PM बोले-डीपफेक रोकने के लिए AI कंटेंट पर लेबल लगे:सेंसेक्स 1236 अंक टूटा, निफ्टी भी 365 अंक गिरा; सोना ₹2986 महंगा
कल की बड़ी खबर AI समिट से जुड़ी रही। दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' के चौथे दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने AI के सुरक्षित इस्तेमाल का नया फॉर्मूला दिया। पीएम ने कहा कि जैसे खाने के पैकेट पर 'न्यूट्रिशन लेबल' होता है, वैसे ही डिजिटल कंटेंट पर भी 'ऑथेंटिसिटी लेबल' होना चाहिए ताकि फर्क पता चल सके। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें... 1. PM बोले-डीपफेक रोकने के लिए AI कंटेंट पर लेबल लगे:AI समिट में अंबानी ने कहा- डेटा की तरह सस्ता होगा AI, ₹10 लाख करोड़ का निवेश करेंगे दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' के चौथे दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने AI के सुरक्षित इस्तेमाल का नया फॉर्मूला दिया। पीएम ने कहा कि जैसे खाने के पैकेट पर 'न्यूट्रिशन लेबल' होता है, वैसे ही डिजिटल कंटेंट पर भी 'ऑथेंटिसिटी लेबल' होना चाहिए ताकि फर्क पता चल सके। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. सेंसेक्स 1236 अंक टूटा, 82,498 पर बंद:निफ्टी भी 365 अंक गिरकर 25,454 पर आया; ऑटो और रियल्टी शेयर्स में बिकवाली शेयर बाजार में आज यानी 19 फरवरी को गिरावट है। सेंसेक्स 1236 अंक (1.48%) की गिरावट के साथ 82,498 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी में भी 365 अंक (1.41%) की गिरावट रही, ये 25,454 के स्तर पर बंद हुा। ऑटो, रियल्टी और बैंकिंग शेयर्स ज्यादा टूटे हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3.सोना ₹2986 महंगा हुआ, ₹1.55 लाख पर पहुंचा:इस साल 21 हजार रुपए चढ़ा; चांदी एक दिन में ₹7974 महंगी सोना-चांदी के दाम में 19 फरवरी को लगातार दूसरे दिन तेजी है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 2,986 रुपए बढ़कर होकर ₹1.55 लाख पहुंच गया है। वहीं, एक किलो चांदी 7,974 रुपए बढ़कर ₹2.45 लाख पर पहुंच गई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. अनिल अंबानी बोले- बिना अनुमति देश छोड़कर नहीं जाऊंगा:₹40 हजार करोड़ के बैंक फ्रॉड केस में SC में हलफनामा, जांच में सहयोग भी करेंगे अनिल अंबानी ने आज यानी 19 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट में एक हलफनामा दाखिल किया है। इसमें उन्होंने वचन दिया है कि वे अदालत की अनुमति के बिना भारत छोड़कर नहीं जाएंगे। यह हलफनामा उनके रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप (ADAG) की कंपनियों से जुड़ी 40,000 करोड़ रुपए की बैंक धोखाधड़ी की जांच के बीच आया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. AI समिट से पीछे हटे बिल गेट्स:एपस्टीन केस की फाइलों में नाम आने पर लिया फैसला; अब गेट्स फाउंडेशन के अंकुर वोरा स्पीच देंगे माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर बिल गेट्स नई दिल्ली में चल रही AI समिट में अपना मुख्य भाषण नहीं देंगे। गेट्स फाउंडेशन ने इसकी जानकारी दी। फाउंडेशन ने कहा कि यह फैसला काफी सोच-विचार के बाद लिया गया है ताकि समिट का पूरा ध्यान अपनी प्राथमिकताओं पर बना रहे। फाउंडेशन ने बताया कि समिट में बिल गेट्स की जगह अब अंकुर वोरा फाउंडेशन का पक्ष रखेंगे। अंकुर वोरा गेट्स फाउंडेशन के अफ्रीका और भारत कार्यालयों के प्रेसिडेंट हैं। वे आज समिट के एक सत्र में अपनी बात रखेंगे। अंकुर वोरा फाउंडेशन के कामों को लंबे समय से देख रहे हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… कल दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल के शेयर मार्केट और सोना-चांदी का हाल जानिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जानिए...
