साइबर लिटरेसी- तेजी से बढ़ रहा इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम:इंस्टा मैसेज से सावधान, बरतें 8 सावधानियां, जानें अकाउंट कैसे रखें सेफ
आज के समय में इंस्टाग्राम सिर्फ फोटो-वीडियो शेयर करने का प्लेटफॉर्म नहीं है। यह पहचान और कमाई का जरिया भी बन चुका है। यही वजह है कि साइबर अपराधियों की नजर इंस्टाग्राम के आम यूजर्स से लेकर क्रिएटर्स और बिजनेस अकाउंट्स, सभी पर है। बीते कुछ महीनों में इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम के मामले तेजी से बढ़े हैं। इस स्कैम में साइबर ठग फेक ईमेल या नकली मैसेज भेजकर यूजर्स का अकाउंट हैक करने की कोशिश करते हैं। इन फेक मेल/मैसेज में अक्सर लिखा होता है कि आपका सोशल मीडिया अकाउंट बंद होने वाला है या आपने कोई नियम तोड़ा है। डर के कारण लोग बिना सोचे-समझे भेजे गए लिंक पर क्लिक कर देते हैं। यहीं से स्कैम शुरू होता है। इसलिए यह जानना जरूरी है कि अपने इंस्टाग्राम अकाउंट को कैसे सुरक्षित रखें। इसलिए आज साइबर लिटरेसी कॉलम में बात इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम की। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: राहुल मिश्रा, साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर, उत्तर प्रदेश पुलिस सवाल- इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम क्या है? जवाब- यह एक ऑनलाइन धोखाधड़ी है, जिसमें ठग इंस्टाग्राम के नाम से फर्जी ईमेल, मैसेज या लिंक भेजकर यूजर की लॉगिन डिटेल्स चुराते हैं। इसके बाद अकाउंट हैक कर लेते हैं। सवाल- स्कैमर इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम को कैसे अंजाम देते हैं? जवाब- साइबर अपराधी इस स्कैम में यूजर्स को ऐसे ईमेल या मैसेज भेजते हैं, जो देखने में बिल्कुल ऑफिशियल लगते हैं। इस मैसेज में अक्सर डराने वाली भाषा का इस्तेमाल किया जाता है, जैसेकि– “आपका अकाउंट कम्युनिटी गाइडलाइंस का उल्लंघन कर रहा है।” “अगले 24 घंटों में आपका इंस्टाग्राम अकाउंट बंद कर दिया जाएगा।” “आपका अकाउंट बंद होने वाला है।” “अकाउंट ब्लॉक से बचने के लिए इस लिंक पर जाएं।” इस फेक मैसेज के साथ एक लिंक भी होता है, जो – इसे नीचे दिए ग्राफिक से समझिए- सवाल- लोग इतनी आसानी से इस स्कैम के झांसे में कैसे फंस जाते हैं? जवाब- इसके कई कारण हैं। जैसेकि- सवाल- हैकर्स इंस्टाग्राम अकाउंट को हैक करके क्या-क्या नुकसान पहुंचा सकते हैं? जवाब- हैकर्स पासवर्ड बदलकर अकाउंट पर पूरा कंट्रोल ले सकते हैं और इस तरह के नुकसान पहुंचा सकते हैं– सवाल- क्या इंस्टाग्राम कभी भी ऐसा मैसेज भेजता है कि “24 घंटे के अंदर आपका अकाउंट बंद कर दिया जाएगा?” जवाब- हां, अगर आपका अकाउंट कम्युनिटी गाइडलाइंस का उल्लंघन करने की वजह से सस्पेंड किया जाता है तो इंस्टाग्राम इन-एप नोटिफिकेशन या आधिकारिक ईमेल के जरिए इसकी जानकारी देता है। हालांकि, डायरेक्ट मैसेज (DMs) के जरिए ‘24-48 घंटों के अंदर अकाउंट बंद करने की धमकी’ देने वाले ईमेल आमतौर पर फिशिंग स्कैम होते हैं। सवाल- फिशिंग ईमेल आईडी की पहचान कैसे करें? जवाब- इंस्टाग्राम के नाम से आए फेक ईमेल की पहचान करने के लिए सबसे पहले भेजने वाले की ईमेल आईडी ध्यान से जांचें। इंस्टाग्राम/Meta से जुड़े वैध ईमेल डोमेन की लिस्ट नीचे देखिए। notification@facebookmail.com noreply@facebookmail.com @business.fb.com @support.facebook.com @fb.com @meta.com @account.meta.com @internal.metamail.com @go.metamail.com advertise-noreply@facebookmail.com update@em.facebookmail.com @mediapartnerships.fb.com @global.metamail.com अगर मेल इन आधिकारिक डोमेन से नहीं आया है, तो वह फेक हो सकता है। अक्सर फर्जी ईमेल डोमेन में स्पेलिंग में थोड़ा बहुत हेरफेर होता है। इसलिए डोमेन की स्पेलिंग बहुत ध्यान से पढ़ें। ऐसे