, फिर सबूत दिखाता है, क्या ये रेड फ्लैग है? आपका सवाल पार्टनर की सिर्फ एक आदत को लेकर नहीं है। यह सवाल इमोशनल सेफ्टी और उस भरोसे को लेकर है, जो किसी भी रिलेशनशिप की बुनियाद है। इसलिए सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि आप जो महसूस कर रही हैं, वह न तो छोटी बात है और न ही आप ओवर-सेंसिटिव हैं। आगे पढ़िए…

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News Ki Pathshala | Sushant Sinha: ईरान 10 साल तक लड़ने की तैयारी में? तबाही मोड ऑन? World War 3

News Ki Pathshala | Sushant Sinha: ईरान 10 साल तक लड़ने की तैयारी में? तबाही मोड ऑन? World War 3 #israeliranwar #iranvsisrael #israelnews #israelwar #irannews #middleeastconflict #middleeastcrisis #warnews #donaldtrump #netanyahu #saudiarabia #uae #bahrain #middleeast #worldnews #timesnownavbharat You can Search us on YouTube by- NBT, NBT TV Live, Navbharat Times, Times Now, TNN, TNNB, Navbharat TV, Hindi News, Latest news and @timesnownavbharat About Channel: Times Now Navbharat देश का No.1 Hindi news है। यह चैनल भारत और दुनिया से जुड़ी हर Latest News और Breaking News , राजनीति, मनोरंजन और खेल से जुड़े समाचार आपके लिए लेकर आता है। इसलिए सब्सक्राइब करें और बने रहें टाइम्स नाउ नवभारत के साथ Times Now Navbharat is India's fastest growing Hindi News Channel with 24 hour coverage. Get Breaking news, Latest news, Politics news, Entertainment news and Sports news from India & World on Times Now Navbharat. ------------------------------------------------------------------------------------------------------------- Watch Live TV : https://www.timesnowhindi.com/live-tv Subscribe to our other network channels: Times Now: https://www.youtube.com/TimesNow Zoom: https://www.youtube.com/zoomtv ------------------------------------------------------------------------------------------------------------- You can also visit our website at: https://www.timesnowhindi.com Like us on Facebook: https://www.facebook.com/Timesnownavbharat Follow us on Twitter: https://twitter.com/TNNavbharat Follow us on Instagram: https://www.instagram.com/timesnownavbharat Join us for the latest updates on Times Now Navbharat Live TV. Stay informed and engaged with our in-depth reporting, exclusive interviews, and real-time updates. Don't miss out on the most crucial news stories from India and around the world. Subscribe to our channel and hit the notification bell to stay updated with all the breaking news, Hindi News, live hindi news, election news live, rajasthan news, mp news, up news, bihar news, pm modi news, hindi news live, live news in hindi, hindi latest news, livetv, live tv , times live, hindi news, Israel war live , News, Sports News, Entertainment News and live updates

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