शशि थरूर बोले-बड़े इवेंट्स में गड़बडियां हो सकती हैं:दिल्ली में चल रहे AI समिट की तारीफ की; राहुल ने इसे PR तमाशा बताया था
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने दिल्ली में चल रहे AI समिट में गलगोटिया यूनिवर्सिटी विवाद पर कहा कि समिट में पहले कुछ दिन बहुत अच्छे रहे, कुछ गड़बड़ियां हुई हैं लेकिन बड़े इवेंट्स में ऐसी समस्याएं हो सकती हैं। उन्होंने इवेंट की तारीफ करते हुए कहा कि जो बात प्रभावशाली रही वह राष्ट्रपतियों, प्रधानमंत्रियों और दुनिया के नेताओं की मौजूदगी थी। वे सभी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस डेवलपमेंट में एक नई इंटीग्रेटेड दुनिया देखने की इच्छा के एक मजबूत संदेश के साथ आए थे। नारायण गुरु पर अपनी नई किताब के लॉन्च इवेंट के बाद एक रिपोर्टर के सवाल का जवाब देते हुए थरूर ने गुरुवार को ये बात कही। उनकी यह टिप्पणी लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के बयान के एक दिन बाद आई। राहुल ने AI समिट को बेतरतीब PR तमाशा बताया था और आरोप लगाया था कि वहां चीनी प्रोडक्ट्स दिखाए जा रहे थे। थरूर ने ये भी कहा… क्या है AI समिट से जुड़ा गलगोटिया यूनिवर्सिटी विवाद ? दिल्ली में जारी AI समिट के दौरान गलगोटिया यूनिवर्सिटी की स्टाफ ने चीनी रोबोट और कोरियन ड्रोन को अपना प्रोजेक्ट बताकर पेश किया था। इसका वीडियो वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया था। यूनिवर्सिटी कोरियन कंपनी के एक ड्रोन को भी अपना बताया था। विवाद बढ़ने के बाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी को इंडिया AI इम्पैक्ट समिट एक्सपो से बाहर निकाल दिया गया था। आयोजकों ने पहले यूनिवर्सिटी के पवेलियन की बिजली काटी, फिर ताला लगाकर बेरीकेडिंग कर दी। इस पूरे मामले पर कांग्रेस ने कहा कि सरकार ने देश की इमेज खराब की है। चीनी मीडिया ने हमारा मजाक उड़ाया है। यह भारत के लिए वाकई शर्मिंदगी की बात है। यूनिवर्सिटी ने माना था, हमने नहीं बनाया ये डॉग वीडियो वायरल होने के बाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने कहा- हमने लगातार कैंपस में बेहतरीन टेक्नोलॉजी लाने की कोशिश की है। क्यों? क्योंकि जब छात्र नई चीजें देखते हैं, तभी उनकी सोच विकसित होती है। और यही सोच नए रचनाकारों को जन्म देती है। हाल ही में यूनिट्री से लिया गया रोबोटिक डॉग इसी सफर का एक हिस्सा है। यह सिर्फ दिखाने के लिए रखी गई कोई मशीन नहीं है, यह एक चलता-फिरता क्लासरूम है। हमारे छात्र इस पर प्रयोग कर रहे हैं, इसकी क्षमताओं को परख रहे हैं और इस प्रक्रिया में अपना ज्ञान बढ़ा रहे हैं। हम यह साफ कर देना चाहते हैं कि गलगोटिया ने यह रोबोटिक डॉग नहीं बनाया है और न ही हमने कभी ऐसा दावा किया है। लेकिन हम ऐसे दिमाग तैयार कर रहे हैं जो जल्द ही भारत में ऐसी ही टेक्नोलॉजी को डिजाइन करेंगे, उनकी इंजीनियरिंग करेंगे और उन्हें यहीं बनाएंगे। इनोवेशन