किसी भी मेल या मैसेज पर भरोसा न करें, जिसमें- सवाल- क्या इंस्टाग्राम कभी भी मैसेज भेजकर सिक्योरिटी पासवर्ड मांगता है? जवाब- नहीं, इंस्टाग्राम कभी भी मैसेज, ईमेल या कॉल के जरिए आपकी लॉगिन डिटेल्स, ओटीपी या कोई भी सिक्योरिटी डिटेल नहीं मांगता है। सवाल- इंस्टाग्राम फिशिंग स्कैम से बचने के लिए कौन सी सावधानियां बरतनी चाहिए? जवाब- थोड़ी-सी सतर्कता आपके इंस्टाग्राम अकाउंट को सुरक्षित रख सकती है। इसलिए कुछ बुनियादी बातों का खास ख्याल रखें। इसे नीचे दिए गए ग्राफिक से समझिए- सवाल- अगर गलती से फिशिंग लिंक पर क्लिक हो जाए तो क्या करें? जवाब- ऐसे में तुरंत अपना इंस्टाग्राम पासवर्ड बदलें। सभी डिवाइसेज से लॉगआउट करें और टू-स्टेप वेरिफिकेशन ऑन करें। साथ ही ईमेल सिक्योर करें और संदिग्ध एक्टिविटी को इंस्टाग्राम में रिपोर्ट करें। सवाल- इंस्टाग्राम से आए आधिकारिक ईमेल की पुष्टि कैसे करें? जवाब- इंस्टाग्राम से आए आधिकारिक ईमेल की पुष्टि के लिए सीधे इंस्टाग्राम एप खोलें। सेटिंग्स के सिक्योरिटी वाले ऑप्शन पर क्लिक करके ‘Emails from Instagram’ में जाएं। यहां आपको इंस्टाग्राम द्वारा भेजे गए सभी असली ईमेल की लिस्ट मिल जाती है, जिससे पता चल जाता है कि मेल रियल है या फेक। ……………… साइबर लिटरेसी से जड़ी ये खबर भी पढ़िए साइबर लिटरेसी- मैट्रिमोनियल प्लेटफार्म से हो रहा स्कैम: सरकार की एडवाइजरी, फेक प्रोफाइल के 14 संकेत, बचाव के लिए जरूरी 9 सावधानियां अगर आप मैट्रिमोनियल और डेटिंग प्लेटफॉर्म पर जीवनसाथी ढूंढ रहे हैं तो सावधान हो जाइए। हाल ही में इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) ने अपने ‘एक्स’ हैंडल से मैट्रिमोनियल और डेटिंग प्लेटफॉर्म पर बढ़ते साइबर स्कैम को लेकर एडवाइजरी जारी की है। पूरी खबर पढ़िए…
जरूरत की खबर- होली पर मिलावटी मावे से सावधान:हो सकते हैं ये हेल्थ रिस्क, इन 4 तरीकों से घर पर करें शुद्धता की जांच
होली का त्योहार नजदीक है। इसके चलते बाजारों में मिठाइयों की डिमांड बढ़ गई है। इसी मौके का फायदा उठाकर कुछ मिलावटखोर बाजार में मिलावटी खोया (मावा) सप्लाई कर रहे हैं। हाल ही में उत्तर प्रदेश के खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए 12,800 किलो खोया की बिक्री पर रोक लगा दी। शुरुआती जांच में इसमें मिलावट के संकेत मिले हैं, जिसके बाद नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। प्रशासन ने एक और कार्रवाई के दौरान 760 क्विंटल से ज्यादा खोया नष्ट कराया। ये कोई एक मामला नहीं है। देश के कई हिस्सों से मिलावटी खोया मिलने और उसकी बिक्री पर कार्रवाई की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। मिलावटी खोया सेहत के लिए बेहद नुकसानदायक है। इसे खाने से अपच, पेट दर्द, एसिडिटी, और फूड पॉइजनिंग जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में मिलावटी और शुद्ध खोया का फर्क समझना और उसे पहचानना बेहद जरूरी है। फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने इसके लिए कुछ आसान तरीके बताए हैं। इसलिए आज जरूरत की खबर में हम मिलावटी खोया की पहचान के बारे में बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: डॉ. रोहित शर्मा, कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, दिल्ली श्याम प्रवेश शाही, शेफ, नई दिल्ली सवाल- मिलावटी खोया में आमतौर पर किन चीजों की मिलावट की जाती है? जवाब- मिलावटी खोया तैयार करने के लिए अक्सर इसमें स्टार्च, मैदा, सिंथेटिक दूध, रिफाइंड तेल या वनस्पति घी जैसी चीजें मिलाई जाती हैं। मिलावटखोर मुनाफा बढ़ाने के लिए साबुन में इस्तेमाल होने वाले केमिकल, यूरिया या डिटर्जेंट जैसे हानिकारक पदार्थ भी मिलाते हैं। मिलावटी खोया दिखने में असली जैसा लग सकता है। लेकिन इसका सेवन सेहत के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। सवाल- मिलावटी