की कोई सीमा नहीं होती। सीखने की भी नहीं होनी चाहिए। हम दुनियाभर से बेहतरीन टेक्नोलॉजी लाना जारी रखेंगे ताकि हमारे छात्र उनका अध्ययन कर सकें, उन्हें चुनौती दे सकें और उनमें सुधार कर सकें और अंत में वर्ल्ड-क्लास समाधान तैयार कर सकें। कांग्रेस बोली- मोदी सरकार ने दुनिया में देश का मजाक बनवाया कांग्रेस ने इस मामले पर कहा कि मोदी सरकार ने AI के मामले में दुनिया भर में भारत का मजाक बनवाया है। AI समिट में चीन के रोबोट्स को हमारा बताकर दिखाया जा रहा है। चीनी मीडिया ने हमारा मजाक उड़ाया है। यह भारत के लिए वाकई शर्मिंदगी की बात है। इससे भी ज्यादा शर्मनाक बात यह है कि मोदी के मंत्री अश्विनी वैष्णव भी इसी झूठ में शामिल हैं और भारतीय समिट में चीन के रोबोट्स को प्रमोट कर रहे हैं। मोदी सरकार ने देश की छवि को ऐसा नुकसान पहुंचाया है जिसकी भरपाई नहीं हो सकती। वहीं नेता विपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि भारत के टैलेंट और डेटा का सही इस्तेमाल करने के बजाय, यह AI समिट एक ‘डिसऑर्गनाइज्ड पीआर स्पेक्टेकल’ बनकर रह गया है। यानी एक ऐसा इवेंट जिसे बड़ी इमेज बनाने (PR) के लिए बहुत बढ़ा-चढ़ाकर आयोजित किया गया हो, लेकिन खराब मैनेजमेंट की वजह से वह तमाशा बन जाए। PM मोदी ने AI इम्पैक्ट समिट का उद्घाटन किया था PM मोदी ने 16 फरवरी को दुनिया के सबसे बड़े टेक्नोलॉजी इवेंट में से एक 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' का उद्घाटन किया था। इसके बाद उन्होंने इवेंट में शामिल हुए स्टार्टअप्स के पवेलियंस में जाकर उनके इनोवेशंस की जानकारी ली थी। ये इवेंट 20 फरवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में चलेगा। समिट के साथ-साथ 'इंडिया AI इम्पैक्ट एक्सपो 2026' का भी आयोजन किया गया है। यहां दुनियाभर की कंपनियां अपने लेटेस्ट AI सॉल्यूशंस को दुनिया के सामने पेश किया है। यहां आम लोग देख सकते हैं कि एआई असल जिंदगी में कैसे काम करता है और भविष्य में AI से खेती, सेहत और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में क्या बदलाव लाने वाला है। ---------- ये खबर भी पढ़ें… सुंदर पिचाई ने PM मोदी से मुलाकात की:कहा- 2 करोड़ कर्मचारियों को AI ट्रेनिंग देंगे; पीएम बोले- गूगल के साथ साझेदारी पर चर्चा हुई गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने आज यानी 18 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इसकी तस्वीरें शेयर करते हुए पीएम ने कहा कि हमने भारत में AI के क्षेत्र में हो रहे काम और गूगल कैसे हमारे युवाओं के साथ काम कर सकता है, इस पर विस्तार से चर्चा की। यहां उन्होंने कहा की गूगल 'कर्मयोगी भारत' मिशन के तहत 2 करोड़ कर्मचारियों को AI ट्रेनिंग देगा। पूरी खबर पढ़ें…
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
















/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)