खोया खाने के क्या हेल्थ रिस्क हैं? जवाब- मिलावटी खोया खाने से कई तरह की हेल्थ प्रॉब्लम्स का रिस्क बढ़ जाता है। जैसेकि- नीचे दिए ग्राफिक से मिलावटी खोया खाने के हेल्थ रिस्क समझिए- सवाल- मिलावटी खोया खाने से हार्ट हेल्थ पर क्या प्रभाव पड़ता है? जवाब- मिलावटी खोया में मौजूद पाम ऑयल (ट्रांस फैट), यूरिया, स्टार्च, डिटर्जेंट और हानिकारक केमिकल्स शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल बढ़ाते हैं। इससे ब्लड प्रेशर और हार्ट पर दबाव बढ़ सकता है। लंबे समय में इससे आर्टरीज (धमनियों) में ब्लॉकेज और हार्ट डिजीज का रिस्क बढ़ता है। सवाल- मिलावटी खोया खाने से पाचन तंत्र पर क्या प्रभाव पड़ता है? जवाब- मिलावटी खोया में मौजूद सिंथेटिक केमिकल और ट्रांस फैट गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल म्यूकोसा (आंतों की अंदरूनी लेयर) को इरिटेट कर सकते हैं। इससे गैस्ट्राइटिस, उल्टी, दस्त और पेट में ऐंठन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। कुछ केमिकल आंतों के अच्छे बैक्टीरिया का संतुलन भी बिगाड़ देते हैं, जिससे पाचन कमजोर पड़ सकता है। लंबे समय में पोषक तत्वों के अवशोषण पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। सवाल- घर पर असली और नकली खोया की पहचान कैसे करें? जवाब- फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने इसके लिए कुछ आसान तरीके बताए हैं। इसे नीचे दिए ग्राफिक से समझिए- सवाल- घर पर शुद्ध खोया बनाने का सही तरीका क्या है? जवाब- घर पर शुद्ध खोया बनाना बहुत आसान है। बस इसके लिए थोड़े धैर्य की जरूरत होती है। नीचे दिए ग्राफिक से इसे बनाने का सही तरीका समझिए- पूरी विधि विस्तार से सवाल- अगर कोई मिलावटी खोया बेचता है तो इसकी शिकायत कैसे करें? जवाब- अगर किसी दुकान पर मिलावट का शक हो तो पहले दुकानदार से बात करें। संतोषजनक जवाब न मिले तो FSSAI के टोल-फ्री नंबर 1800112100 पर शिकायत कर सकते हैं। आधिकारिक वेबसाइट पर भी इसकी शिकायत दर्ज कर सकते हैं। इसके अलावा स्थानीय पुलिस और जिले के खाद्य सुरक्षा विभाग को भी सूचना दे सकते हैं। मिलावटी खोया का सैंपल और खरीद रसीद अपने पास जरूर रखें। जरूरत पड़ने पर ये काम आएगा। सवाल- मिलावटी फूड बेचने वाले पर क्या कार्रवाई हो सकती है? जवाब- मिलावटी फूड बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई हो सकती है। भारत में यह अपराध फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड एक्ट, 2006 के तहत दंडनीय है। अगर कोई व्यक्ति मिलावटी या असुरक्षित फूड बेचता पकड़ा जाता है, तो उस पर- सवाल- बाजार से खोया खरीदते समय क्या सावधानियां बरतनी चाहिए? जवाब- इसे नीचे दिए पॉइंटर्स से समझिए- सवाल- खोया लगभग कितने दिनों तक यूज किया जा सकता है? जवाब- खोया जल्दी खराब होने वाला डेयरी प्रोडक्ट है। गर्मी के मौसम में सामान्य कमरे के तापमान पर यह कुछ घंटों में ही खराब हो सकता है। फ्रिज में एयरटाइट डिब्बे में रखने पर इसे लगभग 2–3 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है। अगर स्वाद खट्टा हो, अजीब स्मेल आए, रंग बदल जाए या फंगस दिखे तो इसका इस्तेमाल बिल्कुल न करें। …………………….. जरूरत की ये खबर भी पढ़िए जरूरत की खबर- इस होली घर पर बनाएं रंग-गुलाल: जानें इंग्रीडिएंट्स और बनाने की विधि, होली खेलने से पहले करें पैच टेस्ट ‘इंडियन जर्नल ऑफ क्लिनिकल बायोकेमिस्ट्री’ में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, बाजार में मिलने वाले सिंथेटिक रंगों में हानिकारक केमिकल्स मिलाए जाते हैं। इनसे स्किन रैशेज, आंखों में जलन, एलर्जी और सांस संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। बच्चों पर इसका असर ज्यादा गंभीर हो सकता है। पूरी खबर पढ़िए…
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